ePaper

शहर के वार्ड 14 में अगस्त से बाधित है पेयजल की आपूर्ति, निर्माण कार्य के कारण काट दी गयी है पाइपलाइन की कनेक्टिविटी, पूर्वी गुदरी राय चौक से काठ देवी मंदिर तक के लोगों में पानी के लिए हाहाकार

Updated at : 07 Apr 2025 5:49 PM (IST)
विज्ञापन
शहर के वार्ड 14 में अगस्त से बाधित है पेयजल की आपूर्ति, निर्माण कार्य के कारण काट दी गयी है पाइपलाइन की कनेक्टिविटी, पूर्वी गुदरी राय चौक से काठ देवी मंदिर तक के लोगों में पानी के लिए हाहाकार

छपरा. वार्ड संख्या 14 में पिछले साल 24 अगस्त से ही पेयजल की आपूर्ति बाधित है. करीब आठ माह से स्थानीय लोग नगर निगम के अधिकारियों तथा मेयर से भी जलापूर्ति बहाल किये जाने को लेकर गुहार लगा चुके हैं.

विज्ञापन

छपरा. वार्ड संख्या 14 में पिछले साल 24 अगस्त से ही पेयजल की आपूर्ति बाधित है. करीब आठ माह से स्थानीय लोग नगर निगम के अधिकारियों तथा मेयर से भी जलापूर्ति बहाल किये जाने को लेकर गुहार लगा चुके हैं. 10 से अधिक बार आवेदन दिया गया है, लेकिन अब तक पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित नहीं हो सकी है. मुहल्ले के प्रदीप कुमार, सुमित कुमार, नीरज कुमार, विक्की कुमार, रवि कुमार आदि ने बताया कि पिछले साल मुहल्ले में सड़क की खुदाई कर नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत काम हुआ था. उसी समय इस मुहल्ले में जलापूर्ति के लिए जो पाइपलाइन बिछायी गयी थी उसे निर्माण एजेंसी ने बीच से ही काट दिया और उसे ब्लॉक कर दिया. इस कारण आपूर्ति कुछ दिनों के लिए बाधित हुई. लोगों को यह कहा गया कि काम पूरा होते ही फिर से कनेक्टिविटी शुरू कर दी जायेगी, लेकिन काम पूरा होने के बाद पेयजल की आपूर्ति फिर से शुरू नहीं हुई. इस वजह से पूर्वी गुदरी राय के चौक से लेकर कोट देवी मंदिर के बीच रहने वाले सैकड़ों लोग पानी की आपूर्ति नहीं होने से परेशान हैं. अब गर्मी का मौसम शुरू हो चुका है. पेयजल की आवश्यकता और अधिक बढ़ गयी है. लोगों का कहना है कि अगर अविलंब कनेक्टिविटी फिर से बहाल नहीं की जाती है, तो उग्र आंदोलन किया जायेगा. स्थानीय लोगों का कहना है कि मेयर लक्ष्मी नारायण गुप्ता को भी कई बार फोन से इस मामले में सूचित कराया गया. लिखित में भी नगर निगम तथा मेयर को आवेदन दिया गया है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है. लोगों ने बताया कि कुछ लोग के घरों में चापाकल अपने खर्चे से लगाया गया है, लेकिन गर्मी में पानी का लेयर घट जाने से चापाकल भी सूख रहा है. वहीं आसपास जो सरकारी चापाकल है. उसका भी मेंटेनेंस नहीं होने से उसमें पानी नहीं आता है. कई बार तो लोगों को घर की जरूरत के लिए पानी लाने मुहल्ले से दूर जाना पड़ता है. पीने के पानी के लिए आरओ वाटर के जार को मंगाया जाता है, जिससे अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ गया है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
CHANDRASHEKHAR SARAN

लेखक के बारे में

By CHANDRASHEKHAR SARAN

CHANDRASHEKHAR SARAN is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन