लॉकडाउन से लॉ के स्टूडेंट को नहीं होगा कोई नुकसान, बीसीआई के आदेश के बाद ऑनलाइन एग्जाम लेंगे यूनिर्वसिटी

कोरोना वायरस की वजह से देश में हुए लॉकडाउन से अब कानून की पढ़ाई करने वाले छात्रों को किसी तरह की एकैडमिक नुकसान नहीं उठाना पड़ेगा. इसका कारण यह है कि बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के दिशानिर्देश के बाद देश के सभी यूनिर्वसिटी को ऑनलाइन परीक्षा लेने का आदेश दिया है. इससे देश के लाखों कानून की पढ़ाई करने वाले छात्रों को फायदा हो सकता है.
कोरोना वायरस की वजह से देश में हुए लॉकडाउन से अब कानून की पढ़ाई करने वाले छात्रों को किसी तरह की एकैडमिक नुकसान नहीं उठाना पड़ेगा. इसका कारण यह है कि बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के दिशानिर्देश के बाद देश के सभी यूनिर्वसिटी को ऑनलाइन परीक्षा लेने का आदेश दिया है. इससे देश के लाखों कानून की पढ़ाई करने वाले छात्रों को फायदा हो सकता है.
तीसरे एवं अंतिम वर्ष के छात्रों के लिए
तीसरे एवं अंतिम वर्ष के छात्रों के लिए विश्वविद्यालयों को ऑनलाइन परीक्षा देने की अनुमति दी गई है, ताकि इसका लाभ उठाने में असमर्थ छात्रों के लिए वैकल्पिक रणनीति अपनाई जा सके.
इंटरमीडिएट सेमेस्टर के छात्र हैं
उन्हें पिछले वर्षों के प्रदर्शन और वर्तमान वर्ष की आंतरिक परीक्षा में प्राप्त अंकों के आधार पर पदोन्नत किया जाएगा. कॉलेजों को फिर से खोलने के एक महीने के भीतर अंतिम सेमेस्टर परीक्षा आयोजित की जाएगी.
बीसीआई ने विश्वविद्यालयों को सभी कोविद -19 महामारी प्रोटोकॉल का उचित ध्यान रखने का निर्देश दिया है, छात्र के स्वास्थ्य में थोड़ा भी समझौता नहीं किया जाएगा.
यहां तक कि ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (AICTE) भी छात्रों की फाइनल परीक्षा आयोजित करने का विचार कर रही है, भले ही उन्हें सितंबर / अक्टूबर के बाद परीक्षा लेनी पड़े. परीक्षाओं को रद्द करना अंतिम विकल्प होना चाहिए और निर्णय लेने के लिए विश्वविद्यालयों पर निर्णय छोड़ दिया जाना चाहिए उनके क्षेत्रों की स्थिति पर निर्भर करता है.
कोरोना वायरस के कारण हुए लॉकडाउन के कारण शिक्षा जगत में पठन पाठन पूरी तरह से प्रभावित हुआ है. विश्वविद्यालयों की परीक्षाएं भी स्थगित कर दी गई हैं. इसके अलावा विद्यालयों की पढ़ाई भी प्रभावित हुई हैं. विद्यालयों में फिलहाल ऑनलाइन कक्षाएं ली जा रही हैं. कई राज्यों के स्टेट बोर्ड की परीक्षाओं का रिजल्ट जारी किया गया है और कई राज्यों के बोर्ड की परीक्षाओं का रिजल्ट आना बाकी है. सीबीएससी द्वारा दसवीं और बारहवीं की ली जाने वाली बोर्ड की लंबित परीक्षाओं को जुलाई में लेने की बात की गई है.
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लेखक के बारे में
By Shaurya Punj
मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.
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