कर्मियों की आयु सीमा वृद्धि का प्रस्ताव नहीं

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पटना : उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी ने बताया कि राज्य कर्मियों की सेवानिवृत्ति की उम्र सीमा में वृद्धि का कोई प्रस्ताव नहीं है. राज्य सरकार द्वारा राज्य कर्मियों को केंद्रीय कर्मियों की भांति पहली जनवरी 1996 से अपने सेवी वर्ग को केंद्रीय सेवा शर्तों एवं सुविधाएं देने के लिए सैद्धांतिक रूप से […]

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पटना : उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी ने बताया कि राज्य कर्मियों की सेवानिवृत्ति की उम्र सीमा में वृद्धि का कोई प्रस्ताव नहीं है. राज्य सरकार द्वारा राज्य कर्मियों को केंद्रीय कर्मियों की भांति पहली जनवरी 1996 से अपने सेवी वर्ग को केंद्रीय सेवा शर्तों एवं सुविधाएं देने के लिए सैद्धांतिक रूप से सहमत है.

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बिहार सरकार सरकारी कर्मी के वार्धक्य सेवा निवृत्ति की आयु 60 वर्ष निर्धारित है. यह केंद्र सरकार के कर्मियों के अनुरूप है. केंद्र सरकार में कर्मियों की सेवानिवृत्ति की उम्र को 60 वर्ष से बढ़ाकर 65 वर्ष किये जाने संबंधी प्रस्ताव की सूचना राज्य सरकार को नहीं है.
राज्य सरकार केंद्र सरकार के अनुरूप ही केंद्रीय प्रावधान को अंगीकार करती है. वित्त मंत्री विधानसभा में वीरेंद्र कुमार के गैर सरकारी संकल्प का जवाब दे रहे थे. उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री के डीडीओ के आलोक में केंद्रीय निर्णय को अंगीकृत किया गया है.
इसके अनुसार स्वास्थ्य सेवा के शिक्षकों व चिकित्सकों की उम्र सीमा 65 वर्ष तक बढ़ायी गयी है. राज्य सरकार सेवा शर्तों के मामले में केंद्र सरकार के प्रावधानों को अपने राज्य की स्थिति में स्वीकार करती है. मोदी ने बताया कि राज्य में पुरानी पेंशन योजना लागू करने का कोई प्रस्ताव सरकार के पास नहीं है.
केंद्रीय कर्मियों के समान राज्य सरकार द्वारा वित्त विभाग के संकल्प के अनुसार एक सितंबर 2005 एवं उसके बाद नियुक्त राज्य कर्मियों के लिए पुरानी पेंशन स्कीम को समाप्त कर नयी पेंशन प्रणाली लागू की गयी थी.
पटना : उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी ने बताया कि राज्य कर्मियों की सेवानिवृत्ति की उम्र सीमा में वृद्धि का कोई प्रस्ताव नहीं है. राज्य सरकार द्वारा राज्य कर्मियों को केंद्रीय कर्मियों की भांति पहली जनवरी 1996 से अपने सेवी वर्ग को केंद्रीय सेवा शर्तों एवं सुविधाएं देने के लिए सैद्धांतिक रूप से सहमत है. बिहार सरकार सरकारी कर्मी के वार्धक्य सेवा निवृत्ति की आयु 60 वर्ष निर्धारित है.
यह केंद्र सरकार के कर्मियों के अनुरूप है. केंद्र सरकार में कर्मियों की सेवानिवृत्ति की उम्र को 60 वर्ष से बढ़ाकर 65 वर्ष किये जाने संबंधी प्रस्ताव की सूचना राज्य सरकार को नहीं है. राज्य सरकार केंद्र सरकार के अनुरूप ही केंद्रीय प्रावधान को अंगीकार करती है. वित्त मंत्री विधानसभा में वीरेंद्र कुमार के गैर सरकारी संकल्प का जवाब दे रहे थे.
उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री के डीडीओ के आलोक में केंद्रीय निर्णय को अंगीकृत किया गया है. इसके अनुसार स्वास्थ्य सेवा के शिक्षकों व चिकित्सकों की उम्र सीमा 65 वर्ष तक बढ़ायी गयी है. राज्य सरकार सेवा शर्तों के मामले में केंद्र सरकार के प्रावधानों को अपने राज्य की स्थिति में स्वीकार करती है.
मोदी ने बताया कि राज्य में पुरानी पेंशन योजना लागू करने का कोई प्रस्ताव सरकार के पास नहीं है. केंद्रीय कर्मियों के समान राज्य सरकार द्वारा वित्त विभाग के संकल्प के अनुसार एक सितंबर 2005 एवं उसके बाद नियुक्त राज्य कर्मियों के लिए पुरानी पेंशन स्कीम को समाप्त कर नयी पेंशन प्रणाली लागू की गयी थी.
विधानसभा परिसर में रेल आरक्षण काउंटर खोलने की होगी सिफारिश : विधानसभा में परिवहन मंत्री ने कहा कि विधानसभा परिसर में रेलवे टिकट आरक्षण केंद्र स्थापित करने की सिफारिश राज्य सरकार रेल मंत्रालय से करेगी.
उन्होंने आनंद शंकर सिंह के गैर सरकारी संकल्प को स्वीकृत करते हुए औरंगाबाद प्रखंड के फेसर पचरूखिया पथ पर रेलवे ��्रॉसिंग पर रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण के लिए केंद्र सरकार के रेल मंत्रालय को सिफारिश की जायेगी.
उन्होंने अशोक कुमार सिंह के गैर सरकारी संकल्प को स्वीकार करते हुए बताया कि औरंगाबाद जिले की नगर पंचायत रफीगंज के वार्ड नंबर तीन के अब्दुलपुर के पास रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण के लिए भी केंद्र सरकार के रेल मंत्रालय को सिफारिश भेजा जायेगा.
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