हेमंत सोरेन पर स्टेन स्वामी की तरह जेल में कौन कर रहा है जुल्म? झारखंड के पूर्व सीएम के फेसबुक पोस्ट पर बाबूलाल की तीखी प्रतिक्रिया

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन.
झारखंड के पूर्व सीएम हेमंत सोरेन के फेसबुक अकाउंट से हुए एक पोस्ट से घमासान मच गया है. आरोप है कि हेमंत सोरेन पर जेल में जुल्म हो रहा है. इस पर भाजपा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.
टेबल ऑफ कंटेंट्स
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के फेसबुक अकाउंट से पोस्ट किया गया है कि जिस तरह सबसे कमजोर वर्ग के लिए आवाज उठानेवाले फादर स्टेन स्वामी को संस्थागत उपेक्षा और अन्याय से चुप कराया गया, आज उसी तरह का जुल्म हेमंत पर हो रहा है. इस पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है.
झारखंड को मणिपुर बनाने से बाज नहीं आएंगे भाजपा वाले
हेमंत सोरेन के अकाउंट से पोस्ट किया गया कि हेमंत सोरेन पर स्टेन स्वामी की तरह जुल्म हो रहा है. आज जरूरत है, हर झारखंडी को हेमंत के पक्ष में मजबूती के साथ खड़ा होने की, वरना ये झारखंड को मणिपुर बनाने से बाज नहीं आयेंगे.
यह चुनाव फादर स्टेन स्वामी की मौत का बदला लेने की शुरुआत
हेमंत सोरेन के फेसबुक अकाउंट से लिखा गया है कि इस चुनाव में झारखंड ने 84 वर्षीय जेसुइट पादरी व आदिवासी अधिकार कार्यकर्ता फादर स्टेन स्वामी की हिरासत में हुई अनुचित मौत का बदला लेने की शुरुआत की है. उनकी मौत भारत के लोकतंत्र व मानवाधिकारों की स्थिति पर एक काला धब्बा है.
स्टेन स्वामी को जेल में पानी पीने के लिए 25 पैसे का स्ट्रॉ नहीं दिया
आगे लिखा गया है कि आदिवासी समुदायों के अधिकारों के लिए लड़ाई लड़ने वाले फादर स्टेन को पार्किंसंस रोग के बावजूद उन्हें भाजपा सरकार द्वारा लगाये गये झूठे आतंकवाद के आरोपों पर जमानत और समुचित चिकित्सा उपचार से वंचित रखा गया. पानी पीने के लिए 25 पैसे का स्ट्रॉ नहीं दिया गया.

5 जुलाई 2021 को हिरासत में हो गई स्टेन स्वामी की मौत
इसके आगे कहा गया है कि जेल की स्थितियों से बिगड़ते स्वास्थ्य के कारण फादर स्टेन की मौत 5 जुलाई, 2021 को हिरासत में हो गयी. उनकी मौत आतंकवाद के बहाने से विपक्ष व आदिवासियों को दबाने, मानवाधिकार कार्य का अपराधीकरण करने की भाजपा की नीति का उदाहरण है.
बैरक का सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक करायें : बाबूलाल मरांडी
हेमंत सोरेन के फेसबुक अकाउंट से हुए इस पोस्ट पर झारखंड प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने सोशल मीडिया साइट ‘एक्स’ के जरिए निशाना साधा है. मरांडी ने कहा है कि हेमंत सोरेन जी की बड़ी तमन्ना थी, लोगों को उठाकर जेल में डालने की.
सैकड़ों निर्दोषों को जेल में डाला, तब मानवाधिकार का ख्याल नहीं आया
कहा कि सत्ता के अहंकार में आपने सैकड़ों निर्दोषों को जेल में डाला. तब आपको न तो मानवाधिकार का ख्याल आया, न जेल के अंदर की बदतर हालातों का. लेकिन ईश्वर का न्याय देखिए कि जिस ‘जेल के खेल’ को आपने शुरू किया, अपने कुकर्मों के कारण आप भी उसी खेल का शिकार हो गये.
आप बेकार में आदिवासी बंधुओं की चिंता में दुबले हुए जा रहे हैं
बाबूलाल मरांडी ने आगे कहा कि अब आप बेकार में ही मानवाधिकार और आदिवासी बंधुओं की चिंता में दुबले हुए जा रहे हैं. जब संताल में सैकड़ों आदिवासी बेटियों को लव जिहाद में फंसाया गया, उनके शरीर के टुकड़े-टुकड़े कर दिये गये, गाड़ियों से कुचला गया. तब आपको आदिवासियों की याद नहीं आयी?
चंपाई सोरेन को मजबूर कर दूंगा कि वो आपको सारी सुविधाएं दें
बाबूलाल ने लिखा है कि हेमंत सोरेन जी यदि आपको जेल में कथित यातनाएं दी जा रही हैं, तो न्यायालय से अनुरोध करके अपने बैरक का सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक करायें. मैं आपको आश्वस्त करता हूं कि जेल मैनुअल के अनुसार आपको सारी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए मैं आपके पक्ष में खड़ा रहूंगा और चंपाई सोरेन सरकार को जेल मैनुअल के अनुसार सारी सुविधाएं देने के लिए मजबूर कर दूंगा.
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By Mithilesh Jha
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