पशु चिकित्सालय में कर्मियों का है अभाव
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 12 Dec 2014 10:01 PM
अलौली. प्रखंड क्षेत्र स्थित प्रथम श्रेणी पशु चिकित्सालय में प्रतिमाह आठ सौ से अधिक जानवरों का इलाज किया जाता है, लेकिन अस्पताल में आवश्यक उपकरण व दवा उपलब्ध नहीं है. जिसके कारण पशुपालक अपने प्रखंड में पशु अस्पताल होने के बावजूद निजी क्लिनिकों में पशु का इलाज कराने को विवश हो रहे हैं जहां उन्हें […]
अलौली. प्रखंड क्षेत्र स्थित प्रथम श्रेणी पशु चिकित्सालय में प्रतिमाह आठ सौ से अधिक जानवरों का इलाज किया जाता है, लेकिन अस्पताल में आवश्यक उपकरण व दवा उपलब्ध नहीं है. जिसके कारण पशुपालक अपने प्रखंड में पशु अस्पताल होने के बावजूद निजी क्लिनिकों में पशु का इलाज कराने को विवश हो रहे हैं जहां उन्हें अपनी जेब ढिली करनी पड़ रही है. पशुपालक या तो स्वयं निजी दुकान से दवा खरीद कर लाते हैं अथवा दवा के अभाव में वापस चले जाते हैं. पशुपालक अर्जुन कुमार, देवन यादव, पंकज कुमार आदि ने बताया कि पशु अस्पताल में पर्याप्त व्यवस्था नहीं रहने के कारण हमलोगों को पशुओं का इलाज कराने के लिये हमेशा निजी पशु डॉक्टरों का सहारा लेना पड़ता है. उक्त बाबत पूछे जाने पर डॉ शशि भूषण सिंह ने बताया कि जानवरों का इलाज नियमत: रोजाना अस्पताल में किया जाता है.
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