रांची : लेटरपैड से किया फर्जीवाड़ा, पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी ने दर्ज करायी धोखाधड़ी की प्राथमिकी
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :20 Jan 2019 4:14 AM (IST)
विज्ञापन

केएन त्रिपाठी के नाम पर कांग्रेस के बड़े नेताओं को भेजा गया फर्जी पत्र रांची : कोतवाली थाना में पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी की शिकायत पर विजय तिवारी, अजय तिवारी, संजय तिवारी और आलोक तिवारी पर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है. केस दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. […]
विज्ञापन
केएन त्रिपाठी के नाम पर कांग्रेस के बड़े नेताओं को भेजा गया फर्जी पत्र
रांची : कोतवाली थाना में पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी की शिकायत पर विजय तिवारी, अजय तिवारी, संजय तिवारी और आलोक तिवारी पर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है. केस दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. केस में उन्होंने चारों पर अपने लेटरपैड का फर्जी तरीके से गलत उपयोग करने और फर्जी हस्ताक्षर करने के अलावा मानहानि का आरोप लगाया है.
प्राथमिकी में केएन त्रिपाठी ने लिखा है कि 15 जनवरी को उन्हें पूर्व केंद्रीय मंत्री सीपी जोशी के पास से आया हुआ एक पत्र मिला. तब उन्हें पता चला कि विजय तिवारी, अजय तिवारी और संजय तिवारी के अलावा आलोक तिवारी ने मिल कर उनके लेटरपैड का गलत उपयोग किया है. केएन त्रिपाठी ने आरोप लगाया है कि इनलोगों ने उनके लेटरपैड का फर्जीवाड़ा तरीके से फोटोकॉपी निकाल कर उनके नाम से पत्र लिखा. पत्र में उनका फरजी हस्ताक्षर भी स्कैन कर डाल दिया. इसके बाद पत्र को राहुल गांधी, सोनिया गांधी और पार्टी के बड़े नेताओं, सांसद सहित अन्य लोगों को भेजा. पत्र में केएन त्रिपाठी के पार्टी छोड़ने से संबंधित बात लिखी हुई थी. केएन त्रिपाठी का आरोप है कि उनके नाम पर फर्जी तरीके से पत्र लिखे जाने की वजह से उनके चरित्र का हनन हुआ है.
क्या लिखा गया है फर्जी पत्र में
राहुल गांधी सहित अन्य लोगों को केएन त्रिपाठी के नाम से जारी फर्जी लेटरपैड में आरपीएन सिंह एवं प्रदेश अध्यक्ष डॉ अजय कुमार के कारनामे के संबंध में लिखा गया है.
कहा गया है कि झारखंड प्रभारी एवं अध्यक्ष, जिलाध्यक्ष द्वारा नगर निगम चुनाव में टिकट बंटवारे में बड़े पैमाने पर पैसे का लेन-देन एवं घोटाला हुआ है. लोकसभा व विधानसभा चुनाव का अभी से लेन-देन शुरू कर दिया गया है. इसलिए अगर दोनों पद पर बने रहते हैं, तो कांग्रेस पार्टी को झारखंड में एक भी सीट नहीं मिलेगी. इसलिए मुझे, सुबोधकांत सहाय और सुखदेव भगत को जिम्मेदारी दी जाये.
तब ही झारखंड विधानसभा व लोकसभा चुनाव में जीत हासिल की जा सकती है. ऐसे में दोनों को पद से हटाया जाये. पत्र में आगे लिखा है कि आरपीएन सिंह व डॉ अजय कुमार ने मिलकर गुंजन सिंह को महिला अध्यक्ष बना दिया. वह पार्टी छोड़ कर बीजेपी में जा रही है. अत: श्रीमान से अनुरोध है कि पार्टी हित में कदम उठाया जाये अन्यथा कांग्रेस को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा. पत्र में यह भी लिखा गया है कि मुझे बीजीपी पार्टी कब से बुला रही है कि आपके नेतृत्व में झारखंड में सरकार बनायेंगे. ऐसे में मुझे बाध्य होकर बीजेपी ज्वाइन करना पड़ेगा. कुछ दिन पहले मंत्री सरयू राय ने भी खाने पर बुलाया था. उनके साथ सारी बातें हुई है. मैं दो-तीन बीजेपी विधायक भी कांग्रेस पार्टी में ले आऊंगा. इस मामले में तत्काल प्रभाव से दोनों को हटाने का कष्ट करें.
जस्टिस (से) पीके माेहंती ने राज्यपाल से मुलाकात की
राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू से शनिवार को झारखंड उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त मुख्य न्यायाधीश पीके मोहंती ने मुलाकात की. उनके साथ कटक उच्च न्यायालय अोड़िशा के न्यायाधीश डीपी दास भी थे. यह उनकी शिष्टाचार भेंट थी. मुलाकात के क्रम में राज्यपाल व सेवानिवृत्त मुख्य न्यायाधीश ने झारखंड की दशा-दिशा को लेकर चर्चा की.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










