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Google Search पर संकट! Sundar Pichai बोले- अमेरिकी सरकार की दखलअंदाजी सर्च इंजन को कर देगी खत्म

Updated at : 03 May 2025 5:07 PM (IST)
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Google Search

Google Search News Update

Google Search का संकट. सुंदर पिचाई का बड़ा बयान- अमेरिका सरकार की ज्यादा दखलअंदाजी से गूगल सर्च खत्म हो सकता है. जानें पूरा मामला हिंदी में.

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क्या दुनिया का सबसे लोकप्रिय सर्च इंजन Google Search खतरे में है? Alphabet और Google के CEO सुंदर पिचाई का कहना है कि अमेरिका सरकार की जरूरत से ज्यादा दखलअंदाजी (government over-interference) आने वाले समय में Google सर्च को बर्बाद कर सकती है. पिचाई का ये बयान अमेरिकी कोर्ट में चल रहे एक ऐंटी-ट्रस्ट (Antitrust) केस के संदर्भ में आया है, जिसमें Google पर सर्च मार्केट में मोनोपॉली (एकाधिकार) का आरोप है.

मामला क्या है?

US Department of Justice का आरोप है कि Google ने अपने सर्च इंजन को एपल, मोजिला और एंड्रॉयड डिवाइसेज में डिफॉल्ट बनाने के लिए भारी पैसे दिए, जिससे यूजर्स के पास विकल्प ही नहीं बचा. पिचाई ने कोर्ट में कहा- अगर सरकार जबरदस्ती बदलाव कराएगी, तो यूज़र एक्सपीरियंस और प्रोडक्ट की क्वालिटी दोनों बुरी तरह प्रभावित होंगे. इससे Google Search का वजूद भी खतरे में पड़ सकता है.

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क्या वाकई Google Search खत्म हो सकता है?

Google आज भी सर्च इंजन मार्केट में लगभग 90% हिस्सेदारी रखता है. लेकिन यदि कोर्ट Google को स्ट्रिक्ट रेगुलेटरी बदलाव लागू करने पर मजबूर करता है, तो

Google के डिफॉल्ट सर्च इंजन बनने पर रोक लग सकती है

Apple, Samsung जैसे ब्रांड्स को विकल्प देना होगा

यूजर्स Bing, DuckDuckGo जैसे विकल्पों की ओर बढ़ सकते हैं.

सुंदर पिचाई की चेतावनी क्यों मायने रखती है?

पिचाई के मुताबिक, Regulation होना चाहिए, लेकिन Overregulation इनोवेशन को मार देता है. उनका मानना है कि Google का मॉडल यूजर-फर्स्ट है, लेकिन सरकार की दखल से न सिर्फ सर्च क्वालिटी गिरेगी, बल्कि यूजर्स का भरोसा भी टूट सकता है.

Google Search का भविष्य क्या होगा?

AI और जेनरेटिव सर्च (SGE) के साथ Google नई राह पर है, लेकिन अगर कोर्ट का फैसला Google के खिलाफ गया, तो यूज़र्स के लिए पूरी सर्च दुनिया बदल सकती है. Google Search सिर्फ एक वेबसाइट नहीं, बल्कि आज की डिजिटल दुनिया का दरवाजा है. अगर उस दरवाजे को बंद करने की कोशिश की गई, तो इसका असर हम सब पर पड़ेगा.

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Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव, 14 वर्षों से मल्टीमीडिया जर्नलिज्म में एक्टिव हैं. टेक्नोलॉजी में खास इंटरेस्ट है. इन्होंने एआई, एमएल, आईओटी, टेलीकॉम, गैजेट्स, सहित तकनीक की बदलती दुनिया को नजदीक से देखा, समझा और यूजर्स के लिए उसे आसान भाषा में पेश किया है. वर्तमान में ये टेक-मैटर्स पर रिपोर्ट, रिव्यू, एनालिसिस और एक्सप्लेनर लिखते हैं. ये किसी भी विषय की गहराई में जाकर उसकी परतें उधेड़ने का हुनर रखते हैं. इनकी कलम का संतुलन, कंटेंट को एसईओ फ्रेंडली बनाता और पाठकों के दिलों में उतारता है. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

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