ePaper

बंगाल चुनाव 2026: केंद्रीय बलों की निगरानी में हो वोटिंग और काउंटिंग, राज्य पुलिस की न हो कोई भूमिका : भाजपा

Updated at : 10 Mar 2026 5:55 AM (IST)
विज्ञापन
BJP to ECI Voting and counting be under supervision of central forces bengal elections 2026

कोलकाता के एक होटल में बंगाल विधानसभा चुनाव की तैयारियों की समीक्षा करते चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार और उनकी टीम.

BJP to ECI: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले प्रदेश के दौरे पर आयी चुनाव आयोग की टीम को भाजपा ने कई सुझाव दिये हैं. कई मांगें भी रखीं हैं. भाजपा ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और उनकी टीम को जो ज्ञापन सौंपा है, उसमें क्या-क्या कहा है, विस्तार से यहां पढ़ें.

विज्ञापन

BJP to ECI: भारतीय जनता पार्टी ने इलेक्शन कमीशन से मांग की है कि वोटिंग और काउंटिंग दोनों केंद्रीय बलों की निगरानी में होनी चाहिए. राज्य पुलिस की काउंटिंग सेंटर पर कोई भूमिका नहीं होनी चाहिए. साथ ही मतदान केंद्र पर वोटर की 2 बार जांच की भी मांग भाजपा ने की है.

स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिए भाजपा ने दिये कई सुझाव

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले 2 दिन के बंगाल दौरे पर आयी इलेक्शन कमीशन की टीम से प्रदेश की मुख्य विपक्षी पार्टी ने यह मांग की है. भारत निर्वाचन आयोग (ECI) की पूर्ण पीठ के समक्ष पार्टी ने एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा है, जिसमें आगामी चुनावों को स्वतंत्र और निष्पक्ष बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव भी दिये गये हैं.

7-8 चरणों में नहीं, अधिकतम 3 चरण में हों बंगाल चुनाव

भाजपा ने मांग की है कि पश्चिम बंगाल में चुनाव 7-8 चरणों की बजाय केवल 1 या 2 चरण में कराये जायें. अधिक से अधिक 3 चरण में ही चुनाव होने चाहिए. पार्टी ने सुरक्षा व्यवस्था में बड़े पैमाने पर बदलाव की मांग करते हुए कहा है कि केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) की तैनाती समय से बहुत पहले की जानी चाहिए, ताकि वे स्थानीय भौगोलिक स्थिति से परिचित हो सकें. उन्हें राज्य पुलिस पर निर्भर न रहना पड़े.

बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

जिला और उप-मंडल मुख्यालयों में ही हो वोट की गिनती

पार्टी ने स्पष्ट कहा है कि मतदान केंद्रों के भीतर राज्य पुलिस की कोई भूमिका नहीं होनी चाहिए. मतदानकर्मियों में केंद्र व राज्य सरकार के कर्मचारियों का अनुपात 50:50 का रखने का सुझाव दिया गया है. मतगणना प्रक्रिया को भी केवल जिला और उप-मंडल मुख्यालयों में कराने पर जोर दिया गया है.

भाजपा की ये हैं 17 मांगें

  1. 7-8 चरणों की बजाय चुनाव केवल 1 या 2 चरणों में अधिकतम 3 चरणों में कराये जायें.
  2. उन सभी अधिकारियों का तबादला किया जाये, जिनका ट्रांसफर पिछले 3 चुनावों (2019, 2021, 2024) में चुनाव आयोग के आदेश पर हुआ था.
  3. पिछले 3 चुनावों में हिंसा वाले बूथों और जहां 85 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ, उन्हें ‘संवेदनशील’ माना जाये.
  4. केंद्रीय बलों (CAPF) की तैनाती बहुत पहले हो, ताकि वे इलाके को समझ सकें और उन्हें स्थानीय पुलिस पर निर्भर न रहना पड़े.
  5. केंद्रीय बलों के अधिकारियों को सख्त निर्देश हों कि वे स्थानीय लोगों से किसी भी तरह का आतिथ्य (खाना/रहना) स्वीकार न करें.
  6. चुनाव पर्यवेक्षकों (Observers) की तैनाती पहले हो, ताकि वे स्वतंत्र रूप से स्थिति का आकलन कर सकें.
  7. एरिया डॉमिनेशन और रूट मार्च पर्यवेक्षकों के आधार पर हों, न कि स्थानीय पुलिस की मर्जी से.
  8. बहुमंजिली सोसाइटी के अंदर अनिवार्य रूप से पोलिंग बूथ बनाये जायें. पश्चिम बंगाल पुलिस कल्याण संगठन पर प्रतिबंध लगे और उसके दफ्तर सील हों, क्योंकि यह सत्तारूढ़ दल के पक्ष में काम करता है.
  9. मतदाताओं की पहचान दो बार हो. एक बार बूथ में घुसने से पहले केंद्रीय बलों द्वारा और दूसरी बार अंदर चुनाव अधिकारी के द्वारा.
  10. राजनीतिक दलों के एजेंट कमरे के बाहर बैठें, अंदर नहीं.
  11. पोलिंग बूथ केवल केंद्रीय बलों की निगरानी में हों, वहां राज्य पुलिस या वॉलेंटियर्स का प्रवेश बिल्कुल न हो.
  12. मतदान अधिकारियों की टीम में 50 प्रतिशत राज्य और 50 प्रतिशत केंद्र सरकार के कर्मचारी हों.
  13. कॉन्ट्रैक्ट पर काम करने वाले किसी कर्मचारी को पोलिंग अधिकारी न बनाया जाये.
  14. हर बूथ पर वेब कैम लगे और उसका लाइव एक्सेस उम्मीदवारों और पार्टियों को मिले.
  15. वेब कैम खराब होने पर वोटिंग तुरंत रोक दी जाये और जरूरत पड़ने पर वहां दोबारा चुनाव (Repoll) कराये जायें.
  16. मतगणना केवल जिला और उप-मंडल मुख्यालयों में हो और इसमें 50:50 के अनुपात में केंद्र-राज्य के अधिकारी हों.
  17. मतगणना पूरी तरह केंद्रीय बलों की निगरानी में हो, वहां राज्य पुलिस की कोई भूमिका न हो.

इसे भी पढ़ें

इलेक्शन कमीशन पर लीगल ग्रे जोन बनाने, डिजिटल फ्रॉड और राज्य-प्रायोजित उत्पीड़न के माकपा ने लगाये आरोप

हर दिन जारी हो सप्लीमेंट्री वोटर लिस्ट, नाम काटने के कारण बताये इलेक्शन कमीशन : टीएमसी

बंगाल वोटर लिस्ट विवाद : सुप्रीम कोर्ट में ‘महासुनवाई’, नाम कटने के डर से महिला ने दी जान!

बंगाल के अधिकारियों को चुनाव आयोग ने धमकाया! ममता बनर्जी का गंभीर आरोप

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola