सुविधाओं का अभाव : बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन को मिला बी श्रेणी जंकशन का दर्जा

Updated at : 14 Jul 2015 11:55 PM (IST)
विज्ञापन
सुविधाओं का अभाव : बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन को मिला बी श्रेणी जंकशन का दर्जा

बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड का सबसे महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन बिहारशरीफ है. इस रेल को 1903 में मार्टिन लाइट रेलवे द्वारा बख्तियारपुर-बिहार लाइट रेलवे के नाम से जो चौड़ी छोटी लाइन 762 मिमी आमान के साथ खोला गया. पुन:1962 में इसे ब्रॉड गेज में परिवर्तित किया गया. भारत के तत्कालीन रेलमंत्री जगजीवन राम ने इस रेलखंड का उद्घाटन […]

विज्ञापन
बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड का सबसे महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन बिहारशरीफ है. इस रेल को 1903 में मार्टिन लाइट रेलवे द्वारा बख्तियारपुर-बिहार लाइट रेलवे के नाम से जो चौड़ी छोटी लाइन 762 मिमी आमान के साथ खोला गया. पुन:1962 में इसे ब्रॉड गेज में परिवर्तित किया गया. भारत के तत्कालीन रेलमंत्री जगजीवन राम ने इस रेलखंड का उद्घाटन किया था.
पानी की टंकी मौत की बजा रही है घंटी
रेलखंड पर है मानवरहित रेलवे क्रॉसिंग की भरमार
बिहारशरीफ : यह पूर्व मध्य रेलवे है. इसी के हाथों बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड का संचालन होता है. यह रेलखंड कई अंतरराष्ट्रीय पर्यटक स्थलों को जोड़ता है. करीब 53 किलोमीटर के इस रेलखंड पर प्रतिदिन 11 जोड़ी ट्रेनें दौड़ती हैं. बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन को अब जंकशन का दर्जा दिया गया है. यहां से अब दनियावां के लिए ट्रेन का परिचालन किया जाना है. पूर्व मध्य रेलवे द्वारा बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड के डेवलपमेंट से संबंधित जो डिजाइन तैयार किया गया है, वह काफी उम्दा है, लेकिन अब तक नाम बड़े व छोटे दर्शन की सीटी यहां से गुजरनेवाली रेलगाड़ियां बजा रही हैं. बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन को गत दिनों जंकशन का दर्जा दिया गया है. बी श्रेणी सुविधा प्राप्त बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन अब तक विकास की बाट जोह रहा है. रेलवे अधिकारियों का तर्क है कि निकट भविष्य में बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन पर सुख-सुविधाएं यात्रियों को मिलेंगी.
यात्रियों की सुरक्षा रामभरोसे : बिहारशरीफ जंकशन के ट्रैक पर भैंसें चरती रहती हैं. सुरक्षा को लेकर तैनात रेलवे पुलिस को इससे कोई लेना देना नहीं है. प्लेटफॉर्म संख्या एक पर यात्रियों के लिए बनायी गयी पेयजल व्यवस्था का हाल काफी बुरा है. पानी के लिए यात्रियों को भटकना पड़ता है. प्लेटफॉर्म संख्या-01 पर स्थित सुलभ शौचालय के गेट पर ताला जड़ा रहता है. रेल पुलिस के एक पदाधिकारी ने बताया कि शौच के लिए उन्हें भी खेत-खलिहान का सहारा लेना होता है. आरक्षण के लिए एक खिड़की होने के कारण यहां काफी भीड़ रहती है.
बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड को मिलनेवाली महत्वपूर्ण सुविधाएं : बख्तियारपुर-राजगीर रेलखंड को विद्युतीकरण योजना से संबंधित एक खाका तैयार किया गया है. इसके लिए पूर्व मध्य रेल द्वारा सर्वे का काम भी पूरा कर लिया गया है. बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन पर दो अतिरिक्त प्लेटफॉर्म के विस्तार के साथ, प्लेटफॉर्म संख्या एक की लंबाई और अधिक करने से संबंधित डिजाइन को पूरा कर लिया गया है.
उक्त रेलखंड के सभी मानवरहित फाटक पर गुमटी लगा कर गैर सरकारी प्रशिक्षित वाचमैन की प्रतिनियुक्ति करनी है. बिहारशरीफ- दनियावां रेलखंड पर एक सवारी गाड़ी के परिचालन की बात रेलवे के वरीय अधिकारियों द्वारा बतायी गयी है.
कयास लगाये जा रहे हैं कि जुलाई माह से बिहारशरीफ-दनियावां रेलखंड पर ट्रेन का परिचालन संभव हो पायेगा.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन