राजमहल कोल परियोजना में प्रदूषण नियंत्रण को लेकर दो अत्याधुनिक मशीनों की शुरुआत

₹70 लाख की लागत से खरीदी गई फॉग कैनन और वैक्यूम स्वीपिंग मशीन, पर्यावरण संरक्षण में होगी कारगर
राजमहल कोल परियोजना द्वारा क्षेत्र में प्रदूषण नियंत्रण और सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से दो अत्याधुनिक मशीनों की खरीद की गयी है. कुल ₹70 लाख की लागत से मंगाई गई फॉग कैनन मशीन और ट्रक माउंटेड वैक्यूम स्वीपिंग मशीन का उपयोग परियोजना कार्यालय के डंपर साइड और आसपास के क्षेत्रों में किया जाएगा. इन मशीनों का उद्घाटन परियोजना के क्षेत्रीय महाप्रबंधक एएन नायक एवं महाप्रबंधक (परिचालन) सतीश मुरारी ने विधिवत पूजा-अर्चना और नारियल फोड़ कर किया. इस अवसर पर पंडितों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शुभारंभ कराया गया. महाप्रबंधक सतीश मुरारी ने बताया कि फॉग कैनन मशीन प्रदूषण नियंत्रण में अत्यंत उपयोगी साबित होगी. यह मशीन 40 से 50 फीट की दूरी तक फॉगिंग कर धूल कणों को नियंत्रित करेगी और परियोजना क्षेत्र के चारों ओर घूमकर कार्य करेगी. वहीं, वैक्यूम स्वीपिंग मशीन ऊर्जा नगर आवासीय कॉलोनी एवं परियोजना क्षेत्र में सड़कों की सफाई और पानी छिड़काव में सहयोग देगी. ईसीएल द्वारा लाई गई यह मशीनें तकनीकी दृष्टिकोण से पूरी तरह आधुनिक हैं और पहली बार परियोजना क्षेत्र में उपयोग में लायी जा रही हैं. फॉग कैनन की कीमत ₹40 लाख और स्वीपिंग मशीन की कीमत ₹30 लाख बतायी गयी है. इस अवसर पर चीफ मैनेजर (उत्खनन) गिरीश कुमार सिंह, अजीत सिंह, विशाल कुमार, गणेश कुमार, विक्रम कुमार सहित कई अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे. यूनियन नेता रामजी साह, बाबूलाल किस्कू और रामसुंदर महतो ने परियोजना प्रबंधन को धन्यवाद देते हुए कहा कि ये मशीनें पर्यावरण संरक्षण में अहम भूमिका निभाएंगी.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




