भवानीपुर में डाटा की राजनीति, माइक्रो मैनेजमेंट पर टिकी तृणमूल की नजर

ममता और शुभेंदु
Bengal Election: भवानीपुर का यह चुनाव तय करेगा कि डाटा आधारित रणनीति कितनी प्रभावी साबित होती है और क्या यह पारंपरिक संगठनात्मक राजनीति पर बढ़त बना पाती है.
मुख्य बातें
Bengal Election: कोलकाता. विधानसभा चुनाव में भवानीपुर सीट पर मुकाबला इस बार पारंपरिक राजनीति से आगे बढ़ कर डाटा आधारित रणनीति पर केंद्रित हो गया है. तृणमूल कांग्रेस ने यहां पेशेवर चुनावी सलाहकार के जरिये बूथ स्तर तक माइक्रो मैनेजमेंट शुरू किया है. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के इस मजबूत गढ़ में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी के संभावित उतरने को ध्यान में रखते हुए पहले से तैयारी की गयी है. रणनीतिकारों ने मतदाता सूची में बदलाव को सबसे बड़ा मुद्दा मानते हुए काम शुरू किया.
हाइपरलोकल कैंपेन पर मुख्य फोकस
जानकारी के अनुसार, भवानीपुर में ड्राफ्ट और अंतिम सूची मिलाकर करीब 49,435 नाम, यानी लगभग 24 प्रतिशत मतदाता सूची से बाहर हो चुके हैं, जबकि 14,154 नाम अब भी ‘अंडर एडजुडिकेशन’ में हैं. इस कारण चुनाव प्रबंधन काफी हद तक बूथ आधारित निगरानी और कानूनी सहायता पर निर्भर हो गया है. तृणमूल की रणनीति का मुख्य फोकस ‘हाइपरलोकल कैंपेन’ है. इसमें मुख्यमंत्री बनर्जी को ‘घरेर मेये’ (घर की बेटी) यानी स्थानीय प्रतिनिधि के रूप में पेश किया जा रहा है, जबकि भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी को बाहरी बताया जा रहा है. साथ ही अलग-अलग समुदायों बंगाली, गुजराती और पंजाबी के बीच अलग-अलग तरीके से प्रचार किया जा रहा है.
पश्चिम बंगाल की अन्य महत्वपूर्ण खबरों को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
टार्गेटेड वोटर मैनेजमेंट पर फोकस
शुभेंदु अधिकारी की रणनीति में ‘ऑर्गेनाइजेशनल असेसमेंट’ और ‘टार्गेटेड वोटर मैनेजमेंट’ भी शामिल हैं, जिसके तहत हर वार्ड और बूथ पर जिम्मेदारियों का पुनर्वितरण किया गया है. जरूरत के अनुसार नेताओं को क्षेत्रों की जिम्मेदारी सौंपी जा रही है. इसके साथ ही ‘क्राइसिस मैनेजमेंट’ पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है. किसी विवादित बयान के बाद तुरंत सुधारात्मक संदेश सोशल मीडिया और स्थानीय नेटवर्क के जरिये मतदाताओं तक पहुंचाया जा रहा है.
Also Read: बंगाल में पहचान की लड़ाई, भाजपा के ‘घुसपैठिये’ से ममता की ‘बंगाली अस्मिता’ का मुकाबला
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Ashish Jha
डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव. लगातार कुछ अलग और बेहतर करने के साथ हर दिन कुछ न कुछ सीखने की कोशिश. वर्तमान में बंगाल में कार्यरत. बंगाल की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को टटोलने के लिए प्रयासरत. देश-विदेश की घटनाओं और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स को सीखने की चाहत.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




