ePaper

India Tourism: उत्सवों के शहर पुष्कर में करें विश्व विख्यात इन पवित्र पर्यटन स्थलों की सैर

Updated at : 24 Aug 2024 10:57 AM (IST)
विज्ञापन
Pushkar

Pushkar

India Tourism: पर्यटन के लिए प्रसिद्ध राजस्थान में मौजूद पुष्कर शहर की खूबसूरती शानदार है. इस शांत शहर में हिंदुओं के कई पवित्र तीर्थ स्थल मौजूद हैं. पूरे विश्व में मौजूद भगवान ब्रह्मा का एकमात्र मंदिर पुष्कर में स्थित है. यहां के दर्शनीय स्थल और अद्भुत जगहें सैर करने के लिए शानदार हैं.

विज्ञापन

India Tourism: राजस्थान का पुष्कर शहर भारत के प्राचीन शहरों में से एक है. यह शहर तीन ओर से पहाड़ियों से घिरा हुआ है, जिसे “राजस्थान का गुलाब उद्यान” भी कहा जाता है. पूरी दुनिया में गुलाब का रस निर्यात करने वाला पुष्कर शहर अपने शांत वातावरण के कारण सैलानियों के बीच लोकप्रिय है. इस शहर का दिलचस्प पौराणिक इतिहास और स्थापत्य विरासत, इसे घूमने के लिए आकर्षक बनाते हैं.

पुष्कर का सृष्टि के रचयिता भगवान ब्रह्मा से विशेष संबंध है. इसे हिंदुओं के तीर्थ स्थान के रूप में माना जाता है. जहां की यात्रा करने से लोगों को मोक्ष की प्राप्ति होती है. आध्यात्मिक और पौराणिक महत्व से संपन्न पुष्कर में अनेकों धार्मिक पर्यटन स्थल हैं, जो आपका ध्यान अपनी ओर आकर्षित करते हैं.

Also Read: India Tourism: भारत के ये शहर हैं खूबसूरती की मिसाल, जरूर करें सैर

ब्रह्मा मंदिर

राजस्थान के पुष्कर शहर में दुनिया का एकमात्र भगवान ब्रह्मा को समर्पित मंदिर मौजूद है. ब्रह्मा मंदिर आनासागर झील और नंगापर्वत के पार सुरम्य पुष्कर घाटी में स्थित हिंदुओं का पवित्र धाम है. यह प्राचीन मंदिर संगमरमर से निर्मित और चांदी के सिक्कों से सजा हुआ एक आकर्षक धार्मिक पर्यटन स्थल है.

इस मंदिर के गर्भगृह में स्थापित भगवान ब्रह्मा की चतुर्मुखी प्रतिमा लोगों को अपनी ओर खींचती है. इस मंदिर में भगवान सूर्य देव की भी अद्भुत प्रतिमा देखने को मिलती है, जो प्रहरी की तरह खड़े हैं.

Also Read: India Tourism: विदेशी पर्यटकों को भी पसंद है उत्तर प्रदेश, जानें किन जगहों पर घूमना रहेगा खास

पुष्कर झील

पवित्र हिंदू धार्मिक ग्रंथो के अनुसार, पुष्कर झील को तीर्थ राज यानी सभी तीर्थों का राजा कहा जाता है. पवित्र पुष्कर झील अर्ध गोलाकार और करीब 8-10 मीटर गहरी झील है. यह झील 52 स्नान घाट और 400 से अधिक मंदिरों से घिरा तीर्थ स्थल है. इसकी सुंदरता रमणीय है. कहा जाता है बिना पुष्कर झील में डुबकी लगाए कोई भी तीर्थ यात्रा पूरी नहीं होती है.

Also Read: IBPS PO, SO 2024: सरकारी बैंकों में नौकरी के लिए आज है आवेदन का अंतिम दिन, यहां देखें लिंक

वराह मंदिर

12वीं शताब्दी में बना वराह मंदिर, पुष्कर का सबसे बड़ा और प्राचीन मंदिर है. इस मंदिर का निर्माण राजा अनाजी चौहान ने कराया था. यह मंदिर भगवान विष्णु के तीसरे अवतार वराह (जंगली सुअर) को समर्पित है.

कहा जाता है, भगवान विष्णु के वराह अवतार ने पृथ्वी को आदिम जल की गहराई में जाने से बचाया था. ब्रह्मा मंदिर पुष्कर के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में शामिल जाना जाता है.

Also Read: Janmashtami 2024 : मथुरा में कब मनाया जाएगा श्रीकृष्ण जन्माष्टमी और कितने घंटे खुलेगा मंदिर? जानें यहां

रंगजी मंदिर

पुष्कर का रंगजी मंदिर, भगवान विष्णु का अवतार माने जाने वाले भगवान रंगजी को समर्पित पवित्र स्थल है. राजपूत शैली, दक्षिण भारतीय शैली और मुगल शैली के मिश्रित वास्तुकला में बना रंगजी मंदिर एक लोकप्रिय तीर्थ स्थल है.
.
हर साल हजारों की संख्या में पर्यटक और तीर्थ यात्री भगवान रंगजी के मंदिर की भव्यता और विशिष्टता देखने आते हैं.

Also Read: India Tourism: हरियाणा के इस शहर में है घूमने के लिए आकर्षक जगहें

जरूर देखें:

विज्ञापन
Rupali Das

लेखक के बारे में

By Rupali Das

नमस्कार! मैं रुपाली दास, एक समर्पित पत्रकार हूं. एक साल से अधिक समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हूं. वर्तमान में प्रभात खबर में कार्यरत हूं. यहां झारखंड राज्य से जुड़े महत्वपूर्ण सामाजिक, राजनीतिक और जन सरोकार के मुद्दों पर आधारित खबरें लिखती हूं. इससे पहले दूरदर्शन, हिंदुस्तान, द फॉलोअप सहित अन्य प्रतिष्ठित समाचार माध्यमों के साथ भी काम करने का अनुभव है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola