20 दिनों तक नहीं खुला सरकारी ईमेल, अंचल कार्यालय की कार्यशैली पर उठे सवाल
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 14 May 2026 10:58 PM
20 दिनों तक नहीं खुला सरकारी ईमेल, अंचल कार्यालय की कार्यशैली पर उठे सवाल
सिसई. सिसई अंचल कार्यालय में प्रशासनिक संवेदनहीनता का एक मामला सामने आया है. आरोप है कि जिला प्रशासन द्वारा भेजे गये एक महत्वपूर्ण सरकारी ईमेल को अंचल कर्मियों ने 20 दिनों तक खोल कर भी नहीं देखा. इस लापरवाही ने निचले स्तर के कर्मचारियों की जवाबदेही और कार्यक्षमता पर सवालिया निशान लगा दिया हैं. छारदा ग्राम निवासी उमेश्वर साहू ने 15 अप्रैल को उपायुक्त को आवेदन देकर पैतृक भूमि की अवैध बिक्री और दाखिल-खारिज पर रोक लगाने की मांग की थी. इस मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला जनशिकायत कोषांग ने 20 अप्रैल को ही ईमेल के माध्यम से सिसई अंचल को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया. लेकिन जब आवेदक 29 अप्रैल और पुनः नौ मई को कार्यालय पहुंचा, तो पता चला कि ऑपरेटर ने ईमेल खोला ही नहीं था और प्रधान सहायक को इसकी भनक तक नहीं थी. आवेदक उमेश्वर साहू ने 12 मई को उपायुक्त को पुनः आवेदन सौंप कर अंचल कार्यालय के कर्मियों की योग्यता और कर्तव्यनिष्ठा की जांच की मांग की है. उन्होंने आरोप लगाया कि कर्मचारी आवेदनों को समझने में अक्षम हैं, जिससे जनता की समस्याएं लंबित रहती हैं. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासनिक सुस्ती से भविष्य में कोई अप्रिय घटना होती है, तो इसकी जिम्मेदारी अंचल प्रशासन की होगी. इस मामले में सिसई अंचल अधिकारी अशोक बड़ाइक ने कहा कि सरकारी मेल की प्रतिदिन जांच की जाती है. उमेश्वर साहू के मामले में संबंधित कर्मचारी को तत्काल रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दे दिया गया है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










