टैक्स वसूली में फिर पिछड़ गया नगर निगम मुंगेर, लक्ष्य से 1.80 करोड़ रह गयी पीछे

Updated at : 05 Apr 2026 7:16 PM (IST)
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टैक्स वसूली में फिर पिछड़ गया नगर निगम मुंगेर, लक्ष्य से 1.80 करोड़ रह गयी पीछे

टैक्स वसूली में पिछड़ने के कारण नगर निगम मुंगेर ने होल्डिंग टैक्स वसूली के लिए आउट सोर्सिंग एजेंसी लॉजिकुफ को अधिकृत किया था.

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वित्तीय वर्ष समाप्ति के अंतिम पांच दिन में शहरवासियों ने जमा किया करीब 1 करोड़

निगम के होल्डिंग टैक्स वसूली को रखे गये एनजीओ को मिला 9 प्रतिशत कमीशन

मुंगेर. टैक्स वसूली में पिछड़ने के कारण नगर निगम मुंगेर ने होल्डिंग टैक्स वसूली के लिए आउट सोर्सिंग एजेंसी लॉजिकुफ को अधिकृत किया था. बावजूद वित्तीय वर्ष 2025-26 में निगम लक्ष्य से 1.80 करोड़ रुपये पीछे रह गया, जबकि एजेंसी को मदद करने के लिए निगम प्रशासन ने अपने कर्मी को भी लगा दिया. हद तो यह रही कि वित्तीय वर्ष समाप्ति के पांच दिनों में शहरवासियों ने कार्यालय पहुंच कर करीब 1 करोड़ रुपये टैक्स जमा कराया. उसका भी 9 प्रतिशत कमीशन एजेंसी को बैठे-बिठाये मिल जायेगी.

वित्तीय वर्ष में 9 करोड़ 82 लाख रुपये राजस्व वसूली का था लक्ष्य

वित्तीय वर्ष 2025-26 में नगर निगम को होल्डिंग मद में 9 करोड़ 82 लाख रुपये राजस्व वसूली का लक्ष्य निर्धारित किया. होल्डिंग टैक्स वसूली के लिए नगर निगम ने महाराष्ट्र की एक आउट सोर्सिंग एजेंसी लॉजिकुफ को को ठेका दे रखा है. जब 31 मार्च 2026 को वित्तीय वर्ष समाप्त हो गया और राजस्व वसूली का मूल्यांकन किया गया तो पाया गया कि नगर निगम और एजेंसी लक्ष्य से 1.80 करोड़ रुपये राजस्व वसूली में पीछे रह गयी. यानी निगम ने कुल 8 करोड़ 2 लाख रुपये होल्डिंग टैक्स वसूल कर सकी. जिसका प्रतिशत लगभग 82 प्रतिशत है. हालांकि, अगर अन्य स्रोतों को भी इसमें शामिल किया जाये, जैसे स्टॉल किराया, नगर निगम भवनों का किराया और गाड़ियों से होने वाली आय, तो कुल लक्ष्य 11 करोड़ 17 लाख 25 हजार रुपये निर्धारित किया गया था. जिसके विरुद्ध 9 करोड़ 46 लाख 25 हजार रुपये की प्राप्ति हुई. जो कुल लक्ष्य का लगभग 84 प्रतिशत है.

वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतिम पांच दिन में एक करोड़ जमा, मौज में एजेंसी

वित्तीय वर्ष 2025-26 की समाप्ति के अंतिम पांच दिनों में शहरवासियों ने होल्डिंग टैक्स मद में 1 करोड़ रुपये कार्यालय पहुंच कर जमा किया है. निगम से मिली जानकारी के अनुसार, शनिवार को 16 लाख रुपये जमा शहरवासियों ने किया, जबकि रविवार को 15 लाख, सोमवार को 24 लाख और अंतिम दिन मंगलवार को शहरवासियों ने 45 लाख रुपये कर्यालय पहुंच कर धक्का मुक्की के बीच जमा किया. शहरवासियों से कार्यालय में होल्डिंग टैक्स जमा के लिए न सिर्फ एजेंसी के कर्मी काम कर रहे थे, बल्कि नगर निगम के कई टैक्स दारोगा व कर्मी को इस कार्य में लगाया गया था. बावजूद इसके निगम को एजेंसी को इस राशि का 9 प्रतिशत कमीशन का भुगतान करना पड़ेगा. यहां वहीं कहावत माल महाराज का, मिर्जा खेले होली… चरितार्थ हो रही है.

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13,373 गृहस्वामियों ने जमा किया होल्डिंग टैक्स

मुंगेर. नगर निगम के 45 वार्ड में कुल मकानों की संख्या 33,459 है. वहीं बिजली कनेक्शन के आधार पर यह संख्या करीब 44,004 तक पहुंचती है. हैरानी की बात यह है कि करीब 8 करोड़ 2 लाख रुपये वसूली केवल 13,373 मकान धारकों से की गयी है. जो कुल मकानों का लगभग 40 प्रतिशत है. यानी अब भी 60 प्रतिशत गृहस्वामी ने होल्डिंग टैक्स जमा नहीं किया. हालांकि, होल्डिंग मद में जो राजस्व प्राप्त हुआ है, उसमें कुछ सरकारी कार्यालय व ऑफिस मद से भी प्राप्त हुआ है.

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एजेंसी के खिलाफ वार्ड पार्षदों ने दिया था धरना व प्रदर्शन

मुंगेर. वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर जब गृहस्वामियों का हुजूम नगर निगम कार्यालय में होल्डिंग टैक्स जमा करने के लिए उमड़ी तो मनमानी भी खूब होने लगी. गृहस्वामियों से होल्डिंग टैक्स के रूप में अधिक राशि लेकर कम राशि का प्राप्ति रसीद एजेंसी द्वारा दिया गया. जब इसकी जानकारी वार्ड पार्षदों की हुई तो उसने ठेका एजेंसी के खिलाफ आंदोलन शुरू कर दिया. वार्ड पार्षदों ने निगम गेट पर धरना दिया और प्रदर्शन किया. एजेंसी के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया. विदित हो कि अधिकृत एजेंसी का समय सीमा 31 मार्च 2026 को समाप्त हो गया है, लेकिन वर्तमान समय में भी नगर निगम प्रशासन उससे काम ले रही है.

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वित्तीय वर्ष 2024-25 में भी पिछड़ गयी थी नगर निगम

मुंगेर. वित्तीय वर्ष 2024-25 में भी होल्डिंग टैक्स वसूली में नगर निगम की अधिकृत एजेंसी लॉजिकूफ विफल रही थी. निगम ने एजेंसी को 906.31 लाख रुपये होल्डिंग (व्यवसायिक संस्थान सहित) टैक्स वसूली का लक्ष्य दिया गया था, लेकिन एजेंसी मात्र 731.03 लाख रुपये ही राजस्व वसूल कर सकी. यानी निगम को 175.28 लाख रुपये राजस्व की प्राप्ति नहीं हो पायी थी. विदित हो कि नगर निगम क्षेत्र में कुल 45 वार्ड हैं. इनमें उस समय कुल होल्डिंग की संख्या 28 हजार 197 थी. जिसपर निगम का 906.31 लाख का होल्डिंग टैक्स बकाया है. नगर निगम की अधिकृत एजेंसी द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 में 731.03 लाख राजस्व होल्डिंग टैक्स के रूप में वसूल किया गया है, जिसका प्रतिशत 80.66 है. इसमें सरकारी, कॉमर्शियल व अन्य भवन भी शामिल हैं.

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RANA GAURI SHAN

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