40 लाख पौधे लगा जिले ने बनाया था रिकार्ड
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 05 Jun 2019 5:11 AM
विज्ञापन
कृषि वानिकी योजना के तहत किसानों को दिए जाते हैं पौधे प्रथम व द्वितीय वर्ष 10-10 व तृतीय वर्ष में मिलता है 15 रुपये प्रति पौधे सीतामढ़ी : पर्यावरण की सुरक्षा व संरक्षण को लेकर प्रति वर्ष पांच जून को विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जाता है. इसकी घोषणा सर्वप्रथम संयुक्त राष्ट्र संघ की ओर से […]
विज्ञापन
कृषि वानिकी योजना के तहत किसानों को दिए जाते हैं पौधे
प्रथम व द्वितीय वर्ष 10-10 व तृतीय वर्ष में मिलता है 15 रुपये प्रति पौधे
सीतामढ़ी : पर्यावरण की सुरक्षा व संरक्षण को लेकर प्रति वर्ष पांच जून को विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जाता है. इसकी घोषणा सर्वप्रथम संयुक्त राष्ट्र संघ की ओर से वर्ष 1972 में राजनीतिक व सामाजिक जागृति लाने के उद्देश्य से की गयी थी.
पांच से 16 जून तक संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा आयोजित विश्व पर्यावरण सम्मेलन के बाद 5 जून 1974 को सर्वप्रथम विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया. पर्यावरण संतुलन को लेकर जिला प्रशासन बेहतर काम कर रही है. जिसका स्पष्ट प्रमाण है कि गत 10 अगस्त 2018 को वन महोत्सव के अवसर पर जिला प्रशासन ने 40 लाख पौधरोपण कर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में निबंधन करा चुका है. इस उपलब्धि को लेकर 5 अक्तूबर को संजय गांधी जैविक उद्यान, पटना में आयोजित एक कार्यक्रम में डीएम डॉ रणजीत कुमार सिंह को पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन के लिए डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने सम्मानित किया था.
वर्ष 2017-18 में 78 व 18-19 में लगाये गये 72 हजार पौधे : इस संबंध में डीएफओ नरेश प्रसाद ने बताया कि सरकारी निर्देश के आलोक में सीतामढ़ी व शिवहर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में प्रति वर्ष लक्ष्य के अनुरूप पौधे लगाये जाते हैं. वर्ष 2018-19 में विभाग की ओर से कुल 72 हजार 550 पौधे लगाये गये हैं. जबकि वर्ष 17-18 में 78 हजार 350 पौधे लगाये गये थे. उन्होंने बताया कि कुल 17 फीसदी लक्ष्य के अनुरूप अब तक 15.5 फीसदी भूमि को वनाच्छादित किया गया है. इसके अलावे कृषि वाणिकी योजना के तहत किसानों को लक्ष्य के अनुरूप पौधा उपलब्ध कराया जाता है. इसके देख-रेख के लिए प्रथम व द्वितीय वर्ष 10-10 रुपये व तृतीय वर्ष 15 रुपये प्रति पौधे की दर से जांच के बाद उनके बैंक खाते में राशि भेजी जाती है.
लगाये गये पौधों में से 10-15 फीसदी पौधे मृतप्राय हो जाता है, जिसे अगले सीजन में पूरा कराया जाता है. कहा, जिले के विभिन्न मुख्य सड़क, नहर किनारे, सार्वजनिक स्थल व सरकारी कार्यालय परिसरों में पौधारोपण किया जाता है, जिसमें फूल व फलदार पौधों के अलावे विभिन्न प्रकार के अन्य पौधे भी शामिल होते हैं. दोनों जिले में एनएच-77 व 104 समेत अन्य पथों के निर्माण से पूर्व जिन पौधों की कटाई की गयी, उसे डाक के माध्यम से बिक्री कर विभाग के खाते में राशि को जमा करा दिया जाता है. साथ ही में काटे गये पेड़ की संख्या से कई गुणा अधिक उन पथों के किनारे लगवाया जाता है.
विज्ञान भवन में मुख्य कार्यक्रम : डीएफओ श्री प्रसाद ने बताया कि विज्ञान भवन, पटना में 5 जून को विभाग की ओर से मुख्य कार्यक्रम का आयोजन होना है, जिसमें जिले के सभी वरीय पदाधिकारी मौजूद रहेंगे. वहां से प्राप्त दिशा-निर्देश के आलोक में अग्रेतर कार्रवाई होगी. कहा, पर्यावरण दिवस के मौके पर व्यवहार न्यायालय परिसर में जिला जज द्वारा पौधा रोपण किया जायेगा. इसी प्रकार विभिन्न संगठनों की ओर से पौधारोपण कि लिए पौधे की मांग की गयी है, जिसे विभाग की ओर से उपलब्ध करा दिया गया है.
शिव शिष्यों ने किया था पौधरोपण : शिव शिष्य परिवार की ओर से विश्व पर्यावरण दिवस के तहत गत वर्ष डुमरा रेलवे स्टेशन पर करीब दो दर्जन पौधे लगाये गये थे. सदस्य सदाशिव झा ने बताया कि गत वर्ष जानकी नंदन, पंकज, सुधा दीदी व बिंदु दीदी के सहयोग से पौधारोपण किया गया था. इस वर्ष भी करीब विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर 100 पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित है.
पर्यावरण विशेषज्ञों की राय: पर्यावरण विशेषज्ञों के मुताबिक, लोग साफ आबोहवा में सांस ले सकें, इसके लिये वन क्षेत्र बहुत जरूरी है. पेड़ पौधे कार्बन डाॅइऑक्साइड को सोख लेते हैं और ऑक्सीजन छोड़ते हैं. इससे ग्लोबल वाॅर्मिंग का खतरा नहीं रहता है. वनों की कटाई कर दी जाये, तो कार्बन वायुमंडल को प्रदूषित करेगा.
यूएस एनवायरनमेंट प्रोटेक्शन एजेंसी के अनुसार वातावरण में 17 प्रतिशत कार्बन डाॅइऑक्साइड फैलने का कारण वनों की कटाई है. प्रख्यात पर्यावरणविद् अनिल प्रकाश कहते हैं कि धरती को सुरक्षित रखना है, तो वन संपदा को बचाना होगा. पौधरोपण अभियान में तेजी लानी होगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Tags
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










