प्रोजेक्ट इंपैक्ट में छह स्कूलों का चयन, 112 स्कूल लेंगे प्रेरणा
Updated at : 05 Jun 2024 4:01 PM (IST)
विज्ञापन

जिले में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा विभाग कई उपाय करने में जुटा है.
विज्ञापन
फोटो::: शहरी क्षेत्र में स्थित सीएम उत्कृष्ट गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल.आरिफ, हजारीबाग
जिले में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा विभाग कई उपाय करने में जुटा है. 118 माध्यमिक स्कूल में छह का चयन प्रोजेक्ट इंपैक्ट में किया गया. छह स्कूल 112 स्कूल के लिए मॉडल बनेंगे. मसलन सीमित संसाधन में जिस प्रकार छह स्कूलों ने बेहतर काम कर प्रोजेक्ट इंपैक्ट में जगह बनायी है ठीक उसी तरह 112 स्कूलों को भी बेहतर काम कर प्रोजेक्ट इंपैक्ट में जगह बनाना है. शहरी क्षेत्र के तीन जिला स्कूल, गवर्नमेंट गर्ल्स, बिहार बालिका, इचाक के एक केएन प्लस टू और पदमा प्रखंड के दो आरएन प्लस टू और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय को प्रोजेक्ट इंपैक्ट में शामिल किया गया है. राज्य परियोजना निदेशक आदित्य रंजन के निर्देश के बाद गठित समिति की जांच रिपोर्ट में सभी छह स्कूलों को प्रोजेक्ट इंपैक्ट में लिया है. राज्य स्तर पर 24 जिले में 82 स्कूल का चयन प्रोजेक्ट इंपैक्ट में किया गया है.क्या है प्रोजेक्ट इंपैक्ट :
सीमित संसाधन में भी विद्यार्थियों की प्रार्थना सभा से लेकर स्कूलों के रखरखाव, मेंटेनेंस, सुरक्षा, विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर परीक्षा परिणाम, मैट्रिक, इंटरमीडिएट व प्लस टू में अच्छा प्रदर्शन सहित स्कूल से जुड़े तमाम गतिविधि के मापदंड को पूरा करने वाले स्कूल को प्रोजेक्ट इंपैक्ट में रखा गया है. इन स्कूलों को मॉडल के रूप में बाकी के स्कूलों में प्रस्तुत किया जायेगा. इस तरह सभी स्कूल का चौमुखी विकास पर फोकस करना शिक्षा विभाग का उद्देश्य है. शिक्षा अधिकारियों का मानना है निजी स्कूलों से अधिक राशि सरकार की ओर से सरकारी स्कूलों के शिक्षण कार्य व विकास पर खर्च हो रहा है. इस हिसाब से स्कूलों को सभी क्षेत्र में बेहतर बनाने का लक्ष्य है.सात सौ शिक्षकों पर छह करोड़ खर्च :
सरकारी दस्तावेज के अनुसार जिले में माध्यमिक व उच्च माध्यमिक मिलाकर 118 स्कूल है. इसमें कार्यरत सात सौ शिक्षक-शिक्षिकाओं के वेतन मद में प्रति महीना लगभग छह करोड़ खर्च है. सबसे अधिक उत्क्रमित उवि की संख्या 85 है. वहीं, राजकीय उवि दो, राजकीय कृत उवि 17 व परियोजना उवि 14 है. इनमें शामिल 49 प्लस टू स्कूल है.कोट
प्रोजेक्ट इंपैक्ट का उद्देश्य सभी स्कूलों को प्रेरित करना है. प्रोजेक्ट इंपैक्ट में शामिल छह स्कूल चेंज मेकर के रूप में प्रस्तुत होंगे. इन स्कूलों को विभिन्न स्थानों पर वॉल ऑफ फेम में सम्मिलित कर प्रदर्शित किया जायेगा. इससे बाकी के सभी स्कूल प्रेरित होकर अपने-अपने विद्यालयों को बेहतर बनाने में सहयोगी बनेंगे.– प्रवीण रंजन, डीइओ, हजारीबाग.B
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




