इमरजेंसी वार्ड का फर्श धंसा

Published at :02 Jan 2017 4:40 AM (IST)
विज्ञापन
इमरजेंसी वार्ड का फर्श धंसा

विभाग खामोश . सूबे के दूसरे आइएसओ प्रमाणित मॉडल अस्पताल का हाल इमरजेंसी वार्ड का फर्श अचानक धंसने लगा है. फर्श के धंसने से मरीज संकट में हैं. दूसरी तरफ स्‍वास्‍थ्‍य विभाग खामोश है. फर्श के लगातार धंसने से कभी हादसा हो सकता है. गोपालगंज : सूबे का दूसरा मॉडल सदर अस्‍पताल का आपातकालीन कक्ष […]

विज्ञापन

विभाग खामोश . सूबे के दूसरे आइएसओ प्रमाणित मॉडल अस्पताल का हाल

इमरजेंसी वार्ड का फर्श अचानक धंसने लगा है. फर्श के धंसने से मरीज संकट में हैं. दूसरी तरफ स्‍वास्‍थ्‍य विभाग खामोश है. फर्श के लगातार धंसने से कभी हादसा हो सकता है.
गोपालगंज : सूबे का दूसरा मॉडल सदर अस्‍पताल का आपातकालीन कक्ष खुद इमरजेंसी में है. अस्‍पताल में एक कमरे का फर्श दो फुट नीचे धंस गया है, जिससे मरीज कभी हादसे का शिकार हो सकते हैं. इमरजेंसी वार्ड के जिस कमरे में फर्श धंसा है, वहां चार बेड लगे हैं. फर्श धंसने के बाद मरीज वहां रह कर इलाज कराने से कतरा रहे हैं. अन्‍य वार्ड मरीजों से फुल हो चुका है. अस्‍पताल के कर्मी बताते हैं कि पिछले डेढ़ महीने से अचानक फर्श धंस रहा है. बरसात के दिनों में हल्‍की बारिश होने के बाद इमरजेंसी कक्ष में पानी घुस आता है. इधर, फर्श धंसने के कारण सफाई कर्मी को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. इमरजेंसी वार्ड में कुल चार वार्ड हैं.
तीन वार्ड मरीजों से फुल हो चुका है, चौथे वार्ड में फर्श धंसने के कारण मरीज रहने से कतरा रहे हैं. सदर अस्‍पताल को आइएसओ प्रमाणित दूसरे मॉडल अस्‍पताल का दर्जा प्राप्‍त है. मॉडल अस्‍पताल के इमरजेंसी वार्ड का हाल ऐसा है तो जिले के अन्‍य अस्‍पतालों में क्‍या स्थिति होगी, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है.
इमरजेंसी वार्ड जर्जर हो चुका है. मरीजों के लिए बनाये गये शौचालय भी ध्‍वस्‍त होने के कगार पर हैं. स्‍वास्‍थ्‍य विभाग ने इमरजेंसी वार्ड में दो अतिरिक्‍त शौचालय का निर्माण कराया था. लेकिन, साफ-सफाई के अभाव में यह भी बंद होने के कगार पर है.
क्या कहते हैं अधिकारी
फर्श धंसने की सूचना नहीं मिली है. अगर धंसा है, तो इसे तत्‍काल दुरुस्‍त कराया जायेगा.
डॉ मधेश्वर प्रसाद शर्मा,
सिविल सर्जन, गोपालगंज
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन