प्रार्थना के दौरान अचानक गिरीं 6 छात्राएं, भूत-प्रेत की अफवाह से स्कूल में मची भगदड़, क्या आया सामने
Published by : Paritosh Shahi Updated At : 10 Feb 2026 3:53 PM
छह छात्राएं जमीन पर गिरकर बेहोश
Bihar News: भभुआ के कुडनू मिडिल स्कूल में प्रार्थना के दौरान 6 छात्राएं बेहोश हो गईं. इससे स्कूल में हड़कंप मच गया. ग्रामीणों ने भूत-प्रेत की अफवाह उड़ाकर इलाज करने से रोका प्रशासन ने समय पर पहुंचकर लोगों को समझाया और बच्चियों को अस्पताल पहुंचाया.
Bihar News: कैमूर जिले के चांद प्रखंड के कुडनू मध्य विद्यालय में मंगलवार की सुबह हर दिन की तरह प्रार्थना सभा चल रही थी. बच्चे कतारों में खड़े होकर प्रार्थना कर रहे थे कि अचानक एक के बाद एक छह छात्राएं जमीन पर गिरकर बेहोश होने लगीं. बच्चियों को इस तरह अचानक गिरते और छटपटाते देख स्कूल परिसर में हड़कंप मच गया. शिक्षकों ने तुरंत उन्हें संभालने की कोशिश की, लेकिन एक साथ इतनी छात्राओं के अचेत होने से स्कूल के बाकी बच्चे और स्टाफ बुरी तरह डर गए. देखते ही देखते यह खबर पूरे गांव में आग की तरह फैल गई.
भूत-प्रेत की अफवाह
ग्रामीण जब स्कूल पहुंचे तो वहां का नजारा बेहद डरावना था. बच्चियों को बेहोश देख महिलाओं ने चीखना-चिल्लाना और रोना शुरू कर दिया. इस दौरान विज्ञान और समझदारी पर अंधविश्वास भारी पड़ता दिखा. कुछ ग्रामीणों ने शोर मचाना शुरू कर दिया कि स्कूल में भूत-प्रेत का साया है. लोगों का दावा था कि पिछले दो-तीन दिनों से यहां बच्चे बीमार पड़ रहे हैं. अंधविश्वास इस कदर हावी था कि ग्रामीणों ने बच्चियों को अस्पताल ले जाने के बजाय ओझा-गुनी से झाड़-फूंक कराने की जिद पकड़ ली और लगभग एक घंटे तक उन्हें स्कूल में ही रोके रखा.
प्रशासन की सक्रियता से टली बड़ी अनहोनी
मामले की गंभीरता को देखते हुए चांद थाना प्रभारी और जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) राजन कुमार, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) विकास कुमार तुरंत मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने देखा कि ग्रामीण बच्चियों को चिकित्सा सुविधा देने के बजाय झाड़-फूंक के चक्कर में पड़कर उनकी जान जोखिम में डाल रहे हैं. प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए ग्रामीणों को समझाया और एम्बुलेंस बुलवाई. अधिकारियों ने ग्रामीणों को तर्क दिए कि उमस, कमजोरी या घबराहट की वजह से बच्चे अक्सर प्रार्थना में बेहोश हो जाते हैं. काफी मशक्कत और समझाने-बुझाने के बाद ग्रामीण बच्चियों को अस्पताल भेजने के लिए राजी हुए.
बिहार की ताजा खबरों के लिए क्लिक करें
अस्पताल में इलाज और डॉक्टरों की राय
सभी बेहोश छात्राओं को तुरंत चांद के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया. वहां डॉक्टरों की टीम ने तत्काल उनका उपचार शुरू किया. प्राथमिक उपचार के कुछ ही समय बाद सभी बच्चियों की हालत सामान्य हो गई. डॉक्टरों ने स्पष्ट किया कि यह कोई अलौकिक शक्ति नहीं बल्कि शारीरिक कमजोरी, खाली पेट स्कूल आना या गर्मी के कारण होने वाली सामान्य मेडिकल स्थिति है. जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने बताया कि सभी छात्राएं अब पूरी तरह सुरक्षित हैं और घबराने की कोई बात नहीं है. उन्होंने स्कूल प्रशासन को निर्देश दिए कि बच्चों को बहुत देर तक धूप या प्रार्थना में खड़ा न रखा जाए और उन्हें तुरंत पानी व बैठने की सुविधा दी जाए.
इसे भी पढ़ें : बिहार शिक्षक भर्ती TRE-4 में बड़ा बदलाव, अब एक उम्मीदवार, एक ही रिजल्ट, 44000 भर्तियों के लिए जल्द आएगा नोटिफिकेशन
पुश्तैनी जमीन बनी मुसीबत, बिहार के इस जिले में अटक सकता है लगभग 100000 किसानों का पैसा
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Paritosh Shahi
परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










