आरा में 5 हजार की भीड़ और लालू यादव का कार्यक्रम, घायल की मौत की अफवाह के बीच सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

विज्ञापन

आरा में पूर्व विधायक के कार्यक्रम में शामिल लालू यादव

आरा में पूर्व विधायक अरुण यादव के पिता की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में एक व्यक्ति के घायल होने के बाद मौत की अफवाह आग की तरह फैल गई. सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने और थानाध्यक्ष के बदलते बयानों से संदेह गहरा रहा है.

विज्ञापन

Arrah Lalu Yadav Program Security : आरा के संदेश के पूर्व विधायक अरुण यादव के पिता की पुण्यतिथि में हो रहे सांस्कृतिक कार्यक्रम में घायल एक व्यक्ति के मृत्यु हो जाने की अफवाह पूरे जिले में आग की तरह फैल रही है.

इससे संबंधित सोशल मीडिया पर कई वीडियो भी चल रहे हैं, हालांकि प्रभात खबर इन वीडियो और अफवाह की पुष्टि नहीं करता है, पर ऐसी अफवाह चल रही है और यह पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है.

थानाध्यक्ष के बदलते बयानों से बढ़ा संदेह

इसे लेकर जब गड़हनी थानाध्यक्ष कमलजीत से प्रभात खबर ने सुबह में बात की, तो पहले तो उन्होंने टालमटोल किया. जब पूछा गया कि उस कार्यक्रम की सूचना आपको दी गई थी या नहीं, तो उन्होंने कहा कि दी गई थी, तभी तो मैंने पुलिस बल भी भेजा था. मैंने पुलिस अधीक्षक से इसकी जानकारी देकर पुलिस फोर्स की मांग की थी.

Also Read : गया जी के डुमरिया में नक्सलियों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन, जंगल से AK-47 मैगजीन समेत कई कारतूस बरामद

फिर दोपहर में जब बात की गई, तो उन्होंने कहा कि इसकी लिखित जानकारी नहीं दी गई थी. पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के कार्यक्रम को लेकर जब पूछा गया कि उन्हें जेड सिक्योरिटी की सुविधा है, ऐसे में उनके लिए प्रोटोकॉल है कि पुलिस अधीक्षक थानेदार को आदेश देंगे, थानेदार को पुलिस अधीक्षक को सूचना देने की आवश्यकता नहीं पड़ती है. थानाध्यक्ष का बार-बार बात बदलना संदेह के घेरे में आता है.

प्रशासनिक व्यवस्था और पुलिस की लापरवाही

लोगों का कहना है कि इतने बड़े कार्यक्रम के लिए, जहां 5000 से अधिक लोग पहुंचे हों और पूर्व मुख्यमंत्री पहुंचे हों, वहां पुलिस को आवश्यक सूचना होनी चाहिए थी और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था करनी चाहिए थी. स्थिति ऐसी है कि घायल की सूचना मिलने के बाद भी पुलिस इस पर किसी तरह की कार्रवाई नहीं कर रही है.

Also Read : बिहार के एक शिक्षक के चार बेटों ने रचा इतिहास, NEET क्वालीफाई कर बने डॉक्टर

थानाध्यक्ष ने बताया कि अभी तक कोई आवेदन नहीं आया है. ऐसे में प्रश्न उठता है कि इस तरह के प्रचारित कार्यक्रम में कोई घायल हो और पुलिस को जानकारी हो, इसके बावजूद पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं करना यह पुलिस की लापरवाही को दर्शाता है.

अस्पताल से मिली सूचना और पुलिस की निष्क्रियता

थानाध्यक्ष ने बताया कि घायल होने की जानकारी हमें अस्पताल से मिली. लोगों ने बताया कि यह विडंबना ही है कि पुलिस को अस्पताल से जानकारी मिल रही है.

घायल में एक व्यक्ति नारायणपुर थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव निवासी पिंटू विश्वकर्मा का पुत्र गोलू शर्मा है. फिलहाल पुलिस घायल व्यक्ति की मौत की पुष्टि नहीं कर रही है. सोशल मीडिया पर चल रही मौत की खबर को लेकर भी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है.


विज्ञापन
नरेद्र प्रसाद सिंह

लेखक के बारे में

By नरेद्र प्रसाद सिंह

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन