ePaper

IIT बॉम्बे से UPSC टॉपर, जानें कनिष्क कटारिया ने कैसे हासिल की AIR-1

Updated at : 05 Mar 2026 8:48 PM (IST)
विज्ञापन
IAS Kanishak Kataria Success Story

IAS Kanishak Kataria (PC-इंस्टाग्राम)

IAS Kanishak Kataria: हर साल लाखों कैंडिडेट्स यूपीएससी के एग्जाम में शामिल होते हैं. लेकिन कम लोग ही टॉप रैंक हासिल कर पाते हैं. उन्हीं में से एक है कनिष्क कटारिया. जिन्होनें सैमसंग की नौकरी छोड़ IAS टॉपर बनें. जिन्होंने अपने पहले ही प्रयास में UPSC में AIR-1 हासिल कर इतिहास रच दिया.

विज्ञापन

IAS Kanishak Kataria Success Story: देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में गिनी जाने वाली सिविल सर्विस एग्जाम में हर साल लाखों कैंडिडेट्स शामिल होते हैं. लेकिन बहुत कम लोग ही इसमें टॉप रैंक हासिल कर पाते हैं. साल 2018 में एक ऐसे ही प्रतिभाशाली युवा कनिष्क कटारिया ने अपने पहले ही प्रयास में इस एग्जाम में AIR-1 हासिल कर सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया.

टेक्नोलॉजी के सेक्टर में शानदार करियर होने के बावजूद उन्होंने देश की सेवा को अपना लक्ष्य बनाया और कड़ी मेहनत के दम पर यह मुकाम हासिल किया. उनकी सफलता आज उन युवाओं के लिए बड़ी प्रेरणा है, जो एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस में जाकर समाज और देश के लिए कुछ बड़ा करना चाहते हैं. आइए इनकी जर्नी (IAS Kanishak Kataria Success Story) को करीब से जानते हैं.

IAS Kanishak Kataria Success Story: कौन है कनिष्क कटारिया ?

कनिष्क कटारिया 2019 बैच के IAS ऑफिसर हैं. वे मूलरूप से राजस्थान में जयपुर के रहने वाले हैं. मिडिल क्लास फैमिली से आने वाले कनिष्क कटारिया बचपन से ही पढ़ाई में अव्वल रहे हैं. उनके पिता संवरमल वर्मा राजस्थान कैडर के IAS ऑफिसर हैं और उनकी माता हाउसवाइफ है. उन्होनें अपनी स्कूलिंग सेंट पॉल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल कोटा से 2010 में पूरी की है. उनका बचपन पढ़ाई और डिसिप्लिन वाले एनवायरनमेंट में बीता है.

IIT बॉम्बे से की पढ़ाई

कनिष्क कटारिया 2010 में IIT-JEE एग्जाम में AIR 44 हासिल किया. इसके बाद उन्होनें आईआईटी बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस में BTech ऑनर्स और एप्लाइड स्टैटिस्टिक्स में माइनर्स किया. 2014 में ग्रेजुएशन करने के बाद उनके पिता ने UPSC के एग्जाम में बैठने के लिए कहा.

नौकरी से UPSC तक का सफर

ग्रेजुएशन करने के बाद कनिष्क कटारिया (IAS Kanishak Kataria Success Story) ने टेक्निकल फील्ड में काम किया. साउथ कोरिया में Samsung Electronics में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में काम किया. बाद में इंडिया आकर बेंगलुरू में डेटा साइंटिस्ट बनें. हालांकि उन्हें अच्छी सैलरी और सफल करियर मिल चुका था, फिर भी उन्होनें देश की सेवा करने का सपना चुना. 2017 में कनिष्क ने नौकरी छोड़कर जयपुर में जाकर UPSC की तैयारी शुरू कर दी.

UPSC में AIR-1

कनिष्क कटारिया ने अपने पहले ही प्रयास में यूपीएससी सिविल सर्विस एग्जाम में ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल किया है. कनिष्क को राजस्थान कैडर मिला. फिलहाल वे Department of personnel (A-1) ऑफिसर रैंक में तैनात है.

यह भी पढ़ें: बेटे से दूर रहकर की तैयारी, दूसरे प्रयास में हासिल की UPSC रैंक 2

विज्ञापन
Smita Dey

लेखक के बारे में

By Smita Dey

स्मिता दे प्रभात खबर में डिजिटल कंटेंट क्रिएटर के तौर पर काम कर रही हैं. बुक्स पढ़ना, डांसिंग और ट्रैवलिंग का शौक रखने वाली स्मिता युवाओं को बेहतर करियर गाइड करना और नौकरी के लिए प्रोत्साहित करना पसंद करती हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola