बरारी गंगा समग्र के स्वयंसेवकों ने गंगा सप्तमी पर काढ़ागोला घाट पर गंगा पूजन, भव्य गंगा आरती का आयोजन किया. दिवाकर मिश्र ने वैदिक मत्रोच्चार के साथ गंगा तट पर गंगा पूजन व गंगा आरती, गंगा भईया के जयघोष शंखनाद से पूरा वातावरण गूंज उठा. काढ़ागोला घाट एक ऐतिहासिक स्थल है. जिसकी पहचान को पुनस्थापित करने व गंगा के प्रति जागरूकता के लिए गंगा समग्र लगातार प्रयासरत है. दिवाकर मिश्र ने बताया कि गंगा सप्तमी बैशाख मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मोक्षदायिनी, पवित्र दिव्य नदी मां गंगा का अवतरण स्वर्ग से पृथ्वी पर हुआ था. भगवान शिव की जटाओं में समाहित हो गई थी. इस दिन गंगा स्नान करने का विशेष महत्व है. इस दिन गंगा स्नान, पूजा, आरती एवं दान करने से सभी पापों से मुक्त होकर मोक्ष की प्राप्ति होती है. गंगा समग्र के जिला संयोजक नवीन चौधरी ने बताया कि गंगा समग्र गंगा के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए लगातार कार्यक्रम करती आ रही है. जिला सहसंयोजक मनोज साह ने बताया कि काढ़ागोला घाट पर श्रद्धालुओं की सुविधा का घोर अभाव है. जिसके लिए प्रशासन से लेकर जनप्रतिनिधियों को लगातार ज्ञापन दिया जा रहा है. लेकिन काढ़ागोला घाट के प्रति उदासीन रवैया अपनाया हुआ है जो चिंता का विषय है. कार्यक्रम मौके पर जिला सह संयोजक मनोज साह, गंगा प्रमुख जीवछ गुप्ता, अमरेंद्र कुमार अमर, योगेश पाल, राजेश कुमार, राहुल राज स्वयंसेवक उपस्थित रहे.
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