सौराठ सभा आठ से 14 जुलाई तक
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 09 Jun 2016 6:06 AM
मिथिलांचल : का विश्व प्रसिद्ध ऐतिहासिक सौराठ सभा का आयोजन जिले के सौराठ स्थित सभा गाछी में आगामी 8 से 14 जुलाई तक किया जायेगा. विश्व का यह प्रथम और प्रसिद्ध स्थल है. जहां सदियों से दूल्हे का मेला लगता है. सभा गाछी में वर पक्ष के लोग दूल्हे को शादी के लिए यहां पूरी […]
मिथिलांचल : का विश्व प्रसिद्ध ऐतिहासिक सौराठ सभा का आयोजन जिले के सौराठ स्थित सभा गाछी में आगामी 8 से 14 जुलाई तक किया जायेगा. विश्व का यह प्रथम और प्रसिद्ध स्थल है. जहां सदियों से दूल्हे का मेला लगता है. सभा गाछी में वर पक्ष के लोग दूल्हे को शादी के लिए यहां पूरी तैयारी के साथ लेकर आते है. दूल्हे सज धज कर तैयार अपने वासा पर बुजुर्ग परिजनों के साथ बैठे रहते है. जहां कन्या पक्ष के लोग आकर अपने अनुकूल वर की तलाश करते है. और लंबी पूछताछ के बाद संतुष्ट होने पर लेन-देन की बात होती है फिर यहीं से वर का हाथ उठाकर कन्या वाले बरात के साथ अपने घर ले जाते है. और वर कन्या की शादी होती है.
अतिक्रमण का शिकार
मिथिलांचल के हक और अधिकार की लड़ाई लड़ने वाली संस्था एवं प्रशासनिक उदासीनता के कारण यहां की अधिकांश भूमि अतिक्रमण का शिकार है.
घटक राज की भूमिका अहम
वर कन्या पक्ष के बीच समन्वय स्थापित करने के लिए मध्यस्थता करने वाले घटक राज की भूमिका इस ऐतिहासिक सौराठ सभा गाछी में महत्वपूर्ण होती है. दोनों पक्ष के लोग इन्हीं घटक राज पर अपने वर और कन्या को प्रणय सूत्र में बांधने के लिए पूर्णत: आश्रित रहते है. कई घटक यह भूमिका मुफ्त में सेवा भावना से निभाते है. जबकि कई पेशेवर की इसमें कुछ निर्धारित राशि पहले से सेवा शुल्क के रूप में तय होती है.
एक लाख की भीड़ जुटने पर झुक जाते थे पेड़ के पत्ते
किंवदंति है कि सौराठ सभा गाछी में सभा के दौरान जिस दिन एक लाख की भीड़ जुट जाती है तो सभा गाछी के तमाम पेड़ों के पत्ते मूरझाकर झुक जाते थे. हालांकि, पिछले कई दशक से मिथिलांचल के ब्राह्मणों की उदासीनता और सरकारी एवं प्रशासनिक स्तर पर यहां जुटने वाली भीड़ के लिए सुविधाओं की समुचित व्यवस्था नहीं करने के कारण लोगों ने बहुत हद तक यहां आने से मुंहफेर लिया है. लेकिन इसके उत्थान में संचालित सौराठ सभा विकास समिति के सचिव शेखरचंद्र मिश्रा ने कहा कि संस्था सतत प्रयास कर रही है. उन्होंने मिथिलांचल के ब्राह्मणों से हर परिवार से कम से कम एक सदस्य को सभा के दौरान यहां पहुंचकर ऐतिहासिक धरोहर को बचाने में सहयोग करने की अपील की है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










