ePaper

26 जनवरी की परेड में 8 साल बाद दिखेगी बिहार की झलक, रक्षा मंत्रालय ने झांकी को दी मंजूरी

Updated at : 26 Dec 2024 9:00 PM (IST)
विज्ञापन
बिहार की झांकी

बिहार की झांकी

Bihar tableau: 26 जनवरी गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड में बिहार की झांकी 8 साल बाद दिखेगी.

विज्ञापन

26 जनवरी के मौके पर नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड में 8 साल के बाद बिहार की झांकी भी दिखाई देगी. रक्षा मंत्रालय ने बिहार सरकार के झांकी को मंजूरी दे दी है. इसके साथ ही मंत्रालय ने इसकी सूचना बिहार सरकार को दी है.2025 की गणतंत्र दिवस परेड में 15 राज्य और केंद्र प्रदेश की झांकी का ही चयन किया गया है. रक्षा मंत्रालय की ओर से बयान में कहा गया है कि गणतंत्र दिवस 2025 की झांकी का विषय “स्वर्णिम भारत: विरासत और विकास” रखी गई है. 

दो हिस्सों में बांटा गई है बिहार की झांकी

आगामी गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड में बिहार की झांकी को दो हिस्सों में बांटा गया है. इसमें भगवान बुद्ध के शांति संदेश और प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय के विस्तृत ज्ञान की परंपरा को प्रदर्शित किया जाएगा. इस मामले से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि झांकी के पहले भाग में राजगीर की घोड़ा कटोरा झील में स्थित भगवान बुद्ध की प्रतिमा का प्रदर्शन किया जाएगा. 70 फीट ऊंची प्रतिमा को साल 2018 में एक ही पत्थर से बनाया गया था. 

नालंदा के खंडहर
नालंदा के खंडहर

नालंदा के खंडहरों को देखेगी दुनिया 

वहीं, झांकी के दूसरे हिस्से में प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय के खंडहरों की झलक दिखाई जाएगी. यह नालंदा महाविहार यूनेस्को की विरासत सूची में शामिल है. इस प्राचीन विश्वविद्यालय को पुनर्जीवित करने के प्रयास में इसी साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की मौजूदगी में आधुनिक यूनिवर्सिटी का उद्घाटन राजगीर में किया था.  

रक्षा मंत्रालय
रक्षा मंत्रालय

8 साल बाद दिखेगी बिहार की झलक

दिल्ली में गणतंत्र दिवस परेड में बिहार की झांकी आखिरी बार साल 2016 में नजर आई थी. इसके बाद आठ सालों तक बिहार की झांकी को गणतंत्र दिवस में हिस्सा नहीं ले सकी थी. केंद्र सरकार की ओर से गुरुवार को जारी बयान में कहा गया कि गणतंत्र दिवस परेड में समय की कमी के चलते इस बार केवल 15 प्रदेशों की झांकी ही दिखाई जाएंगी। इसके लिए बिहार के अलावा आंध्र प्रदेश, गोवा, गुजरात, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, पंजाब, त्रिपुरा, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, चंडीगढ़, दादरा और नगर हवेली एवं और दमन और दीव का चयन किया गया है.

इसे भी पढ़ें: CM Nitish Pragati Yatra: मुख्यमंत्री ने शिवहर को दी विकास योजनाओं की सौगात, जीविका दीदियों से की मुलाकात

विज्ञापन
Prashant Tiwari

लेखक के बारे में

By Prashant Tiwari

प्रशांत तिवारी डिजिटल माध्यम में पिछले 3 सालों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. करियर की शुरुआत पंजाब केसरी से करके राजस्थान पत्रिका होते हुए फिलहाल प्रभात खबर डिजिटल के बिहार टीम तक पहुंचे हैं, देश और राज्य की राजनीति में गहरी दिलचस्पी रखते हैं. साथ ही अभी पत्रकारिता की बारीकियों को सीखने में जुटे हुए हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन