ePaper

JPSC घोटाले में आरोपित अफसरों को संयुक्त सचिव में प्रोन्नत करने की हो रही तैयारी, CBI ने लगाया है ये आरोप

Updated at : 04 Oct 2024 3:57 PM (IST)
विज्ञापन
CBI Big Action in Delhi

CBI Big Action in Delhi

सीबीआई ने जेपीएससी-वन की जांच के बाद चार मई 2024 को कुल 37 पदाधिकारियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था. इसमें विभिन्न विभागों में कार्यरत कई अधिकारियों के नाम शामिल हैं.

विज्ञापन

रांची : जेपीएससी-वन घोटाले में सीबीआई द्वारा आरोपित अफसरों को एडीएम से संयुक्त सचिव के पद पर प्रोन्नत करने की तैयारी चल रही है. प्रोन्नत करने के लिए निगरानी से स्वच्छता प्रमाण पत्र की मांग की गयी थी. निगरानी ने अपने दस्तावेज के आधार पर सीबीआई द्वारा आरोपित अफसरों के मामले में निगरानी स्वच्छता प्रमाण पत्र जारी कर दिया है. सीबीआई के आरोप पत्र को देखते हुए इन अधिकारियों को प्रोन्नति देने या नहीं देने के मुद्दे पर प्रोन्नति समिति अंतिम रूप से फैसला करेगी.

सीबीआई ने 37 पदाधिकारियों के खिलाफ दायर किया था आरोप पत्र

सीबीआई ने जेपीएससी-वन की जांच के बाद चार मई 2024 को कुल 37 पदाधिकारियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था. इसमें राज्य के विभिन्न विभागों में कार्यरत राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी, 12 व्याख्याता और जेपीएससी के तत्कालीन पांच अधिकारियों के नाम शामिल हैं. सीबीआई ने आरोप लगाया है कि सुनियोजित साजिश के तहत नंबर बढ़ा कर इन 20 अयोग्य लोगों को सफल घोषित किया गया है. इन सभी अधिकारियों को सरकार की ओर से अब तक सशर्त प्रोन्नति दी जाती रही है.

Also Read: JPSC अध्यक्ष का पद 22 अगस्त से खाली, कई प्रतियोगी परीक्षाओं की प्रक्रिया पूरी होने में हो रही देरी

साल 2024 में शुरू की गयी संयुक्त सचिव के पद पर प्रोन्नत देने की तैयारी

एडीएम स्तर तक मिली प्रोन्नति तक सीबीआई ने आरोप पत्र दायर नहीं किया था. वर्ष 2024 में इन अधिकारियों के अपर समाहर्ता ा (एडीएम) स्तर से संयुक्त सचिव के पद पर प्रोन्नति देने की प्रक्रिया शुरू की गयी. इसके लिए सबसे पहले निगरानी से स्वच्छता प्रमाण पत्र की मांग की गयी. सरकार ने सीबीआई द्वारा आरोपित 20 में से 12 अधिकारियों के बारे में स्वच्छता प्रमाण पत्र की मांग की थी. निगरानी ने जांच के बाद 11 अधिकारियों के बारे में लिखा कि इनके खिलाफ निगरानी में कोई मामला दर्ज नहीं है ना ही कोई जांच लंबित है. निगरानी ने अपनी रिपोर्ट में सिर्फ हेमा प्रसाद के खिलाफ निगरानी थाने में कांड संख्या 2/2023 दर्ज है. यह प्राथमिकी 12 जून 2023 को दर्ज की गयी थी. इसमें जांच जारी है.

कुछ आरोपितों को पहले ही मिल चुकी है प्रोन्नति

उल्लेखनीय है कि जेपीएससी-वन में सीबीआई द्वारा आरोपित कुछ लोगों को पहले ही संयुक्त सचिव के पद पर प्रोन्नत किया जा चुका है. इसमें सीमा सिंह, सुषमा नीलम सोरंग सहित कुछ अन्य अधिकारियों का नाम है. सीबीआई द्वारा आरोपित फिलहाल एडीएम के रूप में कार्यरत सभी अधिकारियों की सूची कार्मिक प्रशासनिक विभाग के पास उपलब्ध है. नियमानुसार इन सभी के मामले को सीलबंद लिफाफे में प्रोन्नति समिति की बैठक में पेश करने के प्रावधान है. प्रोन्नति समिति ही इस पर अंतिम फैसला करेगी. हालांकि संयुक्त सचिव के पद पहले प्रोन्नत हो चुके अधिकारियों की वजह से इस पूरे प्रकरण में नया विवाद होने की आशंका है.

Also Read: JPSC: झारखंड में बीडीओ, सीओ बनने के लिए होनी चाहिए इतनी उम्र, यहां देखें विस्तार से

विज्ञापन
Shakeel Akhter

लेखक के बारे में

By Shakeel Akhter

More than 30 years of experience in which 24years is with Prabhat Khabar as Senior Special correspondent. My subject of interest has been scam and corruption related issues in Jharkhand.

Tags

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola