नौ साल बाद एक बार फिर शुरू किया गया ‘अप्सरा'' रिएक्टर, जानिये किस क्षेत्र में करता है काम...?
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 11 Sep 2018 5:05 PM
मुंबई : देश के सबसे पुराने शोध रिएक्टर ‘अप्सरा’ को अधिक क्षमता के साथ एक बार फिर से शुरू किया गया है. इस रिएक्टर को मरम्मत और नया स्वरूप देने के लिए 2009 में स्थायी तौर पर बंद कर दिया गया था. बार्क (भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर) ने मंगलवार को बयान जारी कर कहा कि […]
मुंबई : देश के सबसे पुराने शोध रिएक्टर ‘अप्सरा’ को अधिक क्षमता के साथ एक बार फिर से शुरू किया गया है. इस रिएक्टर को मरम्मत और नया स्वरूप देने के लिए 2009 में स्थायी तौर पर बंद कर दिया गया था. बार्क (भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर) ने मंगलवार को बयान जारी कर कहा कि रिएक्टर को और अपडेट करने के बाद 10 सितंबर को फिर से शुरू किया गया.
इसे भी पढ़ें : भाभा एटॉमिक के लिए एचइसी बनायेगा रेडिएशन ग्लास प्लेट
इस शोध रिएक्टर को सबसे पहले अगस्त, 1956 में शुरू किया गया था. ‘अप्सरा’ का इस्तेमाल न्यूट्रॉन की गतिविधियों के विश्लेषण, विकिरण से संबंधित अध्ययन, फॉरेंसिक अध्ययन, न्यूट्रॉन रेडियोग्रॉफी और अन्य प्रयोगों के लिए किया गया. बयान में कहा गया है कि अपडेट किये गये रिएक्टर से चिकित्सा क्षेत्र में इस्तेमाल के लिए रेडियो आइसोटोप के देश में उत्पादन में वृद्धि होगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










