पीएचडी प्रवेश परीक्षा: निगेटिव मार्किंग का है नियम,पर प्रश्न पत्र में लिखा-गलत जवाब के नहीं कटेंगे अंक

Updated at : 23 Sep 2019 6:43 AM (IST)
विज्ञापन
पीएचडी प्रवेश परीक्षा: निगेटिव मार्किंग का है नियम,पर प्रश्न पत्र में लिखा-गलत जवाब के नहीं कटेंगे अंक

पीएचडी प्रवेश परीक्षा के दौरान असमंजस में रहे परीक्षार्थी रांची विवि की पीएचडी प्रवेश परीक्षा में शामिल हुए 2676 परीक्षार्थी 15 अक्तूबर के बाद विवि जारी करेगा रिजल्ट रांची : रांची विश्वविद्यालय में पीएचडी प्रवेश परीक्षा रविवार को शांतिपूर्वक संपन्न हुई. परीक्षा में कुल 3362 परीक्षार्थियों को शामिल होना था, जिसमें से 2676 शामिल हुए. […]

विज्ञापन
पीएचडी प्रवेश परीक्षा के दौरान असमंजस में रहे परीक्षार्थी
रांची विवि की पीएचडी प्रवेश परीक्षा में शामिल हुए 2676 परीक्षार्थी
15 अक्तूबर के बाद विवि जारी करेगा रिजल्ट
रांची : रांची विश्वविद्यालय में पीएचडी प्रवेश परीक्षा रविवार को शांतिपूर्वक संपन्न हुई. परीक्षा में कुल 3362 परीक्षार्थियों को शामिल होना था, जिसमें से 2676 शामिल हुए. परीक्षा में परीक्षार्थियों की उपस्थिति लगभग 80 फीसदी रही है. परीक्षा में निगेटिव मार्किंग को लेकर परीक्षार्थी परेशान रहे. विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा प्रवेश परीक्षा में निगेटिव मार्किंग का प्रावधान किया गया था, जबकि प्रश्न पत्र पर लिखा हुआ था कि प्रत्येक प्रश्न का एक अंक है और गलत उत्तर के लिए कोई अंक नहीं काटे जायेंगे.
परीक्षार्थियों के लिए यह निर्देश परेशानी का सबब बन गया. परीक्षा हॉल में परीक्षार्थी वीक्षक से इस संबंध में जानकारी मांगने लगे. कई परीक्षार्थियों ने प्रश्न पत्र पर दिये गये निर्देश के अनुरूप निगेटिव मार्किंग नहीं होने का प्रावधान मान कर वैसे प्रश्नों के उत्तर दे दिये, जिसे लेकर वह श्योर नहीं थे. प्रावधान के अनुरूप तीन गलत उत्तर पर एक अंक काटा जायेगा.
ओएमआर शीट पर ली गयी परीक्षा
परीक्षा ओएमआर शीट पर ली गयी. परीक्षार्थियों को अोएमआर शीट की कार्बन कॉपी भी नहीं दी गयी. शीट में कार्बन कॉपी नहीं थी. परीक्षार्थियों का कहना था कि कार्बन कॉपी होनी चाहिए थी. जिससे कि बाद में वे अपने उत्तर को मिला सके. कुल 100 अंकों की परीक्षा हुई. 80 अंक के प्रश्न संबंधित विषय से व 20 अंक के प्रश्न रिसर्च मैथेडोलॉजी से पूछे गये थे.
परीक्षा को लेकर 14 परीक्षा केंद्र बनाये गये थे. विश्वविद्यालय की प्रतिकुलपति प्रो. कामिनी कुमार और कुलसचिव डॉ अमर कुमार चौधरी ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया. परीक्षा नियंत्रक डॉ राजेश कुमार और बहुद्देश्यीय परीक्षा भवन के इंचार्ज डॉ अशोक सिंह परीक्षा प्रक्रिया की निगरानी कर रहे थे.
विषय परीक्षार्थी
मानव शास्त्र 74
टीआरएल 41
बंगाली 56
रसायन 47
समाजशास्त्र 75
उर्दू 43
कॉमर्स 582
हिंदी 157
राजनीति शास्त्र 199
गणित 76
गृह विज्ञान 33
भौतिकी 72
वनस्पति शास्त्र/बायो टेक 142
संस्कृत 53
जंतु विज्ञान 136
अंग्रेजी 226
भूगोल 133
इतिहास 220
मनोविज्ञान 132
भूगर्भशास्त्र 21
दर्शन शास्त्र 61
अर्थशास्त्र 97
कॉमर्स में सबसे अधिक 582 परीक्षार्थी
पीएचडी की प्रवेश परीक्षा में रविवार को कॉमर्स विभाग से सबसे अधिक परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए. कॉमर्स विषय से कुल 582 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हो पाये. परीक्षा के दौरान विशेष व्यवस्था की गयी थी.
विश्वविद्यालय मामले पर विचार करेगा
रांची. रांची विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक डॉ राजेश कुमार ने बताया कि पीएचडी एंंट्रेस में निगेटिव मार्किंग का प्रावधान विवि द्वारा किया है. प्रश्न पत्र पहले छप गया था, इस कारण इसमें बदलाव नहीं किया जा सका. परीक्षार्थियों को पहले ही इसके बारे में जानकारी दी गयी थी. प्रश्न पत्र पर गलत उत्तर के लिए अंक नहीं काटे जाने के लिखे होने को लेकर विश्वविद्यालय के द्वारा विचार किया जायेगा.
एक साल बाद हुई परीक्षा
रांची : रांची विवि में पीएचडी प्रवेश परीक्षा की प्रक्रिया सितंबर 2018 में शुरू की गयी थी. इसके बाद विवि द्वारा कई बार फॉर्म जमा करने की तिथि में बढ़ोतरी की गयी. ऐसे में इस बात की संभावना है कि प्रश्न पत्र पहले ही छप गया हो और विवि ने निगेटिव मार्किंग करने का प्रावधान बाद में किया हो. जिससे कि परीक्षा के दौरान रविवार को विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ा.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola