रांची : बेकार हो गये तीन करोड़ रुपये के 5400 मोबाइल
Updated at : 04 Dec 2018 9:22 AM (IST)
विज्ञापन

रांची : समाज कल्याण निदेशालय ने दो वर्ष पहले करीब तीन करोड़ रुपये खर्च करके स्मार्ट मोबाइल फोन खरीदा था. औसतन साढ़े पांच हजार कीमत वाले कुल 5400 फोन में आज तक सिम ही नहीं डाला गया है. लिहाजा सभी फोन बेकार हो गये हैं. आशंका है कि कार्बन कंपनी के इन सभी मोबाइल फोन […]
विज्ञापन
रांची : समाज कल्याण निदेशालय ने दो वर्ष पहले करीब तीन करोड़ रुपये खर्च करके स्मार्ट मोबाइल फोन खरीदा था. औसतन साढ़े पांच हजार कीमत वाले कुल 5400 फोन में आज तक सिम ही नहीं डाला गया है. लिहाजा सभी फोन बेकार हो गये हैं. आशंका है कि कार्बन कंपनी के इन सभी मोबाइल फोन की बैटरी खराब हो गयी है.
दरअसल कुपोषण से ज्यादा प्रभावित सात चयनित जिलों दुमका, लातेहार, पलामू, चतरा, लोहरदगा, प. सिंहभूम व सरायकेला में मोबाइल फोन बांटे जाने थे. इन जिलों की कुल 63 समेकित बाल विकास परियोजना (आइसीडीपी) के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों की सेविकाओं को स्मार्ट फोन दिये जाने थे. इस फोन का इस्तेमाल केंद्रों की मॉनिटरिंग तथा सेविका से बच्चों व महिलाओं संबंधी रिपोर्ट प्राप्त करने के लिए होना था.
सेविका को अपने यहां आने वाले बच्चों, किशोरियों व महिलाओं की तस्वीरें भी तय व्यवस्था के तहत मुख्यालय तक भेजनी थीं. पर कुल 63 में से सिर्फ 30 परियोजना में ही करीब पांच हजार स्मार्ट मोबाइल फोन बांटे गये. शेष 33 प्रोजेक्ट एरिया में पांच हजार चार सौ मोबाइल फोन आज तक नहीं बंट सके हैं.
आइसीडीपी के तहत कुल 204 प्रोजेक्ट एरिया तथा 38432 आंगनबाड़ी केंद्र हैं. आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से चलने वाला पूरक पोषाहार कार्यक्रम, प्रोजेक्ट का सबसे बड़ा कार्यक्रम है, जिनके लाभुकों में बच्चे, गर्भवती तथा धात्री महिलाएं शामिल हैं. इनकी निगरानी के लिए ही मोबाइल व टैबलेट जैसी तकनीक का इस्तेमाल होना है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Tags
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




