ePaper

निजी फाइनेंस कंपनी व लघु ऋणदाता संस्था गरीब ऋण धारकों को मानसिक रूप से कर रहे परेशान

Updated at : 05 Sep 2024 9:40 PM (IST)
विज्ञापन
supaul3

ब्याज के साथ किस्त वापसी के नाम पर धारकों से जबरन वसूली करते हैं

विज्ञापन

छातापुर. प्रखंड क्षेत्र में निजी फाइनेंस कंपनी के लघु ऋणदाता संस्थाओं की बाढ़ आ गयी है. मामूली ब्याज पर आसान किस्तों में ऋण उपलब्ध कराने का सब्जबाग दिखाकर पहले ऋण दिया जाता है. जिसके बाद ब्याज के साथ किस्त वापसी के नाम पर धारकों से जबरन वसूली करते हैं. फाइनेंस कर्मियों के झांसे में आकर खासकर गरीब तबके के लोग ऋण चुकाने की विवशता में मानसिक उत्पीड़न का शिकार हो रहे हैं. इस प्रकार का एक मामला सामने आने पर बीडीओ डा राकेश गुप्ता ने स्वतः संज्ञान लिया है. बीडीओ ने मुख्यालय में संचालित समस्ता फाइनेंस लिमिटेड के कर्मियों को गुरुवार को प्रखंड कार्यालय तलब किया. जहां थानाध्यक्ष शिवशंकर कुमार की मौजूदगी में बीडीओ ने फाइनेंस कर्मियों से आवश्यक पूछताछ की और संस्था के अनुज्ञप्ति आदि दस्तावेज का अवलोकन किया. तत्पश्चात लोगों को ऋण देने व राशि वसूली की शर्तों से अवगत हुए. जवाब से असंतुष्ट दिखे बीडीओ ने थानाध्यक्ष को ऋण वसूली को लेकर धारकों के साथ कर्मियों द्वारा किये जा रहे प्रताड़ना व व्यवहार आदि की जांच-पड़ताल विधि सम्मत कार्रवाई करने का निर्देश दिया. थाना को प्रेषित पत्र में बीडीओ ने बताया है कि विभिन्न निजी संस्थानों के द्वारा ऋण मुहैया कराने के पश्चात पाक्षिक एवं मासिक तौर पर किस्तवार ऋण वापसी हेतु धारकों पर दबाव दिया जा रहा है. ऐसे ऋणधारक जिनके पास किस्त जमा करने हेतु तत्क्षण राशि अनुपलब्ध रहने से उसका मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा है. जो अमानवीय है. बीडीओ ने प्रेषित पत्र में ऐसे मामलों की सघन व सतत निगरानी करने तथा उसके विरुद्ध जांचोपरांत विधि सम्मत आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा है. साथ ही कृत कार्रवाई से अधोहस्ताक्षरी को भी अवगत करने को कहा गया है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन