जीएमसीएच में ऑर्थोपेडिक सर्जरी के लिए बढ़ायी गयी ओटी की क्षमता

Published by : SATYENDRA SINHA Updated At : 14 Jul 2025 7:27 PM

विज्ञापन

राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल में हड्डी से जुड़े ऑपरेशन के मामलों में ओटी की क्षमता को बढ़ाया गया है.

विज्ञापन

पूर्णिया. राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल में हड्डी से जुड़े ऑपरेशन के मामलों में ओटी की क्षमता को बढ़ाया गया है. हालांकि यह व्यवस्था जीएमसीएच के ट्रॉमा सेंटर में स्थित पुराने ऑपरेशन थियेटर में ही की गयी है, लेकिन इसका सीधा लाभ मरीजों को मिलेगा. दरअसल पूर्व में चल रहे ट्रॉमा सेंटर के ऑपरेशन थियेटर में ऑपरेशन बेड की संख्या बढ़ायी गयी है. इसे बढ़ाकर अब दो कर दी गयी है. विभिन्न हादसों अथवा अन्य कारणों से बढती मरीजों की संख्या के मद्देनजर यह व्यवस्था की गयी है. वहीं दूसरी ओर बोन फ्रैक्चर के अलावा पैरों के लिगामेंट के लिए भी ऑपरेशन शुरू हो जाने से मरीजों को अपनी बारी का इंतजार करना पड़ता था, लेकिन अब दो बेड हो जाने से एक साथ दो मरीजों का ऑपरेशन संभव हो सकेगा. प्राचार्य प्रो डॉ हरिशंकर मिश्र एवं अधीक्षक डॉ संजय कुमार ने इस बात पर संतोष व्यक्त किया है कि मरीजों को इससे त्वरित लाभ मिलेगा और कम समय में ज्यादा मरीजों की समस्याओं का निराकरण संभव हो सकेगा.

प्रतिदिन लगभग आधा दर्जन मरीजों का होता है ऑपरेशन

मिली जानकारी के अनुसार, जीएमसीएच के ट्रॉमा सेंटर में स्थित ऑपरेशन थियेटर में प्रत्येक दिन अमूमन आधा दर्जन मरीजों की हड्डियों से संबंधित ऑपरेशन किये जाते हैं. इनमें दो से तीन मेजर ऑपरेशन होते हैं. इसके अतिरिक्त प्लास्टर करवाने वाले मरीजों की संख्या भी लगभग दर्जन भर होती है. मालूम हो कि जीएमसीएच में ऑर्थोप्लास्टी, ऑर्थोस्कोपी एवं सी आर्म मशीन आदि की उपलब्धता से हड्डी फ्रैक्चर एवं ऑपरेशन के मेजर कार्यों से लेकर घुटना, हिप, लिगामेंट इंज्यूरी में इलाज संभव हुआ है जिस वजह से मरीजों की संख्या में भी बढ़ोत्तरी हुई है. हालांकि इन कार्यों के लिए मुख्य रूप से ऑर्थोपेडिक विभाग के एचओडी डॉ सीके दास, डॉ सिद्धार्थ सोहन, ऑर्थोसर्जन डॉ राजेश भारती, डॉ रवि बाबू एवं डॉ दिलीप कुमार सहित पारामेडिकल, ओटी सहायक एवं तकनीशियन तैनात हैं, जबकि इनके हैंड्स को और भी बढ़ाने की जरूरत है.

विभिन्न हड्डी एवं जॉइंट्स से जुड़े मामलों में मरीजों की बढ़ती संख्या के मद्देनजर ओटी में ऑपरेशन बेड की संख्या बढ़ाना जरूरी था. फिलहाल जीएमसीएच के ट्रॉमा सेंटर में ही चल रहे ऑर्थोसर्जरी के ऑपरेशन थियेटर में बेड की संख्या बढ़ायी गयी है. नए भवन में ऑपरेशन थियेटर उपलब्ध हो जाने के बाद इसे वहां शिफ्ट कर दिया जाएगा.

प्रो डॉ हरिशंकर मिश्र, प्राचार्य, जीएमसीएचB

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
SATYENDRA SINHA

लेखक के बारे में

By SATYENDRA SINHA

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन