PM MODI के बयान पर बोले साक्षी महाराज- कब्रिस्तान तो बनना ही नहीं चाहिए
लखनऊ : अपने विवादित बयानों के लिए पहचाने जाने वाले भाजपा सांसद साक्षी महाराज भी कब्रिस्तान और श्मशान विवाद में कूद पड़े हैं. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कब्रिस्तान और श्मशान पर दिए उस बयान पर सहमति जताने से इनकार कर दिया है, जिसमें उन्होंने कब्रिस्तान और श्मशान दोनों बनाने की बात कही थी. साक्षी […]
लखनऊ : अपने विवादित बयानों के लिए पहचाने जाने वाले भाजपा सांसद साक्षी महाराज भी कब्रिस्तान और श्मशान विवाद में कूद पड़े हैं. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कब्रिस्तान और श्मशान पर दिए उस बयान पर सहमति जताने से इनकार कर दिया है, जिसमें उन्होंने कब्रिस्तान और श्मशान दोनों बनाने की बात कही थी.
साक्षी महाराज ने मीडिया से बातचीत के क्रम में कहा कि मैं प्रधानमंत्री की बात सहमत नहीं हूं. मैं इस बात से बिल्कुल सहमत नहीं हूं कि कब्रिस्तान और शमशान बराबर में बनना चाहिए. मेरा मानना है कि कब्रिस्तान बनना ही नहीं चाहिए, अगर कब्रिस्तानों में हिंदुस्तान की सारी की सारी जमीन चली जाएगी तो किसान खेती कहां करेंगे. हमारे खलिहान कहां होंगे?
भाजपा सांसद ने एक ही जगह पर श्मसान और कब्रिस्तान बनाने का प्रस्ताव दिया और इसके लिए कानून बनाने की भी बात कही है. उन्होंने कहा कि राजनेता हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई को कहीं और तो एकत्रित नहीं होने देते, कम से कम श्मशान में तो इन्हें एक साथ आने दें.
हिंदुत्वादी छवि वाले साक्षी महाराज ने इससे पहले भी कई विवादित बयान दिए हैं. 6 जनवरी को उन्होंने कहा था कि जनसंख्या तेजी से वृद्धि हो रही है और इसलिए देश की समस्याएं भी बढ़ रही हैं. उन्होंने कहा था कि हिंदू इसके लिए जिम्मेदार नहीं हैं. इसके लिए वे जिम्मेदार हैं, जो चार पत्नी और 40 बच्चे रखने पर वि श्वास करते हैं.
उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फतेहपुर में एक रैली में कहा था कि अगर किसी गांव को कब्रिस्तान के निर्माण के लिए कोष मिलता है, तो उस गांव को श्मशान की जमीन के लिए भी कोष उपलब्ध कराया जाना चाहिए. यदि आप ईद में बिजली की आपूर्ति निर्बाध करते हैं, तो आपको दीपावाली में भी बिजली की आपूर्ति निर्बाध करनी चाहिए.
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