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पश्चिम बंगाल सरकार को सुप्रीम कोर्ट से भी लगा झटका, सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र को दार्जीलिंग से आधे केंद्रीय बलों को वापस बुलाने की अनुमति दी

Updated at : 28 Nov 2017 11:15 AM (IST)
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पश्चिम बंगाल सरकार को सुप्रीम कोर्ट से भी लगा झटका, सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र को दार्जीलिंग से आधे केंद्रीय बलों को वापस बुलाने की अनुमति दी

नयी दिल्ली/कोलकाता: सुप्रीमकोर्ट ने केंद्र को पश्चिम बंगाल के दार्जीलिंग और कलिम्पोंग जिलों से केंद्रीय सशस्त्र अर्द्धसैनिक बलों (सीएपीएफ) की आठ में से चार कंपनियों को वापस बुलाने की अनुमति दे दी है. केंद्र ने गुजरात में चुनाव से पहले वहां सुरक्षा ड्यूटी के लिए कंपनियों को वापस बुलाने की अनुमति देने का अनुरोध किया […]

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नयी दिल्ली/कोलकाता: सुप्रीमकोर्ट ने केंद्र को पश्चिम बंगाल के दार्जीलिंग और कलिम्पोंग जिलों से केंद्रीय सशस्त्र अर्द्धसैनिक बलों (सीएपीएफ) की आठ में से चार कंपनियों को वापस बुलाने की अनुमति दे दी है. केंद्र ने गुजरात में चुनाव से पहले वहां सुरक्षा ड्यूटी के लिए कंपनियों को वापस बुलाने की अनुमति देने का अनुरोध किया था.

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प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा, न्यायमूर्ति एएम खानविलकर और न्यायमूर्ति डीवाई चंद्रचूड़ की पीठ ने हिंसाग्रस्त पश्चिम बंगाल में मौजूद बलों में से आधे को गुजरात भेजने कीसोमवारको अनुमति दे दी. दरअसल, न्यायालय को बताया गया कि देश के इस पूर्वी राज्य में हालात सामान्य हो रहे हैं. पीठ ने कहा, ‘हम इसे सरकार पर छोड़ते हैं.’ इससे पहले अटाॅर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने पीठ से कहा कि गुजरात में चुनाव हैं. इस विषय पर सरकार द्वारा फैसला किया जाना चाहिए.

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शीर्ष न्यायालय ने बयान पर विचार किया और केंद्र को सीएपीएफ की आठ कंपनियों में से अधिकतम चार को हटाने की इजाजत दे दी. न्यायालय ने इससे पहले 27 अक्तूबर को केंद्र को दार्जीलिंग और कलिम्पोंग जिलों से सीएपीएफ की 15 कंपनियों में से सात कंपनियां हटाकर उन्हें जम्मू-कश्मीर, पूर्वोत्तर राज्यों और चुनावी राज्यों गुजरात तथा हिमाचल में तैनात करने की अनुमति दी थी. कलकत्ता हाईकोर्ट ने इससे पहले दार्जीलिंग से सीएपीएफ की कंपनियां हटाने पर 27 अक्तूबर तक के लिए रोक लगा दी थी. इसके बाद ही केंद्र ने शीर्ष अदालत में याचिका दायर की थी.

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