गर्भावस्था के दौरान होने वाले कैंसर का हो सकता है ईलाज

Updated at : 27 Nov 2017 5:53 PM (IST)
विज्ञापन
गर्भावस्था के दौरान होने वाले कैंसर का हो सकता है ईलाज

लंदन: गर्भावस्था के दौरान होने वाले दुर्लभ किस्म के कैंसर के इलाज में उस समय एक इम्युनोथेरेपी ड्रग का इस्तेमाल किया जा सकता है, जब वर्तमान उपचार काम नहीं आते. यह शोध लांसेट जर्नल में प्रकाशित हुआ. कैंसरस स्टेशनल ट्रोफोब्लास्टिक डिजीज के चार में से तीन मरीजों को इम्युनोथेरेपी ड्रग पेमब्रोलाइजुमाब दिए जाने के बाद […]

विज्ञापन

लंदन: गर्भावस्था के दौरान होने वाले दुर्लभ किस्म के कैंसर के इलाज में उस समय एक इम्युनोथेरेपी ड्रग का इस्तेमाल किया जा सकता है, जब वर्तमान उपचार काम नहीं आते. यह शोध लांसेट जर्नल में प्रकाशित हुआ. कैंसरस स्टेशनल ट्रोफोब्लास्टिक डिजीज के चार में से तीन मरीजों को इम्युनोथेरेपी ड्रग पेमब्रोलाइजुमाब दिए जाने के बाद फायदा हुआ.

ब्रिटेन स्थित इम्पिरियल कॉलेज लंदन के माइकल सेकल ने कहा, पहली बार हम यह साबित कर पाए हैं कि कैंसर युक्त जीटीडी के मरीजों के इलाज में इम्युनोथेरेपी का इस्तेमाल किया जा सकता है. मुख्य शोधकर्ता सेकल ने कहा, जीटीडी के लिए वर्तमान उपचार ज्यादातर मामलों में कारगर होते हैं.
हालांकि जिन महिलाओं पर ये परंपरागत थेरेपी काम नहीं करती उन पर परिणाम जानलेवा होता है. जीटीडी शब्द असामान्य कोशिकाओं या ट्यूमर के लिए इस्तेमाल होता है. यह पेट से शुरु होता है खासकर उन कोशिकाओं से जिनसे गर्भनाल बनती है. दुनियाभर में प्रतिवर्ष 18,000 महिलाओं में कैंसरस जीटीडी की पहचान होती है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola