धनबाद : पूर्व विधायक के वकील का झारखंड सरकार पर गंभीर आरोप- जेल में संजीव सिंह को मारने की हो रही साजिश

संजीव सिंह के वकील मो जावेद ने कहा है कि रिम्स की मेडिकल बोर्ड की अनुशंसा पर कोर्ट ने पूर्व विधायक को एम्स नई दिल्ली भेजने के आदेश दिए हैं, तो उन्हें तिहाड़ में रखने की अनुमति क्यों मांगी जा रही है. क्या सरकार और प्रशासन पूर्व विधायक को जेल में गोली से या बीमारी से मरते हुए देखना चाहता है.
धनबाद, प्रतीक पोपट : धनबाद जेल में बंद पूर्व विधायक संजीव सिंह के वकील ने झारखंड सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने आशंका जताई है कि धनबाद के पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह की हत्या के आरोपियों की जेल में गोली मारकर या इलाज के अभाव में मारने की साजिश हो रही है. उन्होंने पूछा है कि जब कोर्ट ने संजीव सिंह को नई दिल्ली एम्स में इलाज कराने के लिए भेजने के आदेश दिए हैं, तो जेल आईजी ने उन्हें तिहाड़ जेल में रखने की अनुमति देने की अर्जी क्यों लगाई है. संजीव सिंह के वकील मोहम्मद जावेद ने कहा है कि राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (रिम्स) की मेडिकल बोर्ड की अनुशंसा पर जब कोर्ट ने पूर्व विधायक को एम्स नई दिल्ली भेजने के आदेश दिए हैं, तो उन्हें तिहाड़ में रखने की अनुमति क्यों मांगी जा रही है. क्या झारखंड सरकार और पुलिस प्रशासन पूर्व विधायक को जेल में गोली से मारने या बीमारी से मरते हुए देखना चाहता है. सीधे तौर पर तो नहीं, लेकिन परोक्ष रूप से संजीव सिंह के वकील ने अपने मुवक्किल की जान को खतरा बताया है. साथ ही राज्य सरकार और जेल प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े किए हैं.
गंभीर रूप से बीमार हैं पूर्व विधायक संजीव सिंह
उन्होंने शुक्रवार (8 दिसंबर) को कहा कि पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह की हत्या के आरोपी शूटर अमन सिंह की जेल के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी गई. पूर्व विधायक संजीव सिंह भी पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह हत्याकांड के आरोपियों में एक हैं. फिलहाल पूर्व विधायक का इलाज जेल प्रशासन की निगरानी में रांची रिम्स में चल रहा है. उन्होंने कहा कि उनके मुवक्किल संजीव सिंह गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं. रिम्स की मेडिकल बोर्ड ने कहा है कि उनका इलाज झारखंड में संभव नहीं है. उन्हें नई दिल्ली एम्स में भर्ती कराया जाए, लेकिन सरकार मेडिकल बोर्ड और कोर्ट दोनों के आदेश को दरकिनार कर रही है.
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नीरज सिंह की हत्या के आरोपियों को मारने की हो रही साजिश
संजीव सिंह के वकील ने कहा कि कोर्ट के आदेश को 117 दिन बीत गए, लेकिन अभी भी सिर्फ पत्राचार ही हो रहा है. एम्स दिल्ली की जगह पूर्व विधायक को तिहाड़ जेल में रखने की अनुमति मांगी जा रही है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और जेल प्रशासन की मंशा सही नहीं है. मोहम्मद जावेद ने कहा कि पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह की हत्या के जितने भी आरोपी हैं, उन्हें या तो गोली से या इलाज के अभाव में मारने की साजिश चल रही है. उन्होंने कहा कि जेल में दो-दो पिस्टल आ गए. अमन सिंह की हत्या हो गई. फिर हत्यारे छिप गए. इस मामले में सिर्फ लापरवाही के आरोप में दो लोगों को निलंबित कर दिया गया.
सरकार प्रायोजित थी अमन सिंह की हत्या!
उन्होंने कहा कि इस मामले में कोई कड़ी कार्रवाई नहीं हुई. किसी ने इस मामले की जांच की मांग नहीं की. जेल में अमन सिंह की गोली मारकर हत्या के मामले की एसआईटी जांच होनी चाहिए थी, लेकिन कुछ नहीं हुआ. उन्होंने आरोप लगाया कि अमन सिंह की हत्या सरकार प्रायोजित हत्या थी. इसकी उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए. उन्होंने पूछा कि जिन लोगों को निलंबित किया गया है, उनके खिलाफ जांच क्यों नहीं हो रही. ये लोग हत्यारों के मददगार भी तो हो सकते हैं. हलांकि, उन्होंने कहा कि उनको और उनके मुवक्किल को न्यायालय पर भरोसा है.
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By Mithilesh Jha
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