ईरान-अमेरिका तनाव: ट्रंप के 'फूटी हुई सरकार' वाले दावे पर ईरान का पलटवार, कहा- झूठ बुनना बंद करें

ईरान-अमेरिका तनाव: ट्रंप के दावे पर ईरान का कड़ा पलटवार.
Iran: ईरान का दोटूक जवाब: हमारे यहां कोई फूट नहीं, ये सब अमेरिका का प्रोपेगेंडा है ईरान ने बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है, जिसमें ट्रंप ने कहा था कि ईरान की लीडरशिप अंदरूनी तौर पर ‘बुरी तरह टूटी हुई’ (fractured) है.
Iran: ईरान के राष्ट्रपति कार्यालय में संचार विभाग के डिप्टी सैय्यद मेहदी तबातबाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ट्रंप के दावों की पोल खोलते हुए कहा कि यह सब ईरान के खिलाफ दुश्मनों का पुराना राजनीतिक और प्रोपेगेंडा गेम है. तबातबाई ने जोर देकर कहा कि इस समय ईरान की सेना, जनता और डिप्लोमेसी के बीच जो एकता दिख रही है, वह बेमिसाल है. उन्होंने अमेरिका को नसीहत दी कि वे झूठ बुनना, वादाखिलाफी और दादागिरी बंद करें.
ट्रंप का दावा: पाकिस्तान की अपील पर टाला हमला
यह पूरा मामला तब शुरू हुआ जब ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट डाली. ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ईरान पर होने वाले संभावित सैन्य हमले को फिलहाल रोक दिया है और सीजफायर (युद्धविराम) की अवधि बढ़ा दी है.
ट्रंप के मुताबिक, पाकिस्तान के आर्मी चीफ जनरल आसीम मुनीर और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने उनसे गुजारिश की थी कि ईरान को थोड़ा और वक्त दिया जाए ताकि वहां के नेता आपस में चर्चा करके बातचीत के लिए एक सॉलिड और एक जैसा (unified) प्रस्ताव तैयार कर सकें. ट्रंप ने यह भी कहा कि जब तक ईरान कोई ठोस प्रस्ताव नहीं देता, तब तक अमेरिकी सेना पूरी तरह तैयार रहेगी और समुद्री घेराबंदी जारी रहेगी.
ईरान की शर्त: पहले समुद्री घेराबंदी हटाओ, तभी इस्तांबुल में होगी अगली बातचीत
इस तनाव के बीच ईरान ने अपनी शर्तें भी साफ कर दी हैं. संयुक्त राष्ट्र (UN) में ईरान के राजदूत अमीर सईद इरावानी ने तस्नीम न्यूज एजेंसी को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि अमेरिका जो समुद्री नाकाबंदी कर रहा है, वह खुद सीजफायर का उल्लंघन है. इरावानी ने रूडलॉ न्यूज नेटवर्क (Rudlaw News Network) से बात करते हुए कहा कि जैसे ही अमेरिका इस घेराबंदी को खत्म करेगा, बातचीत का अगला दौर तुर्की के इस्तांबुल में शुरू हो सकता है.
ये भी पढ़ें: होर्मुज में तनाव कायम, लेकिन ट्रंप ने अगले 36-72 घंटों में दूसरे दौर की शांति वार्ता की उम्मीद जताई
युद्ध के लिए भी तैयार है ईरान
ईरानी राजदूत इरावानी ने साफ शब्दों में कहा कि जंग की शुरुआत हमने नहीं की है. अगर अमेरिका बातचीत के जरिए राजनीतिक समाधान चाहता है, तो ईरान तैयार है. लेकिन अगर वे युद्ध का रास्ता चुनते हैं, तो ईरान उसके लिए भी पूरी तरह तैयार बैठा है. उन्होंने साफ किया कि बातचीत शुरू होने की राह में सबसे बड़ी रुकावट फिलहाल अमेरिका द्वारा ईरान के बंदरगाहों की घेराबंदी करना है.
ये भी पढ़ें : सीजफायर की अवधि बढ़ी, कुछ ही घंटे बाद होर्मुज स्ट्रेट पार कर रहे 2 जहाजों पर ईरान ने किया हमला
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Govind Jee
गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




