झारक्राफ्ट की पूर्व सीइओ रेणु गोपीनाथ पेनिक्कर ने बातचीत में कहा, मैं कहीं नहीं गयी, यहीं हूं और रहूंगी

Updated at : 21 Jul 2018 6:27 AM (IST)
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झारक्राफ्ट की पूर्व सीइओ रेणु गोपीनाथ पेनिक्कर ने बातचीत में कहा, मैं कहीं नहीं गयी, यहीं हूं और रहूंगी

सुनील चौधरी रांची : झारक्राफ्ट की पूर्व सीइओ रेणु गोपीनाथ पेनिक्कर रांची में आ गयी हैं. लालपुर स्थित अपने आवास में ‘प्रभात खबर’ से विशेष बातचीत में उन्होंने कहा : विधानसभा में विपक्ष के नेता मुझे फरार कह रहे हैं. जब मैंने कोई गड़बड़ी की ही नहीं है, तो भला मैं फरार कैसे हो जाऊंगी? […]

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सुनील चौधरी
रांची : झारक्राफ्ट की पूर्व सीइओ रेणु गोपीनाथ पेनिक्कर रांची में आ गयी हैं. लालपुर स्थित अपने आवास में ‘प्रभात खबर’ से विशेष बातचीत में उन्होंने कहा : विधानसभा में विपक्ष के नेता मुझे फरार कह रहे हैं. जब मैंने कोई गड़बड़ी की ही नहीं है, तो भला मैं फरार कैसे हो जाऊंगी? मैं कहीं नहीं गयी, यहीं हूं और यहीं रहूंगी.
श्रीमती पेनिक्कर ने कहा कि झारक्राफ्ट में कंबल खरीद में कोई गड़बड़ी हुई ही नहीं है. दरअसल, कुछ बड़ी कंपनियों के लोग नहीं चाहते कि बुनकरों द्वारा यह काम किया जाये. इसलिए वे लोग कुछ अधिकारियों के साथ मिलकर इसे घोटाला साबित करने में लगे हुए हैं.
मुझे उनकी साजिश का शिकार होना पड़ा, जबकि दोषी कोई और है. उन्होंने कहा कि झारक्राफ्ट के वर्तमान एमडी ने जो सवाल उठाया था, उसका जवाब तैयार कर मैंने उन्हें और मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव सुनील बर्णवाल को भेज दिया है.
बेटी के दाखिले के लिए गयी थी:श्रीमती पेनिक्कर ने कहा : मैं अपनी बेटी का एमबीए में एडमिशन कराने को लेकर कुछ दिनों के लिए शहर से बाहर गयी हुई थी.
चूंकि सरकार कंबल मामले की जांच करा रही थी, तो मैं शांत रहना चाहती थी. उद्योग विभाग द्वारा 28 सदस्यीय जांच दल इस मामले की जांच कर रहा है. उन्होंने बताया कि अप्रैल 2016 में उन्हें झारक्राफ्ट का सीइओ बनाया गया था. वहीं, कंबल बनाने का काम छह-सात माह पहले दिया गया था. तब यह आॅर्डर तत्कालीन एमडी के रवि कुमार ने दिया था.
सरयू राय कैसे आरोप लगा सकते हैं: श्रीमती पेनिक्कर ने कहा : मैं मंत्री सरयू राय को सुलझा हुआ व्यक्ति मानती थी. लेकिन उन्होंने कंबल खरीद को चारा घोटाला जैसा मामला कहा. वे कहते हैं कि कंबल बंटा ही नहीं, तो क्या 24 जिलों के डीसी झूठे हैं. डीसी से पूछें कि कंबल बंटा या नहीं? श्रीमती पेनिक्कर ने यह भी कहा कि के रवि कुमार की ओर से उन्हें अब तक कोई लीगल नोटिस नहीं मिला है.
हेमंत सोरेन सहित अन्य को दी चुनौती कहा, मेरी गलती साबित करें
झारक्राफ्ट की पूर्व श्रीमती पेनिक्कर ने प्रतिपक्ष के नेता हेमंत सोरेन, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष डॉ अजय कुमार, झामुमो नेता सुप्रियो भट्टाचार्य को चुनौती देते हुए कहा कि मेरी गलती साबित करें और मुझे जेल में भिजवायें. मैं भी देख सकूं कि जेल में कंबल बनता है, या नहीं. झारक्राफ्ट ने जेल से भी कंबल तैयार करवाया था.
पूंजीपतियों का खेल है, अधिकारी कमीशन के कारण उनका साथ दे रहे हैं
पूर्व सीइओ ने कहा : मैं बचपन से आरएसएस से जुड़ी हुई हूं और उनकी विचारधारा से प्रभावित होकर भाजपा में आयी थी. गरीबों की सेवा करना चाहती थी, लेकिन पूंजीपतियों ने गहरी साजिश की.
10 लाख कंबल के अॉर्डर से मुझे हाथ धोना पड़ा. झारक्राफ्ट में रहते हुए मैंने कल्याण विभाग से 1.5 लाख साड़ी का अॉर्डर लिया था. यह अॉर्डर अब निजी कंपनियों को चला गया. पूंजीपति यहां खेल कर रहे हैं और अधिकारी कमीशन के कारण उनका साथ दे रहे हैं. समय पर सबका पर्दाफाश होगा.
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