क्या है ओपन RAN? पैसिफिक क्षेत्र में पहली बार होगा तैनात; क्वाड का मिला समर्थन

पलाऊ में ओपन RAN की तैनाती होगी.
What is Open RAN: प्रशांत महासागर क्षेत्र के पलाऊ देश में ओपन रेडियो एक्सेस नेटवर्क की तैनाती होगी. इसके लिए तीन अमेरिकी कंपनियों का चुनाव किया गया है. इस तैनाती को भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के समूुह क्वाड ने पूरा समर्थन दिया है.
What is Open RAN: पलाऊ नेशनल कम्युनिकेशंस कॉरपोरेशन ने देशभर में ओपन रेडियो एक्सेस नेटवर्क (Open RAN) तकनीक की तैनाती घोषणा की है. यह पैसिफिक क्षेत्र में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए एक ऐतिहासिक कदम है. नेटवर्क के निर्माण में मदद के लिए तीन अमेरिकी कंपनियों को चुना गया है, जो इस क्षेत्र की पहली Open RAN तैनाती होगी. इस रोलआउट से पलाऊ में सुरक्षित 4G और 5G कनेक्टिविटी को काफी मजबूती मिलने की उम्मीद है. इससे नेटवर्क की मजबूती (रेजिलिएंस) बढ़ेगी और उन्नत दूरसंचार सेवाओं तक पहुंच का विस्तार होगा. इस पहल को क्वाड के सहयोग से समर्थन मिला है.
Open RAN तकनीक ऑपरेटरों को अलग-अलग आपूर्तिकर्ताओं के साथ काम करने की सुविधा देती है. इससे किसी एक विक्रेता पर निर्भरता कम होती है और सुरक्षा के साथ-साथ सप्लाई चेन में लचीलापन बढ़ता है. Open RAN आर्किटेक्चर ऑपरेटरों को अलग-अलग कंपनियों के हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर को मिलाकर इस्तेमाल करने की अनुमति देता है, जिससे लागत कम होती है और नवाचार को बढ़ावा मिलता है. छोटे द्वीपीय देशों के लिए यह लचीलापन खास तौर पर उपयोगी है, क्योंकि इससे वे मजबूत साइबर सुरक्षा बनाए रखते हुए नेटवर्क का कुशलता से विस्तार कर सकते हैं.
सुरक्षित डिजिटल संप्रभुता को मिलेगा बल
पैसिफिक के पहले Open RAN नेटवर्क की शुरुआत के साथ, पलाऊ खुद को क्षेत्र में अगली पीढ़ी की दूरसंचार तकनीक के अग्रणी देश के रूप में स्थापित कर रहा है. वह अन्य द्वीपीय देशों के लिए सुरक्षित व मजबूत डिजिटल विकास का एक मॉडल पेश कर रहा है. पलाऊ के अधिकारियों के अनुसार, यह कदम महत्वपूर्ण संचार ढांचे की सुरक्षा में मदद करेगा और अमेरिकी टेक कंपनियों के लिए नए व्यावसायिक अवसर भी पैदा करेगा.
पलाऊ में यह तैनाती विदेशों में भरोसेमंद अमेरिकी डिजिटल तकनीकों को आगे बढ़ाने की दिशा में भी एक रणनीतिक कदम मानी जा रही है. सुरक्षित नेटवर्क इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए क्वाड देशों और पैसिफिक राष्ट्रों के बीच आर्थिक संबंध मजबूत होंगे और क्षेत्र में डिजिटल संप्रभुता को बल मिलेगा. जैसे-जैसे निर्माण और तैनाती आगे बढ़ेगी, इस साझेदारी से दीर्घकालिक लाभ मिलने की उम्मीद है, जिसमें व्यापार, सरकारी सेवाओं, स्वास्थ्य और शिक्षा के लिए बेहतर कनेक्टिविटी शामिल है.
क्वाड का समर्थन और आर्थिक सहायता
क्वाड में अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, भारत और जापान शामिल हैं. इन चारों देशों ने मिलकर पलाऊ में सुरक्षित, भरोसेमंद और मजबूत दूरसंचार इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने के लिए लगभग 20 मिलियन अमेरिकी डॉलर की प्रतिबद्धता जताई है. यह फंडिंग पैसिफिक क्षेत्र में उच्च-मानक डिजिटल विकास को बढ़ावा देने के व्यापक प्रयास का हिस्सा है. Open RAN तैनाती को समर्थन देकर Quad दूरसंचार बाजारों में इंटरऑपरेबिलिटी, पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित करना चाहता है, जहां अब तक सीमित संख्या में उपकरण आपूर्तिकर्ताओं पर निर्भरता रही है.
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Open RAN क्या है?
Open RAN यानी ओपन रेडियो एक्सेस नेटवर्क मोबाइल नेटवर्क बनाने का एक नया और आधुनिक तरीका है. इसे आप ऐसे समझ सकते हैं जैसे पहले पूरा मोबाइल नेटवर्क एक ही कंपनी का “पैक्ड बॉक्स” होता था, लेकिन Open RAN में यह बॉक्स खुल जाता है. पहले मोबाइल नेटवर्क में हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर सब कुछ एक ही कंपनी से लेना पड़ता था. अगर उसी कंपनी का सिस्टम महंगा हो या सही न लगे, तो ऑपरेटर के पास ज्यादा विकल्प नहीं होते थे. लेकिन Open RAN में ऐसा नहीं है. इसमें अलग-अलग कंपनियों का हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर आपस में मिलकर काम कर सकता है.
Open RAN कैसे काम करता है?
यह नेटवर्क को हिस्सों में बांट देता है, यानी नेटवर्क को छोटे-छोटे हिस्सों में तोड़ दिया जाता है, जैसे एक हिस्सा कंट्रोल करता है, दूसरा डेटा संभालता है और तीसरा सिग्नल भेजता-लेता है.
खुले कनेक्शन (Open Interfaces): अलग-अलग कंपनियों के उपकरण आपस में जुड़ सकते हैं. यानी एक ही कंपनी पर निर्भर रहने की मजबूरी नहीं.
साधारण हार्डवेयर और खास सॉफ्टवेयर: यह महंगे और खास मशीनों की जगह आम सर्वर और कंप्यूटर जैसे हार्डवेयर पर नेटवर्क चल सकता है.
AI और ऑटोमैशन का इस्तेमाल: यह नेटवर्क खुद ही समझ सकता है कि कहां दिक्कत है, कहां स्पीड बढ़ानी है और कैसे बेहतर काम करना है.
Open RAN के फायदे
ज्यादा ऑप्शन: छोटी-बड़ी कई कंपनियां अपने-अपने बेहतरीन प्रोडक्ट दे सकती हैं.
खर्च कम: महंगे एक-जैसे सिस्टम लेने की जरूरत नहीं, जिससे नेटवर्क बनाना और चलाना सस्ता पड़ता है.
ज्यादा लचीलापन: जरूरत के हिसाब से अलग-अलग कंपनियों के पार्ट्स जोड़ सकते हैं.
नई टेक्नोलॉजी जल्दी: 5G जैसी नई सुविधाएं और अपडेट तेजी से लाए जा सकते हैं.
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लेखक के बारे में
By Anant Narayan Shukla
इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएट. करियर की शुरुआत प्रभात खबर के लिए खेल पत्रकारिता से की और एक साल तक कवर किया. इतिहास, राजनीति और विज्ञान में गहरी रुचि ने इंटरनेशनल घटनाक्रम में दिलचस्पी जगाई. अब हर पल बदलते ग्लोबल जियोपोलिटिक्स की खबरों के लिए प्रभात खबर के लिए अपनी सेवाएं दे रहे हैं.
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