इंजीनियरिंग एजुकेशन को मिली नई रफ्तार, ग्रेजुएट और PG यूथ की रोजगार में आया सुधार

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काॅलेज स्टूडेट की सांकेतिक फोटो (Image- Canva)

Engineering Edu Improvement: मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन की रिपोर्ट के अनुसार देश में इंजीनियरिंग एजुकेशन और यूथ रोजगार में लगातार सुधार हो रहा है. AISHE के आंकड़ों में इंजीनियरिंग एनराॅलमेंट बढ़ने के साथ ग्रेजुएट और PG यूथ के वर्कर पॉपुलेशन रेशियो (WPR) में भी वृद्धि दर्ज की गई है. वहीं NATS के तहत Apprenticeship पूरी करने वाले 74% युवाओं को रोजगार प्राप्त हुआ है.

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Engineering Edu Improvement: देश में इंजीनियरिंग एजुकेशन और यूथ की रोजगार क्षमता को मजबूत करने की दिशा में लगातार अच्छे बदलाव देखने को मिल रहे हैं. मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन की ओर से X पर जारी रिपोर्ट के अनुसार, इंजीनियरिंग काेर्स में छात्रों का इनराॅलमेंट बढ़ा है. आइए इस बारे में डिटेल में जानते हैं.

Enrollment Improved: इंजीनियरिंग में इनराॅलमेंट में हुई वृद्धि

ऑल इंडिया सर्वे ऑन हायर एजुकेशन (AISHE) के अनुसार, वर्ष 2019-20 में इंजीनियरिंग कोर्स में कुल 52.21 लाख छात्र एनरोल्ड थे. हालांकि 2023-24 में यह संख्या बढ़कर 62.17 लाख हो गई.

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Graduate Employability Increased: जानिए कितनी हुई वृद्धि?

जारी रिपोर्ट के अनुसार ग्रेजुएट यूथ का वर्कर पॉपुलेशन रेशियो (WPR) काफी बढ़ा है. बता दें कि 2019-20 में WPR 50.6 लाखा था, जो 2023-24 में बढ़कर 57.5 हो गया है. रिपोट में जारी यह इंप्रूवमेंट काफी आच्छा है.

PG Employability Increased: पोस्टग्रेजुएट यूथ के लिए अच्छा अवसर

जारी रिपोर्ट के अनुसार ग्रेजुएट के साथ ही पोस्ट ग्रेजुएट यूथ के WPR में भी वृद्धि हुई है. 2019-20 में पोस्ट ग्रेजुएट्स का WPR जहां 59.5 लाख था, वहीं यह आंकड़ा 2023-24 में बढ़कर 62.2 लाख हो गया है.

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What is WPR: क्या है WPR?

वर्कर पापुलेशन रेशियो (Worker Population Ratio - WPR) कुल जनसंख्या में से रोजगार प्राप्त (काम करने वाले) लोगों का प्रतिशत होता है. यह रेशियो यह मापने में मदद करता है कि देश की कुल आबादी का कितना हिस्सा एक्टिव रूप से इकोनॉमिक और प्रोडक्टिव गतिविधियों में लगा हुआ है.

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About NATS Plan: जानिए क्या है यह प्लान?

नेशनल अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग स्कीम (NATS) के माध्यम से यूथ को प्रैक्टिकल ट्रेनिंग और रोजगार के अवसर प्रदान किए जा रहे हैं. जारी रिपोर्ट के अनुसार 2025-26 में 5 लाख से अधिक ट्रेनीज ने ट्रेनिंग में एनरोलमेंट कराया और ट्रेनिंग पूरी की. थर्ड पार्टी इवैल्यूएशन (Third-party Evaluation) के अनुसार, अप्रेंटिसशिप पूरी करने वाले 74% ट्रेनीज को रोजगार प्राप्त हुआ है.

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प्रगति सिन्हा

लेखक के बारे में

By प्रगति सिन्हा

मैं प्रगति सिन्हा पिछले लगभग 3 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ी हूं। मुझे मुख्य रूप से शिक्षा से जुड़ी खबरों और उसमे हो रहे बदलावों व अपग्रेडेशन को समझना एवं उसे लोगों तक पहुंचाना पसंद है। प्रभात खबर डिजिटल के माध्यम से मेरा प्रयास रहता है कि शिक्षा जगत में हो रहे महत्वपूर्ण घटनाक्रम, विद्यार्थियों से जुड़े मुद्दे और नई योजनाओं की जानकारी रीडर्स तक पहुंचा सकूं। मैं इससे पहले कोलकाता स्थित सन्मार्ग हिंदी डेली में एजुकेशन रिपोर्टर के तौर पर काम कर चुकी हूं.

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