Saraikela News: अवैध खनन भंडारण और परिवहन के खिलाफ चांडिल में बड़ी कार्रवाई, डीएमओ ने किया औचक निरीक्षण

Updated at : 29 Jan 2026 10:12 AM (IST)
विज्ञापन
Saraikela News

अवैध तरीके से बालू भंडारण किए गए स्थल पर औचक निरीक्षण करते सरायकेला खरसावां के डीएमओ.

Saraikela News: झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल अनुमंडल में अवैध खनन, भंडारण और परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है. डीसी नितिश कुमार सिंह के निर्देश पर डीएमओ की टीम ने तिरुलडीह, ईचागढ़ और नीमडीह थाना क्षेत्रों में औचक निरीक्षण कर करीब 1.55 लाख घनफीट अवैध बालू जब्त की. अवैध उत्खनन में लगी जेसीबी मशीन भी पकड़ी गई है. नीमडीह में लौह अयस्क के अवैध उत्खनन के निशान मिलने के बाद एफआईआर की तैयारी की जा रही है. नीचे पूरी खबर पढ़ें.

विज्ञापन

Saraikela News: झारखंड के चांडिल अनुमंडल में अवैध खनन, भंडारण और परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है. बुधवार, 28 जनवरी 2026 को सरायकेला-खरसावां जिले के उपायुक्त नितिश कुमार सिंह के निर्देश पर विशेष अभियान चलाया गया. इस अभियान का नेतृत्व जिला खनन पदाधिकारी (डीएमओ) की टीम ने किया. टीम ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों में औचक निरीक्षण कर अवैध रूप से जमा किए गए बालू और अवैध उत्खनन के मामलों का खुलासा किया.

तिरुलडीह क्षेत्र में 1.10 लाख घनफीट अवैध बालू जब्त

औचक निरीक्षण के दौरान तिरुलडीह थाना के सपादा और सिरकाडीह में बड़ी मात्रा में अवैध बालू का भंडारण पाया गया. जांच के बाद करीब 1,10,000 घनफीट अवैध बालू को विधिवत जब्त किया गया. अधिकारियों के अनुसार, यह बालू बिना किसी वैध अनुमति के भंडारित किया गया था. जब्ती की कार्रवाई के बाद बालू को सरकारी अभिरक्षा में लिया गया है और आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.

अवैध उत्खनन करते पकड़ी गई जेसीबी मशीन

इसी दौरान तिरुलडीह थाना क्षेत्र के सिरकाडीह में मिट्टी खनिज का अवैध उत्खनन करते हुए एक जेसीबी मशीन पकड़ी गई. टीम ने मशीन को मौके पर ही जब्त कर लिया और तिरुलडीह थाना को सौंप दिया. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि मशीन किसकी है और इसके जरिए कब से अवैध खनन किया जा रहा था. इस मामले में संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है.

ईचागढ़ में भी बड़ी कार्रवाई, 45 हजार घनफीट बालू जब्त

जिला खनन विभाग की टीम ने ईचागढ़ थाना क्षेत्र के मौजा सोड़ो जारगोडीह में भी औचक निरीक्षण किया. यहां लगभग 45,000 घनफीट अवैध बालू भंडारण पाया गया. जांच के बाद इस बालू को भी विधिवत जब्त कर लिया गया. अधिकारियों ने बताया कि जब्त किए गए बालू को जल्द ही ई-नीलामी के माध्यम से बेचने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, ताकि सरकारी राजस्व को नुकसान न हो.

नीमडीह में लौह अयस्क के अवैध उत्खनन के निशान

इसी अभियान के तहत जिला खनन विभाग की टीम ने नीमडीह थाना क्षेत्र के मौजा झीमडी का भी निरीक्षण किया. यहां लाल टुंगरी, जो एकलव्य विद्यालय परिसर के पास स्थित है, वहां लौह अयस्क के अवैध उत्खनन से जुड़े तीन बड़े गड्ढे पाए गए. यह संकेत मिला है कि यहां काफी समय से चोरी-छिपे खनन किया जा रहा था. इस मामले में संबंधित लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.

प्रशासन सख्त, दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई

इस पूरे मामले पर सरायकेला-खरसावां के उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने स्पष्ट कहा है कि जिले में कहीं भी अवैध खनन, भंडारण या परिवहन को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि ऐसे मामलों में दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए.

इसे भी पढ़ें: आय से अधिक संपत्ति मामले में विनय चौबे रिमांड पर, साले से पूछताछ जारी

आगे भी जारी रहेगा अभियान

जिला प्रशासन के अनुसार, आने वाले दिनों में भी अलग-अलग इलाकों में औचक निरीक्षण और छापेमारी जारी रहेगी. अवैध खनन से पर्यावरण को नुकसान पहुंचता है और सरकार को भारी राजस्व हानि होती है. इसी को देखते हुए प्रशासन अब इस पर पूरी सख्ती के साथ कार्रवाई कर रहा है. अधिकारियों ने लोगों से भी अपील की है कि यदि कहीं अवैध खनन या बालू भंडारण की जानकारी हो, तो इसकी सूचना प्रशासन को दें.

इसे भी पढ़ें: झारखंड हाईकोर्ट के आदेशों के बावजूद रांची में सरस्वती पूजा में बजा डीजे, महिला को हार्टअटैक

विज्ञापन
KumarVishwat Sen

लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola