ePaper

बीएसएल को कलिंगा पर्यावरण उत्कृष्टता पुरस्कार

Updated at : 29 May 2024 11:11 PM (IST)
विज्ञापन
बीएसएल को कलिंगा पर्यावरण उत्कृष्टता पुरस्कार

पर्यावरण संरक्षण के लिए बीएसएल की गतिशील पहल व स्टील निर्माण के सस्टेनेबल तरीकों के प्रयासों से प्रभावित हुई जूरी, आठ जून को भुवनेश्वर में, इंस्टीट्यूट ऑफ क्वालिटी की ओर से आठ जून को आयोजित किया जायेगा पुरस्कार समारोह

विज्ञापन

बोकारो. वित्तीय वर्ष 2024 -25 की शुरुआत में बोकारो स्टील प्लांट ने पर्यावरण उत्कृष्टता श्रेणी में प्रतिष्ठित कलिंगा पर्यावरण उत्कृष्टता पुरस्कार प्राप्त कर अपने नाम एक और उपलब्धि जोड़ ली है. 15 मई 2024 को सार्वजनिक उद्यम, हैदराबाद और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, ओडिशा के इसीएस (पर्यावरण संरक्षण एवं स्थिरता) विभाग के जूरी सदस्यों के सामने बीएसएल के नितेश रंजन, सहायक महा प्रबंधक (पर्यावरण) द्वारा प्रस्तुति दी गयी. जूरी के सदस्यों की ओर से उठाये गये सभी प्रश्नों का सटीक समाधान महाप्रबंधक (पर्यावरण), एनपी श्रीवास्तव द्वारा किया गया. जूरी पर्यावरण संरक्षण के लिए बोकारो स्टील प्लांट की गतिशील पहल और स्टील निर्माण के सस्टेनेबल तरीकों को अपनाने के प्रयासों से काफी प्रभावित हुई. जूरी सदस्यों ने बीएसएल को विजेता के रूप में अनुशंसित किया है. पुरस्कार समारोह आठ जून-2024 को भुवनेश्वर में, इंस्टीट्यूट ऑफ क्वालिटी की ओर से आयोजित किया जायेगा. यह पुरस्कार पर्यावरण के प्रति संगठन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है. उल्लेखनीय है कि बीएसएल के निदेशक प्रभारी बीरेंद्र कुमार तिवारी के नेतृत्व में बीएसएल ने सर्कुलर इकोनॉमी, ऊर्जा दक्षता और पर्यावरण संरक्षण का उपयोग कर विभिन्न क्षेत्रों में परिचालन उत्कृष्टता और सस्टेनेबल को शामिल करने का अभियान चलाया है.

2023-24 के दौरान 100प्रतिशत ठोस अपशिष्ट उपयोग हासिल :

बीएसएल ने पिछले तीन वित्तीय वर्षों के दौरान पार्टिकुलेट मैटर उत्सर्जन में 12.07% की कमी तथा स्पेसिफिक एफ़्फ़्लुएंट डिस्चार्ज में 77.3% की कमी हासिल की है. वित्त वर्ष 2022-23 और 2023-24 के दौरान बीएसएल में 100% ठोस अपशिष्ट उपयोग हासिल किया गया. पर्यावरण संरक्षण के लिए बीएसएल ने शुरुआत से अभी तक 47 लाख से अधिक पौधे लगाए गए हैं. COP26 में भारत द्वारा प्रतिबद्ध 2030 तक नवीकरणीय ऊर्जा के महत्वाकांक्षी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए फ्लोटिंग सौर ऊर्जा संयंत्र की स्थापना के लिए कूलिंग पोंड की पहचान की गई है. जीएचजी उत्सर्जन में कमी द्वारा नेट- न्यूट्रैलिटी प्राप्त करने के लिए विभिन्न संचालन उत्कृष्टता व ऊर्जा दक्षता की पहल कर रहा है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola