एंबुलेंस मिला, पर चालक नहीं

Published at :13 Dec 2014 3:05 AM (IST)
विज्ञापन
एंबुलेंस मिला, पर चालक नहीं

केसठ : सरकार अस्पतालों में मरीजों की सुविधा के लिए लाखों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन इसका लाभ मरीजों को नहीं मिल पा रहा. केसठ पीएचसी में रख रखाव के अभाव में लाखों रुपये की संपत्ति बरबाद हो रही है. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र केसठ में पिछले माह से प्रसव की सुविधा बहाल की गयी […]

विज्ञापन

केसठ : सरकार अस्पतालों में मरीजों की सुविधा के लिए लाखों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन इसका लाभ मरीजों को नहीं मिल पा रहा. केसठ पीएचसी में रख रखाव के अभाव में लाखों रुपये की संपत्ति बरबाद हो रही है. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र केसठ में पिछले माह से प्रसव की सुविधा बहाल की गयी है.

गंभीर स्थिति में मरीजों को इलाज के लिए बाहर ले जाने के लिए सरकार ने एक एंबुलेंस पीएचसी को दिया है, लेकिन यह एंबुलेंस चलने की बजाय परिसर की शोभा बढ़ा रहा है. विभाग की उदासीनता के कारण क्षेत्र के लोगों को सुविधा नहीं मिल रही है.
* चालक के अभाव में खड़ा है एंबुलेंस : स्वास्थ्य विभाग ने एंबुलेंस तो भेज दिया, इसे दौड़ाने के लिए चालक नहीं. चालक के नहीं रहने से एंबुलेंस खड़ा-खड़ा खराब हो रहा है. जब भी मरीजों की स्थिति नाजुक बनती है और चिकित्सक बक्सर या अन्य जगहों पर रेफर करते हैं, तो मरीज के परिवारवाले निजी वाहनों का सहारा लेते हैं. सरकार ने इस एंबुलेंस को गर्भवती महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, गरीबी रेखा से नीचे के मरीजों, कालाजार से पीड़ित मरीजों व सड़क दुर्घटना गंभीर रूप से जख्मी मरीजों को तुरंत बक्सर भेजने के लिए दिया है, लेकिन अभी तक इसका लाभ लोगों को नहीं मिल रहा है.
* क्या कहते हैं ग्रामीण
समाजसेवी दीप नारायण दुबे, धनंजय आर्य, कमलेश प्रताप सिंह उर्फ रिंकू सिंह का कहना है कि एंबुलेंस की सेवा शुरू रहती, तो क्षेत्र के गरीबों को राहत मिलती, लेकिन विभाग उदासीन बना हुआ है.
* क्या कहते हैं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी
प्रखंड चिकित्सा प्रभारी डॉ भोला चौधरी ने बताया कि विभाग से एंबुलेंस चालू कराने का दिशा-निर्देश मिल गया है. जल्द ही चालक की बहाली कर एंबुलेंस सेवा शुरू कर दी जायेगी.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन