डीएमसीएच में पैथोलॉजिक जांच घर ठप
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :21 Sep 2016 6:34 AM (IST)
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दरभंगा : डीएमसीएच के कई पैथोलॉजिकल जांच घर ठप हैं. इसके कारण मरीजों को महंगे जांच के लिए लाले पड़ गये हैं. मेडिकल कॉलेज में रिएजेंट (रसायन)और कई मशीन खराब पड़े हैं और मरीजों का महंगा जांच नहीं हो पा रहा है. इसके कारण उन्हें कई निजी जांच घरों का दरवाजा खटखटाना पड़ता है. किस […]
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दरभंगा : डीएमसीएच के कई पैथोलॉजिकल जांच घर ठप हैं. इसके कारण मरीजों को महंगे जांच के लिए लाले पड़ गये हैं. मेडिकल कॉलेज में रिएजेंट (रसायन)और कई मशीन खराब पड़े हैं और मरीजों का महंगा जांच नहीं हो पा रहा है. इसके कारण उन्हें कई निजी जांच घरों का दरवाजा खटखटाना पड़ता है.
किस जांच का है अभाव
अलकालन में सीरम बिलरूबीन, एसडीपीटी, एससीओटी, अलकलाइन फास्फेट, क्रिटनीनी सीरम, ब्लड सूगर, लिपिड प्रोफाइल, एसीड यूरिया, सीरम प्रोटीन, हारमोलन टेस्ट और सीबीसी जांच शामिल है.
क्या है कारण
एबीसी का पांच एवं तीन पार्ट्स मशीन खराब पड़ा है. कई जांच के लिए रसायन का अभाव है. रसायन क्रय के लिए टेंडर निकाला गया था. तकनीकी कारणों से रसायन क्रय की प्रक्रिया नहीं हो पायी है. तकनीकी कमी दूर करने के लिए एक कंपनी से रसायन की दर मांगा गया है.
यूनिट खुली हैं, नहीं होती जांच
डीएमसीएच में जांच घर के कई यूनिट खुले हैं, लेंकिन मरीजों की जांच के लिए भाग-दौड़ करनी पड़ती है. मरीज इस भाग -दौड़ से बचने के लिए निजी जांच घर का दरवाजा खटखटाते हैं. सर्जिकल भवन, ओपीडी, शिशु रोग और गायनिक वार्ड में जांच घर खुले रहते हैं, लेकिन यहां महंगे जांच नहीं हो पाता है. ऐसे कई जांच घरों में तकनीशियन की भारी कमी है.
क्या कहते हैं प्राचार्य
डॉ आरके सिन्हा ने बताया कि रिएजेंट का क्रय की प्रक्रिया चल रही है. हालांकि कई महंगे जांच मेडिकल कॉलेज में हरेक दिन होता है, जहां लंबी लाइन लगी रहती है.
निजी जांच घरों में जा रहे मरीज
रसायन खरीदने की प्रक्रिया जारी
थ्री पार्ट्स मशीन खराब
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