महिला कर्मी और नाबालिग बेटी से छेड़छाड़ के आरोप में AIIMS अधिकारी गिरफ्तार
Published by : Suryakant Kumar Updated At : 05 Jun 2026 11:44 PM
आरोपी अश्विनी कुमार सिंह की फाइल फोटो
AIIMS Patna News: पटना एम्स की एक महिला कर्मी और उनकी नाबालिग बेटी के साथ पिछले दो वर्षों से छेड़छाड़ करने का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है. एम्स प्रबंधन की आंतरिक जांच समिति द्वारा आरोपों की पुष्टि किए जाने के बाद फुलवारी शरीफ थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी कनीय प्रशासनिक अधिकारी (आउटसोर्स) अश्विनी कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है.
AIIMS Patna News ( पटना से अजीत कुमार की रिपोर्ट ) :
पटना एम्स में कार्यरत एक महिला कर्मी एवं उनकी नाबालिग पुत्री के साथ कथित तौर पर लगभग दो वर्षों तक लगातार छेड़छाड़ किए जाने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. मामले में एम्स प्रशासन की आंतरिक जांच में आरोपों की सत्यता की पुष्टि होने के बाद फुलवारी शरीफ थाना में एक आधिकारिक प्राथमिकी दर्ज कराई गई. इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी कनीय प्रशासनिक अधिकारी (आउटसोर्स) अश्विनी कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है. पीड़ित महिला ने आरोप लगाया है कि जब भी उन्होंने आरोपी की इस घिनौनी हरकत का विरोध किया, तो उन्हें नौकरी से बर्खास्त करने की धमकी देकर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया.
सर्जरी के दौरान हुई थी पहचान, बेटी के साथ भी की अश्लील हरकत
पीड़िता के अनुसार, लगभग दो वर्ष पूर्व उनकी एक बड़ी सर्जरी पटना एम्स में हुई थी, जिसके बाद अस्पताल में प्रशासनिक कार्यों के दौरान उनकी पहचान कनीय प्रशासनिक अधिकारी अश्विनी कुमार सिंह से हुई थी. महिला का आरोप है कि पहचान का फायदा उठाकर आरोपी लगातार उनके साथ छेड़छाड़ और बदसलूकी करता था. महिला सामाजिक बदनामी और नौकरी जाने के डर से लंबे समय तक चुप रही, लेकिन हद तब हो गई जब महिला को पता चला कि आरोपी अधिकारी उसकी नाबालिग बेटी के साथ भी अश्लील हरकतें कर रहा है और उसके साथ गलत काम करने का प्रयास कर रहा है. इसके बाद पीड़िता ने न्याय के लिए आवाज उठाई.
व्हाट्सएप चैट और तकनीकी साक्ष्यों की जांच के लिए बनी 6 सदस्यीय समिति
सामाजिक लोकलाज के भय को दरकिनार कर पीड़िता ने अंततः 21 फरवरी 2026 को एम्स के चिकित्सा पदाधिकारी को लिखित शिकायत सौंपकर पूरे मामले की जानकारी दी. शिकायत की संवेदनशीलता को देखते हुए एम्स प्रशासन ने फौरन एक छह सदस्यीय उच्चस्तरीय आंतरिक जांच समिति का गठन किया. जांच समिति ने मामले की विस्तृत पड़ताल की, जिसमें दोनों के बीच हुए व्हाट्सएप चैट, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और अन्य पुख्ता तकनीकी प्रमाणों को खंगाला गया. आंतरिक जांच में महिला और उसकी बेटी द्वारा लगाए गए सभी आरोप पूरी तरह सही पाए गए, जिसके बाद एम्स प्रबंधन ने सख्त रुख अपनाया.
एम्स प्रबंधन की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी को भेजा न्यायिक हिरासत में
एम्स के वरिष्ठ प्रशासनिक पदाधिकारी राजकुमार जालान की ओर से आधिकारिक जांच रिपोर्ट के साथ आरोपी अश्विनी कुमार सिंह के विरुद्ध फुलवारी शरीफ थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई. फुलवारी शरीफ थाना प्रभारी मोहम्मद गुलाम शहबाज आलम ने बताया कि आंतरिक समिति की रिपोर्ट के आधार पर पोक्सो एक्ट (POCSO Act) और छेड़छाड़ की गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए नामजद आरोपी अश्विनी कुमार सिंह को दबोच लिया है. पुलिस द्वारा आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है और आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है.
Also Read: दाउदनगर चोरी कांड का खुलासा, CCTV फुटेज से खुला राज, दो आरोपी गिरफ्तार
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










