ePaper

कोलकाता : मेरे खिलाफ आपराधिक मानहानि के आरोप ओछे : शशि थरूर

Updated at : 04 Nov 2018 7:41 AM (IST)
विज्ञापन
कोलकाता : मेरे खिलाफ आपराधिक मानहानि के आरोप ओछे : शशि थरूर

कोलकाता : कांग्रेस नेता शशि थरूर ने भाजपा की ओर से अपने खिलाफ दिल्ली की एक अदालत में दायर आपराधिक मानहानि की शिकायत को ‘ओछी’ करार दिया और आरोप लगाया कि यह ‘अभिव्यक्ति की आजादी को दबाने’ सरीखा है. दिल्ली भाजपा के नेता राजीव बब्बर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ श्री थरूर की कथित […]

विज्ञापन
कोलकाता : कांग्रेस नेता शशि थरूर ने भाजपा की ओर से अपने खिलाफ दिल्ली की एक अदालत में दायर आपराधिक मानहानि की शिकायत को ‘ओछी’ करार दिया और आरोप लगाया कि यह ‘अभिव्यक्ति की आजादी को दबाने’ सरीखा है.
दिल्ली भाजपा के नेता राजीव बब्बर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ श्री थरूर की कथित ‘बिच्छू’ वाली टिप्पणी पर कांग्रेस नेता के खिलाफ शिकायत दर्ज करायी है, जिसमें कहा गया है कि इससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं. श्री थरूर ने बेंगलुरु साहित्योत्सव में दावा किया था कि एक अनाम आरएसएस नेता ने मोदी की तुलना ‘शिवलिंग पर बैठे एक बिच्छू’ से की थी.
अधिवक्ता नीरज के जरिये दायर शिकायत में बयान को धर्म को माननेवाले लाखों लोगों के साथ ‘असहनीय दुर्व्यवहार’ और ‘पूर्ण रूप से तिरस्कृत करने वाला’ बताया.
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए थरूर ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि आरोप ओछे हैं. अगर हम प्रकाशित सामग्री को उद्धृत करने के लोगों के अधिकारों को दबाना शुरू कर देंगे तो हमारा लोकतंत्र कहां जायेगा? अभिव्यक्ति की आजादी कहां है? यह पूछे जाने पर कि क्या उनके खिलाफ दायर आपराधिक मानहानि के वाद को वह उनकी आवाज को दबाने के प्रयास के तौर पर देखते हैं, तो इस पर श्री थरूर ने कहा कि वस्तुत: ऐसा प्रतीत होता है.
उन्होंने कहा कि उन्होंने 2012 में एक पत्रिका में प्रकाशित लेख को उद्धृत किया था, जिसमें एक अनाम संघ नेता के बयान का जिक्र था तो अब क्यों उनके खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया गया है?
अपनी किताब में एक लेखक के तौर पर उन्होंने 5000 दूसरे उदाहरणों और कहानियों को उद्धृत किया है. तथ्य यह है कि स्वतंत्र अभिव्यक्ति का माहौल, किसी समय कुछ कहा गया हो उसे उद्धृत करने की स्वतंत्रता हो या किसी सम्मानजनक प्रकाशन में अहम राजनीतिक शख्सियत के बारे में एक वक्त प्रकाशित हो चुकी बातों को लिखने की स्वतंत्रता गलत नहीं है. जहां तक उनकी बात है, अगर हम प्रकाशित सामग्री को उद्धृत करने के लोगों के अधिकार को दबाना शुरू कर देंगे तब हमारा लोकतंत्र कहां जायेगा? श्री थरूर ने कहा कि वह नहीं मानते कि उन्होंने कुछ भी गलत किया है या कुछ असाधारण किया है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola