रांची : जस्टिस बीबी मंगलमूर्ति ने कहा, पुस्तकें संतुलित आचरण के लिए करती हैं प्रेरित
Author Prabhat khabar digital desk
Updated:
विज्ञापन

रांची : पुस्तकें जीवन में संतुलित आचरण के लिए प्रेरित करती हैं. यह बात झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति बीबी मंगलमूर्ति ने झारखंड मैथिली मंच द्वारा हरमू स्थित विद्यापति दालान में आयोजित दो दिवसीय मैथिली पुस्तक मेला के उदघाटन कार्यक्रम में कही. उन्होंने कहा कि सरल शब्दों में लिखी किताबें हमें ज्यादा आकर्षित करती […]
विज्ञापन
रांची : पुस्तकें जीवन में संतुलित आचरण के लिए प्रेरित करती हैं. यह बात झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति बीबी मंगलमूर्ति ने झारखंड मैथिली मंच द्वारा हरमू स्थित विद्यापति दालान में आयोजित दो दिवसीय मैथिली पुस्तक मेला के उदघाटन कार्यक्रम में कही.
उन्होंने कहा कि सरल शब्दों में लिखी किताबें हमें ज्यादा आकर्षित करती हैं और जीवन में शांति प्रदान करती हैं. विशिष्ट अतिथि अमिटी विवि के कुलपति डॉ रमन झा ने कहा कि मनुष्य के जीवन का सच्चा मित्र पुस्तक ही है. इससे ज्ञान बढ़ता है और मनुष्य के सोच में विस्तार आता है.
राज्य स्किल डेवलपमेंट मिशन के मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी अमर झा ने कहा कि पढ़ कर अर्जित ज्ञान का उपयोग करने से ही जीवन सार्थक होता है.
मंच के महासचिव भारतेंदु झा ने बताया कि आयोजन का मकसद मिथिला की कला, संस्कृति, भाषा एवं साहित्य को समृद्ध करते हुए गैर मैथिली भाषी साहित्य एवं पुस्तक प्रेमियों को जोड़ना है. कार्यक्रम का शुभारंभ भगवती वंदना जय-जय भैरवी…से हुआ. माधव मिश्रा व स्वाति मिश्रा ने कई मैथिली गीत गाये. अतिथियों का स्वागत पारंपरिक रूप से पाग एवं दोपटा से किया गया.
स्वागत भाषण अध्यक्ष अरुण झा ने व संचालन भारतेन्दु झा ने किया. रविवार को चित्रांकन प्रतियोगिता, अरिपन प्रतियोगिता सहित अन्य कार्यक्रम होंगे. इस अवसर पर जयंत झा, सुबोध चौधरी, रमाकांत मिश्रा, प्रेमचंद्र झा, दयानंद कुमर, बाबूलाल झा, नरेश झा, संतोष मिश्रा, अभय झा, संतोष झा व अन्य लोग उपस्थित थे.
मैथिली द्वितीय राजभाषा पर परिचर्चा व कवि गोष्ठी
कार्यक्रम में मैथिली द्वितीय राजभाषा एक चुनौती विषय पर परिचर्चा का आयोजन किया गया. इसमें जमशेदपुर की संस्था मिथिला सांस्कृतिक परिषद के महासचिव ललन चौधरी, अरुण झा, हजारीबाग से हितनाथ झा व वरिष्ठ साहित्यकार डॉ विद्यानाथ झा ने अपने विचार व्यक्त किये.
परिचर्चा में सहमति बनी कि राज्य कि सभी संस्थाओं को मिल कर मैथिली भाषा की लड़ाई लड़नी होगी, तभी उचित सम्मान एवं स्थान मिलेगा. वहीं, कवि गोष्ठी में डॉ अशोक प्रियदर्शी, निर्भय कुमार मिश्रा, नंदिनी पाठक, मीना लाल विश्वकर्मा, सदानंद सिंह यादव, विनोद कुमार झा और आत्मेश्वर झा ने भाग लिया.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










