जगद्धात्री पूजा महाराज कृष्णचंद्र ने की थी शुरुआत

Updated at : 03 Nov 2024 11:17 PM (IST)
विज्ञापन
जगद्धात्री पूजा महाराज कृष्णचंद्र ने की थी शुरुआत

कृष्णानगर में जगद्धात्री पूजा की शुरुआत को लेकर एक प्राचीन कथा प्रचलित है, जो महाराज कृष्णचंद्र से जुड़ी है.

विज्ञापन

हुगली. कृष्णानगर में जगद्धात्री पूजा की शुरुआत को लेकर एक प्राचीन कथा प्रचलित है, जो महाराज कृष्णचंद्र से जुड़ी है. कथानुसार, बंगाल के तत्कालीन नवाब अलीवर्दी खां ने कर चुकाने में असमर्थता के चलते महाराजा कृष्णचंद्र को मुर्शिदाबाद में बंदी बना लिया था. यह भी कहा जाता है कि मीर कासिम ने कर नहीं चुकाने पर उन्हें बिहार के मुंगेर कारागार में कैद कर दिया था. दोनों कथाओं में महाराज को बंदी बनाने वालों के नाम और उनके कैद स्थान में भले असमानता है, लेकिन आगे का घटनाक्रम एक ही है. कहानी यह है कि जिस वक्त महाराज कृष्णचंद्र को बंदी बनाया गया, वह दशहरे का समय था. महाराज प्रत्येक वर्ष अपनी राजबाड़ी में दुर्गा पूजा का भव्य आयोजन करते थे. लेकिन कैद में होने के कारण उस साल दुर्गा पूजा नहीं कर सके. हालांकि, मन ही मन मां दुर्गा की आराधना करते रहे. उन्होंने तय किया था कि कैद से रिहा होने पर दुर्गा पूजा करेंगे. लेकिन ऐसा संयोग नहीं बन पाया, क्योंकि दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन के दिन ही महाराज को कैद से मुक्ति मिली. घर लौटने पर वह काफी निराश थे. उनके मन में मां दुर्गा की पूजा नहीं कर पाने की टीस थी. उन्हें चिंतित देख दरबार में मौजूद काशी और कश्मीर के पंडितों ने सुझाव दिया कि वह कार्तिक माह की शुक्ल पक्ष तिथि में देवी दुर्गा के एक अन्य रूप जगद्धात्री की पूजा कर सकते हैं. विद्वानों देवी की महिमा का विस्तार से वर्णन भी किया. महाराज भी पंडितों के सुझाव पर विचार करने लगे. संयोगवश उसी रात महाराज को सपने में देवी ने दर्शन दिया. इसके बाद ही महाराज कृष्णचंद्र ने मां जगद्धात्री की पूजा करने का निर्णय लिया और पंडितों की बतायी तिथि पर भव्य तरीके से पूजा का आयोजन किया. कहा जाता है कि उस वक्त से ही कृष्णानगर में जगद्धात्री पूजा की परंपरा शुरू हो गयी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola