नगर निगम क्षेत्र में एसएलएमएस होने के बावजूद अंधेरे में डूबा है जुबली सेनरेले रोड
Updated at : 31 Dec 2019 5:49 AM (IST)
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आसनसोल : आसनसोल नगर निगम (ननि) क्षेत्र में स्मार्ट लाइटिंग मैनेजमेंट आरम्भ होने के बावजूद भी पिछले आठ माह से आसनसोल गौरांडी मुख्य मार्ग पर जुबली मोड़ से सेनरेले मोड़ तक ननि के 15 नम्बर वार्ड इलाके में 23 एलईडी स्ट्रीट लाइट रात में नहीं जलती है. इसमें के कुछ लाइटें दिन में जलती हैं. […]
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आसनसोल : आसनसोल नगर निगम (ननि) क्षेत्र में स्मार्ट लाइटिंग मैनेजमेंट आरम्भ होने के बावजूद भी पिछले आठ माह से आसनसोल गौरांडी मुख्य मार्ग पर जुबली मोड़ से सेनरेले मोड़ तक ननि के 15 नम्बर वार्ड इलाके में 23 एलईडी स्ट्रीट लाइट रात में नहीं जलती है. इसमें के कुछ लाइटें दिन में जलती हैं.
रात में पूरा इलाका अंधकार होने से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है. नगर निगम से सटे बाराबनी प्रखण्ड अंतर्गत पांचगछिया ग्राम पंचायत के प्रधान मनोरंजन बनर्जी बताया कि जुबली मोड़ से सेनरेले मोड़ तक नगर निगम का क्षेत्र है. इस इलाके की स्ट्रीट लाइट नहीं जलने को लेकर उन्होंने स्थानीय पार्षद श्याम सोरेन और श्रावणी मंडल से अनेकों बार शिकायत की है. सेनरेले मोड़ से पंचायत इलाके में सभी स्ट्रीट लाइट नियमित जलती है.
पार्षद श्याम सोरेन और श्रावणी मंडल ने कहा कि इसे लेकर नगर निगम में शिकायत की गई है. ननि की उपमेयर सह बिजली विभाग की प्रभारी तबस्सुम आरा ने निगम क्षेत्र में जितनी भी स्ट्रीट लाइट है सभी निगम की जिम्मेदारी है. इसकी जानकारी उन्हें नहीं थी. विभाग के अभियंता से इस मुद्दे पर बात करके जल्द समस्या का समाधान किया जाएगा.
क्या है स्मार्ट लाइटिंग मैनेजमेंट सिस्टम?
आसनसोल ननि प्रशासन के अनुसार राज्य में पहली बार ननि प्रशासन ने 34 करोड़ रुपये की लागत से अपने क्षेत्र में स्मार्ट लाइटिंग मैनेजमेंट सिस्टम आरम्भ किया है. इसमें शहर में जलनेवाली 23 हजार एलईडी लाइटों और पांच हजार से अधिक बिजली खंभों पर जलनेवाली लाइटों को जोड़ा गया है. इसका कंट्रोल रूम रविन्द्र भवन परिसर में बनाया गया है. इस सिस्टम में किसी भी लाइट के खराब होने पर इसकी सूचना कंट्रोल रूम को मिल जाती है.
इसके लिए एक विशेष एप भी विकसित किया गया है. इस एप से ननि के अधीक्षण अभियंता तथा संबंधित सभी अधिकारी जुड़े हैं. किसी प्रकार की कोई खराबी होने पर तत्काल इसकी जानकारी मिल जाती है और 24 घंटे के अंदर उसकी मरम्मती कर दी जाती है. इस कार्य को ननि प्रशासन ने निर्धारित समय से पहले पूरा कर लिया है. स्मार्ट सिस्टम के बावजूद पिछले आठ माह से जुबली से सेनरेले मोड़ तक स्ट्रीट लाइट नहीं जल रही है. इसकी सुध लेने वाला कोई नहीं है.
क्या कहते हैं इलाके के लोग?
वार्ड संख्या 15 अंतर्गत जुबली मोड़ से सेनरेले मोड़ एवं पलाशडीहा रोड पर लगाये गये स्ट्रीट लाइट रात के समय नियमित रूप से न जलने से स्थानीय लोग परेशान हैं.
पलाशडीहा निवासी चापलू मरांडी ने कहा कि पिछले एक वर्ष से स्ट्रीट लाइट बंद है. सड़क पर लगाये गये आधे से अधिक लाइट खराब हो गए हैं,जो ठीक हैं वह दिन में जलती है और शाम होते ही बंद हो जाती है. इस सड़क पर भारी वाहनों का आवागमन अधिक है. सड़क पर अंधेरा रहने से किसी अप्रिय घटना की डर से महिला व बच्चे रात को सड़क से आवागमन नहीं करते हैं.
गणेश मरांडी ने कहा कि पलाशडीहा और पांचगछिया संलग्न इलाकों से अनेकों लड़कियां आसनसोल के शिक्षण संस्थानों में पढ़ने व काम करने जाती हैं. जो शाम को लौटती हैं. स्ट्रीट लाइट न जलने से अभिभावकों में सुरक्षा को लेकर हमेशा डर बना रहता है.
बबलू बाउरी ने कहा कि स्ट्रीट लाइट दिन भर बेवजह जलता है. रात को बंद हो जाता है. अंधेरे के कारण रात को इस सड़क पर कई बार दुर्घटनाएं हो चुकी हैं. लगातार पार्षद से शिकायत की जाती है. प्रशासनिक उदासीनता के कारण इस समस्या को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी है.
सुनील भूंईया ने कहा कि स्ट्रीट लाइट बंद रहने से राहगीरों को आवागमन में काफी दिक्कत होती है. अंधेरा होने से सड़क किनारे बाहरी लड़कों का जमावड़ा लगता है. यह जगह नशे का अड्डा बनता जा रहा है.
आकाश बाउरी ने कहा कि पलाशडीहा व पांचगछिया से सैकड़ों लोग आसनसोल के कल कारखानों व प्रतिष्ठानों में काम कर रात को इसी रास्ते से घर लौटते हैं. रात आठ बजे के बाद से इस सड़क से भारी वाहनों का आवागमन बढ़ जाता है. जिससे अंधेरे सड़क पर दुर्घटना की आशंका हर वक्त बनी रहती है.
वार्ड पार्षद सह मेयर परिषद सदस्य (अल्पसंख्यक विकास) श्याम सोरेन ने कहा कि जुबली मोड़ से पलाशडीहा गांव का कुछ हिस्सा उनके वार्ड में पड़ता है. वहां लगायी गयी स्ट्रीट लाइट अड्डा की ओर से लगाया गया है. रख रखाव का कार्य नगर निगम को सौंपा गया है. स्ट्रीट लाइट काफी समय से खराब है. तकनीकी खराबी के कारण लाइट दिन में जलती हैं. रात को बंद रहती हैं. स्थानीय लोगों ने लाइट खराब होने को लेकर कई बार शिकायत की है. ननि में शिकायत की गई है.
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