गोड्डा सदर अस्पताल में दिखने लगा सुधार का असर, व्यवस्थाएं हो रहीं सुदृढ़
Published by : SANJEET KUMAR Updated At : 04 Aug 2025 11:47 PM
हर दिन निरीक्षण, हर विभाग में सुधार, मरीजों को मिल रही राहत
गोड्डा सदर अस्पताल की तस्वीर अब बदलने लगी है. डीसी अंजली यादव की पहल पर अस्पताल व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में लगातार सुधारात्मक कदम उठाये जा रहे हैं. मरीजों को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवा प्रदान करने हेतु अधिकारियों का एक निरीक्षण पैनल गठित किया गया है, जो सप्ताह के सातों दिन अस्पताल की वास्तविक स्थिति का आकलन कर समुचित निर्देश दे रहा है. डीएस डॉ. तारा शंकर झा की पहल पर अब अस्पताल में चिकित्सकों द्वारा मरीजों का फॉलोअप भी किया जा रहा है. ओपीडी में इलाज के बाद शाम के समय डॉक्टर मरीज का दोबारा राउंड लगाकर स्थिति की समीक्षा करते हैं और आवश्यक परामर्श देते हैं. इससे मरीजों व उनके परिजनों को डॉक्टर को खोजने की परेशानी नहीं उठानी पड़ती. पहले सदर अस्पताल में ईसीजी और ट्रोपटी जांच केवल दिन के समय ही होती थी, परंतु अब यह सुविधा रात्रि में भी उपलब्ध करा दी गयी है. चिकित्सकों द्वारा पर्ची पर जांच लिखने के बाद मरीज इन जांचों का रात में भी लाभ उठा सकते हैं, जिससे आपात स्थिति में तत्काल जांच संभव हो पा रही है.
प्रसव वार्ड में एक माह में दिखा सुधार
अस्पताल की प्रसूति सेवाओं में भी उल्लेखनीय सुधार देखा गया है. प्रबंधन मोनाली राय के अनुसार, जून माह में 398 नार्मल व 27 सीजर प्रसव हुए थे, जबकि जुलाई माह में यह आंकड़ा बढ़कर 487 नार्मल व 42 सीजर डिलीवरी तक पहुंच गया. यह प्रसव सुविधा में विश्वास और संसाधनों की मजबूती को दर्शाता है. डॉ. तारा शंकर झा अस्पताल के कार्यों के साथ-साथ मरीजों के प्रति संवेदनशीलता भी दिखा रहे हैं. उन्हें कई बार अस्पताल कार्यालय में ऑफिशियल कार्य निपटाने के साथ-साथ अपने कक्ष में मरीजों का इलाज करते देखा गया है, जिससे मरीज संतुष्टि के साथ घर लौट रहे हैं.डायलिसिस यूनिट से मिल रहा सकारात्मक परिणाम
सदर अस्पताल का डायलिसिस यूनिट भी अब पूरी तरह से सक्रिय है. अस्पताल प्रबंधन के अनुसार जुलाई माह में 15 मरीजों को कुल 110 बार डायलिसिस सेवा दी गयी, जो व्यवस्था में व्यावहारिक सुधार का स्पष्ट संकेत है. सदर अस्पताल में जारी यह सुधारात्मक पहल न केवल मरीजों को राहत पहुंचा रही है, बल्कि स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में एक ठोस कदम भी साबित हो रही है.
—————————————–सदर अस्पताल में मरीजों को पूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने हेतु निरंतर कार्य हो रहा है. रात्रि में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को अब ईसीजी एवं ट्रोपटी जांच की सुविधा दी जा रही है. प्रसव वार्ड में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है और चिकित्सकों द्वारा नियमित राउंड लगाने की प्रक्रिया सतत जारी है. मैं स्वयं राउंड लगाने के साथ-साथ अतिरिक्त समय में अस्पताल की मॉनिटरिंग करता हूं. जल्द ही एक अलग ओपीडी व्यवस्था शुरू की जा रही है, जिसमें डॉक्टरों के साथ मैं स्वयं एवं सिविल सर्जन भी मरीजों को देखेंगे. यदि सभी चिकित्सक प्रतिदिन दो-दो घंटे अतिरिक्त समय ओपीडी को देंगे, तो मरीजों को काफी राहत मिलेगी. सदर अस्पताल हम सभी का है, इसके विकास के लिए आमजन को भी सकारात्मक सोच के साथ प्रबंधन का सहयोग करना चाहिए.
-डॉ. तारा शंकर झा, डीएस, सदर अस्पताल, गोड्डाB
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










