बक्सर-बरौनी आरओबी धंसाव मामले में सरकार का एक्शन, तीन इंजीनियर सस्पेंड, क्या बोले मंत्री

Published by : Paritosh Shahi Updated At : 06 Jun 2026 5:57 PM

विज्ञापन

आरओबी का क्षत‍िग्रस्‍त ह‍िस्‍सा

Buxar Barauni ROB: बक्सर-बरौनी रेलखंड के एलसी-70ए रेलवे ओवरब्रिज में धंसाव के बाद पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेन्द्र ने कहा है कि पुल की मुख्य संरचना पूरी तरह सुरक्षित है. क्षतिग्रस्त हिस्से की जांच और मरम्मत जारी है. मामले में तीन इंजिनियर को सस्पेंड किया गया है.

विज्ञापन

Buxar Barauni ROB: बिहार के बक्सर-बरौनी रेलखंड पर स्थित एलसी-70ए रेलवे ओवरब्रिज के धंसने की खबर के बाद सरकार एक्शन मोड में आ गई है. इस मामले पर मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने बयान जारी किया है. मंत्री ने कहा कि यह रेलवे ओवरब्रिज अभी पूरी तरह बनकर तैयार नहीं हुआ था और इसका निर्माण काम और फाइनल कमीशनिंग का प्रोसेस अभी चल ही रहा था. निर्माण के दौरान एक्सपेंशन जॉइंट के पास का एक छोटा सा हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ और धंस गया है. इससे ओवरब्रिज पर कोई असर नहीं पड़ा है और पुल बिल्कुल सुरक्षित है.

मंत्री कुमार शैलेंद्र ने क्या बताया

मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने बताया कि पुल बनाते समय एक्सपेंशन जॉइंट के पास कंक्रीट का एक छोटा टुकड़ा टूट कर अपनी जगह से अलग हो गया था. इसी वजह से उस खास पॉइंट पर सड़क थोड़ी नीचे धंस गई. सूचना मिलते ही विशेषज्ञों की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की. इस निरीक्षण में यह बात पूरी तरह साफ हो गई है कि इस आंशिक धंसाव से ओवरब्रिज की मजबूती को कोई खतरा नहीं है.

दोबारा खोला गया पुराना फाटक

मंत्री ने कहा कि तकनीकी नियमों के हिसाब से टूटे हुए हिस्से की मरम्मत और प्लास्टर के बाद कंक्रीट को मजबूत होने के लिए एक तय समय देना बेहद जरूरी था. लेकिन यह समय पूरा होने से पहले ही रेलवे प्रशासन ने जल्दबाजी दिखाई.

रेलवे ने नीचे बने लेवल क्रॉसिंग यानी रेलवे फाटक को बंद कर दिया और इस आधे-अधूरे व निर्माणाधीन ओवरब्रिज से ही गाड़ियों का आना-जाना शुरू करवा दिया. समय से पहले ट्रैफिक का भारी दबाव पड़ने की वजह से ही एक्सपेंशन जॉइंट के पास सड़क और ज्यादा धंस गई.

जैसे ही इस गंभीर घटना की खबर पथ निर्माण विभाग को मिली, वैसे ही संबंधित इंजीनियरों और पुल विशेषज्ञों को तुरंत ग्राउंड जीरो पर भेजा गया और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जरूरी कदम उठाए गए. फिलहाल रेलवे प्रशासन ने इस निर्माणाधीन ओवरब्रिज पर गाड़ियों की आवाजाही को पूरी तरह से रोक दिया है. आम जनता को आने-जाने में कोई दिक्कत न हो और उनका सफर सुरक्षित रहे, इसके लिए नीचे बने पुराने रेलवे फाटक को दोबारा गाड़ियों के लिए खोल दिया गया है.

बिहार की ताजा खबरों के लिए क्लिक करें

लापरवाही बरतने पर तीन इंजीनियर सस्पेंड

मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने बताया कि इस पूरे मामले में लापरवाही सामने आने के बाद तीन इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया गया है. इसके साथ ही इस प्रोजेक्ट से जुड़े अन्य बड़े अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है. उन्होंने कहा कि हमारा पथ निर्माण विभाग आम लोगों की जान-माल की सुरक्षा को सबसे ऊपर रखता है. काम की क्वालिटी और पुल की मजबूती से किसी भी कीमत पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा.

फिलहाल इस क्षतिग्रस्त हिस्से की जांच करने के साथ-साथ उसकी जरूरी मरम्मत का काम युद्धस्तर पर किया जा रहा है. मंत्री ने कहा कि जब तक इस पूरे ओवरब्रिज की सुरक्षा और तकनीकी मानकों की रिपोर्ट 100% संतोषजनक नहीं आ जाती, तब तक इस पर दोबारा ट्रैफिक शुरू करने को लेकर कोई फैसला नहीं लिया जाएगा.

इसे भी पढ़ें: चक्रव्यूह में दीपक प्रकाश, निशाने पर उपेंद्र, चिराग ने खोले पत्ते, अब सबकी नजर राजद पर

7 जून से 11 जून तक बिहार के इन जिलों में जारी रहेगा आंधी-तूफान और बारिश का दौर, IMD ने जारी किया डबल अलर्ट

विज्ञापन
Paritosh Shahi

लेखक के बारे में

By Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन