किसनपुर : राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देश का किसनपुर प्रखंड में अनुपालन नहीं किया जा रहा है. प्रखंड निर्वाची पदाधिकारी के मनमानीपूर्ण रवैये के कारण जहां त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भाग्य आजमा रहे प्रत्याशियों में आक्रोश व्याप्त है. वहीं मतगणना में अनावश्यक रूप से विलंब कर सरकारी राशि का दुरूपयोग किया जा रहा है. इस वजह से मतगणना कार्य में शामिल मतगणना कर्मी व पुलिस बलों में भी नाराजगी देखी जा रही है.
जानकारी के अनुसार आठवें व अंतिम चरण के तहत मतदान संपन्न होने के बाद जिले के सभी प्रखंडों में एक साथ 25 मई से मतगणना का कार्य प्रारंभ किया गया. सदर प्रखंड के 26 एवं त्रिवेणीगंज प्रखंड के 27 पंचायतों में मतगणना का कार्य रविवार को ही संपन्न कर लिया गया. जबकि महज 16 पंचायत वाले इस प्रखंड में अब तक मात्र 11 पंचायतों के मतगणना का कार्य पूरा किया जा सका है. जानकारी अनुसार निर्वाची पदाधिकारी सह बीडीओ गोपाल कृष्णन राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों की अवहेलना कर मनमाने तरीके से मतगणना कार्य को संपन्न करा रहे हैं.
मतगणना स्थल से जहां मीडिया कर्मियों को अलग रखा जा रहा है. वहीं इस कार्य में लगे कर्मियों को बेवजह परेशान किया जा रहा है. मतगणना स्थल पर निर्वाची पदाधिकारी के मनमानी के विरोध में कई बार अभ्यर्थी व उनके समर्थकों द्वारा हंगामा भी किया गया है. मतगणना कार्य में लगे कई कर्मियों ने नाम नहीं छापने के शर्त पर बताया कि निर्वाची पदाधिकारी द्वारा अनावश्यक रूप से मतगणना कार्य में विलंब किया जा रहा है.
बताया कि अन्य प्रखंडों की तरह एक दिन में चार से पांच पंचायतों का मतगणना संभव है. जबकि निर्वाची पदाधिकारी द्वारा प्रतिदिन दो पंचायत का ही गणना कराया जा रहा है. सूत्रों की मानें तो मतगणना के नाम पर प्रतिदिन हजारों रूपये के वारे न्यारे किये जा रहे है. यही वजह है कि मतगणना को शीघ्र संपन्न नही करा कर निर्वाची पदाधिकारी द्वारा लंबा खींचा जा रहा है.
कई कर्मियों ने बताया कि वे लोग दोपहर के डेढ़ से दो बजे के बीच ही फ्री होकर अपने घर चले जाते हैं.
बताया कि उन लोगों ने कई बार निर्वाची पदाधिकारी से एक दिन में चार पंचायतों का मतगणना संपन्न कराने का अनुरोध किया. लेकिन उन्होंने इसे नजर अंदाज कर दिया. दिघिया निवासी दिनेश यादव, परसा निवासी राम अवतार यादव, सुकमार पुर के बदरूल शाह, मौजाहा निवासी दिलीप कुमार यादव,
बैजनाथपुर के ब्रह्मदेव यादव, फुलवरिया के संतोष कुमार आदि ने बताया कि निर्वाची पदाधिकारी के मनमानी के वजह से प्रतिदिन सरकार को हजारों रूपये का चूना लग रहा है. उन्होंने जिलाधिकारी से मामले की जांच करवा कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई का अनुरोध किया है. इस बाबत पूछने पर निर्वाची पदाधिकारी सह बीडीओ गोपाल कृष्णन ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्देशों का पालन किया जा रहा है. गड़बड़ी रोकने के उद्देश्य से एक दिन में दो पंचायत की गणना करवाई जा रही है. इस वजह से विलंब हो रहा है.