एक ही फोटो से लगाई हाजिरी, औरंगाबाद में 11 शिक्षकों पर कार्रवाई की तैयारी, जांच में खुलासा
Published by : Paritosh Shahi Updated At : 05 Apr 2026 6:06 PM
बिहार शिक्षा विभाग
Bihar Teacher Attendence: औरंगाबाद में इ-शिक्षाकोष पोर्टल पर शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति में गड़बड़ी सामने आई है. जांच में 11 शिक्षकों द्वारा नियमों का पालन न करने का मामला पकड़ा गया है. विभाग ने सभी से 48 घंटे में जवाब मांगा है और सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है.
Bihar Teacher Attendence: औरंगाबाद जिले में शिक्षा विभाग की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है. इ-शिक्षाकोष पोर्टल पर शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी में गड़बड़ी मिलने के बाद विभाग ने 11 शिक्षकों और शिक्षिकाओं से जवाब मांगा है. यह मामला फरवरी 2026 की उपस्थिति की जांच के दौरान सामने आया. इसके बाद विभाग हरकत में आ गया. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी की ओर से जारी आदेश में साफ कहा गया है कि सभी शिक्षकों को रोजाना इ-शिक्षाकोष ऐप पर अपनी उपस्थिति दर्ज करना जरूरी है. लेकिन जांच में पाया गया कि कई शिक्षकों ने नियमों का पालन नहीं किया. कुछ ने एक ही फोटो को कई दिनों तक बार-बार अपलोड किया. कुछ ने कई तारीखों में अपनी उपस्थिति दर्ज ही नहीं की.
रिकॉर्ड में पाई गई गड़बड़ी
जांच के दौरान कई स्कूलों के नाम सामने आए हैं. इनमें सदर प्रखंड के मध्य विद्यालय खरंजा, मदनपुर के मध्य विद्यालय बेला, मध्य विद्यालय बाजितपुर, गोह प्रखंड के उत्क्रमित उच्च विद्यालय बेनी कैथी, कन्या मध्य विद्यालय, उच्च विद्यालय गणेशनगर मनिका, प्राथमिक विद्यालय कुशा, प्राथमिक विद्यालय हसनबार फुदकी, उच्च विद्यालय बेरी और सागरपुर उच्च माध्यमिक विद्यालय शामिल हैं. इन स्कूलों के शिक्षकों की उपस्थिति रिकॉर्ड में गड़बड़ी पाई गई है.
जांच रिपोर्ट में बताया गया है कि कुछ शिक्षकों ने 14 फरवरी को ली गई एक ही फोटो को 17 से 28 फरवरी तक लगातार इस्तेमाल किया. कई मामलों में 4 से 6 फरवरी और 23 से 27 फरवरी तक उपस्थिति दर्ज ही नहीं की गई. इससे साफ है कि नियम का सही तरीके से पालन नहीं किया गया है.
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इन शिक्षकों से मांगा गया जवाब
विभाग में अभिनव तिवारी, अभिषेक आनंद, अभिषेक सिंह, अल्पना भारती, अमरेंद्र कुमार, अमरेंद्र कुमार ज्ञानी, अरविंद कुमार, अनामिका कुमारी, आशिष कुमार और अभिजीत कुमार नाम के शिक्षकों से जवाब मांगा है. सभी पर अलग-अलग तरह की लापरवाही के आरोप हैं.
शिक्षा विभाग ने इसे गंभीर मामला मानते हुए सभी संबंधित शिक्षकों को 48 घंटे के अंदर जवाब देने को कहा है. संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. विभाग का कहना है कि डिजिटल सिस्टम का मकसद पारदर्शिता लाना है, लेकिन इस तरह की गड़बड़ी से व्यवस्था पर सवाल उठते हैं. विभाग ने कहा है कि आगे भी इस तरह की जांच जारी रहेगी और जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी.
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By Paritosh Shahi
परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
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